फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Sirmour News ›   fishes strenth incresing in renuka lake

संकट में मछलियों का जीवन, संख्या बढने से बने हालात

Mon, 05 Jul 2021 11:33 PM IST
Shimla	 Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Mon, 05 Jul 2021 11:33 PM IST
विज्ञापन
fishes strenth incresing in renuka lake
ददाहू (सिरमौर)। प्रसिद्ध धार्मिक स्थल श्री रेणुका जी झील में पल रही मछलियों की अधिक संख्या उनके (मछलियों) अपने जीवन के लिए ही खतरा बन गई है। झील में अत्यधिक मछलियां होने से उनके मरने की आशंका पैदा हो गई है। चूंकि धार्मिक आस्था के चलते यहां पर मछलियों का शिकार नहीं लिया जा सकता लिहाजा, मत्स्य विभाग ने इसकी एक रिपोर्ट तैयार कर जिला प्रशासन और वन्य प्राणी विभाग को भेजकर मछलियां निकालने की सिफारिश की है। इस बारे में एक पत्र उपायुक्त सिरमौर और वन्य प्राणी विभाग के डीएफओ को भेजा गया है।
विज्ञापन

रेणुका झील में 19 प्रजाति की मछलियां पाई गई हैं। इनमें महाशीर की संख्या सबसे अधिक है। पिछले कुछ समय से कैटफिश (सिंगाडा) नामक प्रजाति की मछली ने जहां महाशीर की संख्या को कम कर दिया है। वहीं कैटफिश के बढ़ते प्रभाव से श्रद्धालु और पर्यटक झील में कदम रखने से घबरा रहे हैं।
विज्ञापन

वैज्ञानिकों की ओर से किए गए सर्वेक्षण के अनुसार रेणुका झील में 19 प्रजाति की मछलियां पाई गई हैं जिनमें से सर्वाधिक संख्या महाशीर और कैट फिश नामक मछली की है। शेष प्रजातियां काफी कम मात्रा में है। झील में मछलियां अधिक और रहने के लिए जगह कम होने से इनका जीवन संकट में पड़ सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

वैज्ञानिकों के अनुसार एक मछली के लिए पानी में एक क्यूविक मीटर जगह की जरूरत रहती है लेकिन संख्या अधिक होने के कारण यह जगह नहीं मिल रही। साथ ही झील का जल भी प्रदूषित हो गया है। लिहाजा, इनकी संख्या को कम करना जरूरी है।

बॉक्स के लिए---
मछलियों की संख्या घटाना बेहद जरूरी: चौहान
मत्स्य पालन विभाग के सहायक निदेशक तपेश चौहान ने बताया कि रेणुका झील में पनपने वाली मछलियों का वैज्ञानिक सर्वेक्षण करवाया जा चुका है। इस झील में 19 प्रजाति की मछलियां पाई गई हैं जिनकी संख्या हजारों में हैं। रेणुका झील में मछलियों के रखरखाव और जीवन से संबंधित एक विस्तृत रिपोर्ट तैयार करके जिला प्रशासन को सौंप दी गई है। झील से मछलियों की संख्या को कम करना बेहद जरूरी है अन्यथा मछलियों का जीवन संकट में पड़ सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed