फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Sirmour News ›   सिरमौर के शिलाई में भड़की आरक्षण के खिलाफ चिंगारी

सिरमौर के शिलाई में भड़की आरक्षण के खिलाफ चिंगारी

Mon, 17 Sep 2018 11:00 PM IST
Updated Mon, 17 Sep 2018 11:00 PM IST
विज्ञापन
सिरमौर के शिलाई में भड़की आरक्षण के खिलाफ चिंगारी
शिलाई में राजपूत एवं ब्राह्मणों की बैठक में उमड़ी लोगों की भीड़। - फोटो : अमर उजाला ब्य़ूरो
शिलाई (सिरमौर)। राजस्थान, उत्तरप्रदेश और मध्यप्रदेश सहित आधा दर्जन प्रदेशों के साथ अब हिमाचल में भी एससी-एसटी एक्ट की खिलाफत की चिंगारी भड़कने लगी है। सिर्फ आर्थिक आधार पर आरक्षण देने और एससी-एसटी एक्ट में संशोधन करने की मांग को लेकर सोमवार को सवर्ण जाति के लोगों ने शिलाई में जिला स्तरीय महापंचायत का आयोजन किया। महापंचायत में पूरे जिले से हजारों लोगों ने हिस्सा लिया। राजपूत सभा के अध्यक्ष प्रताप सिंह तोमर, सुरेंद्र हिंदुस्तानी, रघुवीर कपूर, जीत सिंह आदि वक्ताओं ने कहा कि आर्थिक आधार पर आरक्षण दिया जाए। यदि केंद्र सरकार ऐसा नहीं करती है तो सवर्णों की ओर से पूरे देश में आंदोलन किया जाएगा। सवर्ण समुदाय की अगली बैठक जिला मुख्यालय नाहन में होगी। सवर्णों ने एकमत से आरक्षण को खत्म कर केवल आर्थिक आधार पर आरक्षण की मांग बुलंद की। महापंचायत में निर्णय लिया गया कि आरक्षण में मिलने वाले शौचालय, गैस सिलिंडर, राशन कार्ड में छूट, पीएम आवास योजना, निशुल्क बिजली कनेक्शन, नौकरी में आरक्षण के अलावा सभी तरह के जातिगत आरक्षण तुरंत बंद कर केवल आर्थिक आरक्षण रखा जाए। वक्ताओं ने कहा कि प्रदेश में एससी-एसटी के सैकड़ों केस सवर्ण जाति पर बनाए गए हैं, जिसमें 99 प्रतिशत मामले केवल आरक्षण के कारण मिल रही सुविधाओं का लाभ लेने के लिए किए गए हैं। सिर्फ एक्ट का फायदा उठा कर झूठे मामले बनाए गए हैं। इसलिए यदि एक्ट में संशोधन न किया गया तो पूरे देश के हर राज्य में सरकार के खिलाफ आंदोलन की आवाज उठेगी। इस मौके पर स्थानीय नेताओं पर भी महापंचायत ने तंज कसे। कहा कि वर्तमान विधायक और पूर्व विधायक दोनों ही नेता सवर्ण जाति से हैं लेकिन समुदाय की बैठक में कोई भी उपस्थित नहीं होता। भविष्य में यदि ये नेता समुदाय के साथ खड़े नहीं होते हैं तो दोनों ही नेता 85 और 15 प्रतिशत का जोड़ समझ लें। महापंचायत के बाद लोगों ने एसडीएम की मार्फत प्रदेश और केंद्र सरकार को मांगों का ज्ञापन भी भेजा। इस अवसर पर जालम सिंह, नाथूराम, सहीराम, मायाराम, मानसिंह, कल्याण सिंह, संतराम शर्मा, अमर सिंह, बहादुर सिंह, महेंद्र नेंगी, जगत सिंह, भीम सिंह सहित सैकड़ों लोग उपस्थित रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed