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Rampur Bushahar News: नैणी गांव में बाहरी लोगों को भूमि देने के विरोध में उतरे ग्रामीण
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बधाल पंचायत के नैणी गांव में बाहरी लोगों को जमीन देने के विरोध में नायब तहसीलदार को ज्ञापन सौंप
पंचायत ने प्रस्ताव पारित कर सराहन के नायब तहसीलदार को सौंपा
भूमि आवंटन प्रक्रिया के तुरंत रोकने और स्थानीय लोगों के अधिकारों की रक्षा की उठाई मांग
बोले-ग्रामीणों ने परियोजना को दी थी भूमि, अब इस्तेमाल में नहीं हो रही तो ग्रामीणों को हो वापस
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। उपमंडल रामपुर के कोटला में बाहरी लोगों को बसाने के विरोध के बाद अब बधाल पंचायत के नैणी गांव में बाहरी लोगों को जमीन देने के विरोध में ग्रामीण उतर गए हैं। ग्रामीणों ने पंचायत से प्रस्ताव पारित कर सराहन के नायब तहसीलदार को सौंपा है। ग्रामीणों ने मांग उठाई है कि विस्थापितों ने परियोजना निर्माण के लिए यह भूमि दी थी। जब भूमि का इस्तेमाल नहीं हो रहा, तो इस पर सबसे पहला अधिकार ग्रामीणों का है। ग्रामीणों ने भूमि आवंटन को लेकर कड़ी आपत्ति जताई है और प्रशासन से तुरंत भूमि आवंटन प्रक्रिया पर रोक लगाने की मांग की है। रामपुर विकास खंड की बधाल पंचायत में वीरवार को विशेष ग्राम सभा का आयोजन हुआ। पंचायत प्रधान विजय लक्ष्मी की अध्यक्षता में ग्रामीणों ने प्रस्ताव पारित किया, जिसमें पंचायत के गांव नैणी में एसजेवीएन की ओर से दूसरी पंचायत के विस्थापित लोगों को भूमि प्रदान न करने का मामला उठाया। ग्राम सभा में ग्रामीणों ने मामला ध्यान में लाया कि बधाल पंचायत के चक धराली के गांव नैणी में एसजेवीएन की ओर से दूसरी पंचायत के विस्थापित लोगों को भूमि प्रदान की जा चुकी है, जबकि कुछ को दी जानी प्रस्तावित है। इसे लेकर पंचायत के लोगों में भारी रोष है और लोगों ने कड़ी आपत्ति जताई है। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि यहां के लोगों ने प्रोजेक्ट को भूमि विस्थापितों को प्रदान करने के लिए नहीं, बल्कि परियोजना निर्माण के लिए दी थी। यदि एसजेवीएन को वर्तमान में इस भूमि की आवश्यकता नहीं है, तो इसे इस पंचायत के स्थायी निवासियों को वापस किया जाए, न कि इस भूमि पर दूसरी पंचायत के लोगों को बसाया जाए। उन्होंने कहा कि ऐसा करने से इस पंचायत के लोगों के अधिकारों का सीधा सीधा हनन होगा और इससे आने वाले समय में इस पंचायत के लोगों के जीवन में बाधा उत्पन्न होगी। नैणी गांव के ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव तैयार कर नायब तहसीलदार प्रेम सिंह नेगी के माध्यम से उपायुक्त शिमला को आगामी कार्रवाई के लिए भेजा है। ग्रामीणों ने उचित कार्रवाई न होने तक इस भूमि की आवंटन की प्रक्रिया को तुरंत प्रभाव से रोकने और ग्रामीणों के अधिकारों की रक्षा करने की मांग उठाई है। इस मौके पर ग्रामीण रमेश सोनी, तुला राम चौहान, प्रभु नेगी, मनोहर नेगी, सुनील सहित अन्य मौजूद रहे।
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भूमि आवंटन प्रक्रिया के तुरंत रोकने और स्थानीय लोगों के अधिकारों की रक्षा की उठाई मांग
बोले-ग्रामीणों ने परियोजना को दी थी भूमि, अब इस्तेमाल में नहीं हो रही तो ग्रामीणों को हो वापस
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। उपमंडल रामपुर के कोटला में बाहरी लोगों को बसाने के विरोध के बाद अब बधाल पंचायत के नैणी गांव में बाहरी लोगों को जमीन देने के विरोध में ग्रामीण उतर गए हैं। ग्रामीणों ने पंचायत से प्रस्ताव पारित कर सराहन के नायब तहसीलदार को सौंपा है। ग्रामीणों ने मांग उठाई है कि विस्थापितों ने परियोजना निर्माण के लिए यह भूमि दी थी। जब भूमि का इस्तेमाल नहीं हो रहा, तो इस पर सबसे पहला अधिकार ग्रामीणों का है। ग्रामीणों ने भूमि आवंटन को लेकर कड़ी आपत्ति जताई है और प्रशासन से तुरंत भूमि आवंटन प्रक्रिया पर रोक लगाने की मांग की है। रामपुर विकास खंड की बधाल पंचायत में वीरवार को विशेष ग्राम सभा का आयोजन हुआ। पंचायत प्रधान विजय लक्ष्मी की अध्यक्षता में ग्रामीणों ने प्रस्ताव पारित किया, जिसमें पंचायत के गांव नैणी में एसजेवीएन की ओर से दूसरी पंचायत के विस्थापित लोगों को भूमि प्रदान न करने का मामला उठाया। ग्राम सभा में ग्रामीणों ने मामला ध्यान में लाया कि बधाल पंचायत के चक धराली के गांव नैणी में एसजेवीएन की ओर से दूसरी पंचायत के विस्थापित लोगों को भूमि प्रदान की जा चुकी है, जबकि कुछ को दी जानी प्रस्तावित है। इसे लेकर पंचायत के लोगों में भारी रोष है और लोगों ने कड़ी आपत्ति जताई है। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि यहां के लोगों ने प्रोजेक्ट को भूमि विस्थापितों को प्रदान करने के लिए नहीं, बल्कि परियोजना निर्माण के लिए दी थी। यदि एसजेवीएन को वर्तमान में इस भूमि की आवश्यकता नहीं है, तो इसे इस पंचायत के स्थायी निवासियों को वापस किया जाए, न कि इस भूमि पर दूसरी पंचायत के लोगों को बसाया जाए। उन्होंने कहा कि ऐसा करने से इस पंचायत के लोगों के अधिकारों का सीधा सीधा हनन होगा और इससे आने वाले समय में इस पंचायत के लोगों के जीवन में बाधा उत्पन्न होगी। नैणी गांव के ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव तैयार कर नायब तहसीलदार प्रेम सिंह नेगी के माध्यम से उपायुक्त शिमला को आगामी कार्रवाई के लिए भेजा है। ग्रामीणों ने उचित कार्रवाई न होने तक इस भूमि की आवंटन की प्रक्रिया को तुरंत प्रभाव से रोकने और ग्रामीणों के अधिकारों की रक्षा करने की मांग उठाई है। इस मौके पर ग्रामीण रमेश सोनी, तुला राम चौहान, प्रभु नेगी, मनोहर नेगी, सुनील सहित अन्य मौजूद रहे।