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किन्नौर में पर्यटन कारोबार पर पड़ी कोरोना की मार
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सांगला(किन्नौर)। जनजातीय जिला किन्नौर में पर्यटन कारोबार पर इस वर्ष वैश्विक महामारी कोरोना वायरस की मार पड़ी है। करोड़ों रुपये का पर्यटन कारोबार कोरोना की भेंट चढ़ा है। इस वर्ष कोरोना संकट के चलते समूचे भारत वर्ष में पर्यटन कारोबारियों का काम ठप पड़ा हुआ है। ऐसे में प्राकृतिक सुंदरता से सराबोर हिमाचल सहित किन्नौर के कई पर्यटन स्थल सैलानियों के बगैर वीरान पड़े हैं। हिमाचल सहित जिले के पर्यटन कारोबारियों को भी आर्थिक मंदी के दौर से गुजरना पड़ रहा है।
गौर हो कि हर वर्ष हिमाचल और किन्नौर की प्राकृतिक सुंदरता को निहारने के लिए देसी और विदेशी सैलानी पहुंचते हैं। हिमालय में पहुंचकर ट्रैकिंग का आनंद लेने वाले सैलानी भी इन दिनों लगातार पर्यटक कारोबारियों से फोन पर संपर्क कर किन्नौर पहुंचने के लिए लगातार जानकारी हासिल कर रहे हैं। देश और प्रदेश में लगातार कोरोना संक्रमण के मामले बढ़ते जा रहे हैं, जिस कारण पर्यटन का लुत्फ उठाने के लिए सैलानियों के रास्ते रुक रहे हैं। अब यह देखना है कि पर्यटन कारोबार कब तक पटरी पर उतरता है।
किन्नौर होटल एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष मोहन प्रकाश नेगी, महासचिव मुकेश रोमदारी, उपाध्यक्ष जीतराम नेगी, मीडिया प्रभारी जियालाल नेगी, वरिष्ठ सलाहकार रघुवीर सिंह नेगी, भीष्म सिंह ठाकुर, कुलदीप नेगी सहित अन्य लोगों ने कहा कि सरकार की ओर से पर्यटन कारोबारियों के लिए कोई सख्ती और मनाही नहीं की गई है, लेकिन किन्नौर और स्पीति के लोगों ने एहतियात के तौर पर सैलानियों की आवाजाही पर रोक लगा रखी है। कोरोना संक्रमण पर नियंत्रण या फिर वैक्सीन न बनने तक पर्यटन कारोबारियों में भय बना रहेगा।
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उधर, जिला पर्यटन अधिकारी एवं एसडीएम कल्पा डॉ. अवनिंदर कुमार शर्मा ने कहा कि इस वर्ष कोरोना महामारी से पर्यटन कारोबारी आर्थिक मंदी के दौर से गुजर रहे हैं। संक्रमण पर काबू पाने के बाद ही पर्यटन व्यवसाय को पंख लगेंगे।
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गौर हो कि हर वर्ष हिमाचल और किन्नौर की प्राकृतिक सुंदरता को निहारने के लिए देसी और विदेशी सैलानी पहुंचते हैं। हिमालय में पहुंचकर ट्रैकिंग का आनंद लेने वाले सैलानी भी इन दिनों लगातार पर्यटक कारोबारियों से फोन पर संपर्क कर किन्नौर पहुंचने के लिए लगातार जानकारी हासिल कर रहे हैं। देश और प्रदेश में लगातार कोरोना संक्रमण के मामले बढ़ते जा रहे हैं, जिस कारण पर्यटन का लुत्फ उठाने के लिए सैलानियों के रास्ते रुक रहे हैं। अब यह देखना है कि पर्यटन कारोबार कब तक पटरी पर उतरता है।
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किन्नौर होटल एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष मोहन प्रकाश नेगी, महासचिव मुकेश रोमदारी, उपाध्यक्ष जीतराम नेगी, मीडिया प्रभारी जियालाल नेगी, वरिष्ठ सलाहकार रघुवीर सिंह नेगी, भीष्म सिंह ठाकुर, कुलदीप नेगी सहित अन्य लोगों ने कहा कि सरकार की ओर से पर्यटन कारोबारियों के लिए कोई सख्ती और मनाही नहीं की गई है, लेकिन किन्नौर और स्पीति के लोगों ने एहतियात के तौर पर सैलानियों की आवाजाही पर रोक लगा रखी है। कोरोना संक्रमण पर नियंत्रण या फिर वैक्सीन न बनने तक पर्यटन कारोबारियों में भय बना रहेगा।
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उधर, जिला पर्यटन अधिकारी एवं एसडीएम कल्पा डॉ. अवनिंदर कुमार शर्मा ने कहा कि इस वर्ष कोरोना महामारी से पर्यटन कारोबारी आर्थिक मंदी के दौर से गुजर रहे हैं। संक्रमण पर काबू पाने के बाद ही पर्यटन व्यवसाय को पंख लगेंगे।