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Rampur Bushahar News: रोहड़ू क्षेत्र में ओलावृष्टि से बागवानों को 1.45 करोड़ रुपये का नुकसान
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एक सप्ताह में ओलावृष्टि से सेब, नाशपाती सहित अन्य नगदी फसलों को पहुंची भारी क्षति
संवाद न्यूज एजेंसी
रोहड़ू। उपमंडल राेहड़ू के अंतर्गत विभिन्न पंचायतों में बीते एक सप्ताह में ओलावृष्टि से सेब, नाशपाती समेत अन्य नगदी फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। हालत यह है कि कई क्षेत्रों में भारी ओलावृष्टि से बागवानों की साल भर की मेहनत पर पानी फिर गया है। उद्यान विभाग ने क्षेत्र में 1.45 करोड़ रुपये के नुकसान का आकलन किया गया है। क्षेत्र में ओलावृष्टि का सिलसिला एक सप्ताह से चला है। कई स्थानों पर ओलावृष्टि इतनी तेज हुई है कि कुछ देर में ही जमीन पर ओलों से सफेद चादर बिछ गई है। इससे सेब के पौधों से पत्ते और फल कटकर जमीन पर गिर गए। इसके अलावा शेष सेब के दाने ओलों से फट गए हैं। फल दागी होने से अब मंडियों में इसके बागवानों को उचित दाम भी नहीं मिलेंगे। उपमंडल के अंतर्गत छौहारा क्षेत्र और राेहडू क्षेत्र के दर्जनों गांव ऐसे है, जहां ओलों ने काफी नुकसान पहुंचाया है। इसको लेकर बागवानों की चिंताएं बढ़ गई है। गौर हो कि सेब की फसल पर सालभर काफी अधिक खर्चा आता है। ऐसे में ओलावृष्टि से फसल को नुकसान होने से उनके लिए सालभर का खर्चा निकालना मुश्किल हो गया है। उद्यान विभाग के विषयवाद विशेषज्ञ डाॅ. संजय कुमार ने बताया कि कुछ दिनों में ओलावृष्टि से सेब और नाशपाती की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। विभाग ने करीब 1.45 करोड़ रुपये के नुकसान का आंकलन किया है। नुकसान की रिपोर्ट तैयार करके विभाग के उच्च अधिकारियों को भेज दी गई है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
रोहड़ू। उपमंडल राेहड़ू के अंतर्गत विभिन्न पंचायतों में बीते एक सप्ताह में ओलावृष्टि से सेब, नाशपाती समेत अन्य नगदी फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। हालत यह है कि कई क्षेत्रों में भारी ओलावृष्टि से बागवानों की साल भर की मेहनत पर पानी फिर गया है। उद्यान विभाग ने क्षेत्र में 1.45 करोड़ रुपये के नुकसान का आकलन किया गया है। क्षेत्र में ओलावृष्टि का सिलसिला एक सप्ताह से चला है। कई स्थानों पर ओलावृष्टि इतनी तेज हुई है कि कुछ देर में ही जमीन पर ओलों से सफेद चादर बिछ गई है। इससे सेब के पौधों से पत्ते और फल कटकर जमीन पर गिर गए। इसके अलावा शेष सेब के दाने ओलों से फट गए हैं। फल दागी होने से अब मंडियों में इसके बागवानों को उचित दाम भी नहीं मिलेंगे। उपमंडल के अंतर्गत छौहारा क्षेत्र और राेहडू क्षेत्र के दर्जनों गांव ऐसे है, जहां ओलों ने काफी नुकसान पहुंचाया है। इसको लेकर बागवानों की चिंताएं बढ़ गई है। गौर हो कि सेब की फसल पर सालभर काफी अधिक खर्चा आता है। ऐसे में ओलावृष्टि से फसल को नुकसान होने से उनके लिए सालभर का खर्चा निकालना मुश्किल हो गया है। उद्यान विभाग के विषयवाद विशेषज्ञ डाॅ. संजय कुमार ने बताया कि कुछ दिनों में ओलावृष्टि से सेब और नाशपाती की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। विभाग ने करीब 1.45 करोड़ रुपये के नुकसान का आंकलन किया है। नुकसान की रिपोर्ट तैयार करके विभाग के उच्च अधिकारियों को भेज दी गई है।