फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Rampur Bushahar News ›   rampur news, people, start, open, gumma baghi road,

Rampur Bushahar News: सेब सीजन के लिए खुद सड़क बहाल करने में जुटे ग्रामीण

Mon, 24 Jul 2023 11:02 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Mon, 24 Jul 2023 11:02 PM IST
विज्ञापन
कोटखाई (रोहड़ू)। दस पंचायतों को जोड़ने वासी गुम्मा-बाघी-रेवघाटी सड़क को जब एक सप्ताह बीतने के बाद भी बहाल नहीं किया गया तो क्षेत्र के लोग इसे खुद बहाल करने के लिए उतर गए हैं। इस दौरान सैकड़ों लोगों ने सड़क को दुरुस्त करने के लिए श्रमदान किया। सड़कों की खस्ताहालत के चलते ग्रामीणों को सेब सीजन की चिंता सताने लगी है। हालांकि क्षेत्र में सेब सीजन कुछ दिनों में रफ्तार पकड़ेगा।
विज्ञापन


ऐसे में ग्रामीण क्षेत्रों में सड़कों की खस्ताहालत बागवानों के लिए परेशानी का सबब बन गई है। कोटखाई के उबादेश क्षेत्र की लाइफ लाइन गुम्मा-बाघी-रेवघाटी सड़क बीते एक सप्ताह से बंद है। लचर व्यवस्था और मार्गों की दयनीय स्थिति को देखते हुए ग्रामीणों को स्वंय सड़कों को दुरुस्त करने के लिए उतरना पड़ रहा है। सोमवार को सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण खल्टूनाला में क्षतिग्रस्त सड़क की मरम्मत के लिए एकत्रित हुए। इस दौरान दिनभर ग्रामीण दिनभर सड़क बहाल और दुरुस्त करने में जुटे रहे।
विज्ञापन


वर्तमान में मार्ग को छोटे वाहनों के योग्य बनाया गया। क्षेत्र के बागवान ज्ञान ठाकुर, संजीव राजटा, अशोक जस्टा, पंकज चौहान, सुनील चौहान, विशाल, गुलाब सिंह, सुंदर डोगरा, अशोक सघैईक, विकास काल्टा, अनिल हागटा ने बताया कि सड़काें की हालत बदतर है। ग्रामीणाें को सड़कों की मरम्मत के लिए खुद कार्य करना पड़ रहा है। उन्होंने मांग उठाई कि सेब सीजन को सुचारू रूप से चलाने के लिए सड़कों की दशा शीघ्र सुधारी जाए। लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता अखिल चौहान ने बताया कि गुम्मा-बाघी-रेवघाटी सड़क को खोलने का कार्य किया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


कई सड़कों पर यातायात बहाल कर दिया गया है। भाजपा प्रदेश प्रवक्ता चेतन बरागटा ने बताया कि सड़कों की स्थिति बद से बदतर बनी हुई है। सेब सीजन शुरू हो गया है लेकिन प्रदेश सरकार लोगों को राहत देने और सड़कों को सुधारने के स्थान पर बजट न होने का रोना रो रही है। मामले की गंभीरता को देखते हुए सेब बहुल क्षेत्रों में मशीनों की संख्या को बढ़ाया जाना चाहिए। इसके अलावा जो ग्रामीण सड़कें टूट गई हैं, वहां पर तुरंत डंगे लगाने की व्यवस्था की जानी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed