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महिलाओं, दुग्ध उत्पादकों का प्रदेश सरकार क रही शोषण : महेंद्र
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संवाद न्यूज एजेंसी
आनी (कुल्लू)। हिमाचल प्रदेश की सुक्खू सरकार महिलाओं और दुग्ध उत्पादकों का शोषण कर रही है। झूठी गारंटी के नाम पर सत्ता में आई सुक्खू सरकार महिलाओं के लिए 1,500 रुपये की घोषणा अभी तक झूठी साबित हुई है। वहीं दुग्ध उत्पादकों से 80 रुपये प्रति लीटर दूध लेने की बात करके वर्तमान समय में 20 रुपये प्रति लीटर के आदेश जारी कर दिए हैं। जिला कुल्लू के भाजपा प्रवक्ता डॉ. महेंद्र सिंह ठाकुर ने प्रेस को जारी बयान में कहा कि कम एसएनएफ वाले दूध के मूल्य को तय करना दुग्ध उत्पादकों के साथ छलावा है। जो चुनावी घोषणा पत्र में दूध के दाम को 80 रुपये प्रति लीटर करने की बातें करते थे, आज वो दूध के एनएसएफ में मामूली सी कमी होने की वजह दूध के दाम को 20 रुपये फ्लेट करके क्षेत्र के बागवानों के साथ मजाक कर रहे हैं। आमतौर पर सर्दियों के मौसम में हरा चारा न होने की वजह से प्राकृतिक तौर पर दूध का एनएसएफ घट जाता है। ऐसे में इसमें लो एनएसएफ वाले दूध के रेट को फिक्स करने की क्या नौबत आ गई। जनता आने वाले लोकसभा चुनाव में दुग्ध उत्पादकों के साथ किए गए इस खिलवाड़ का जवाब देगी।
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आनी (कुल्लू)। हिमाचल प्रदेश की सुक्खू सरकार महिलाओं और दुग्ध उत्पादकों का शोषण कर रही है। झूठी गारंटी के नाम पर सत्ता में आई सुक्खू सरकार महिलाओं के लिए 1,500 रुपये की घोषणा अभी तक झूठी साबित हुई है। वहीं दुग्ध उत्पादकों से 80 रुपये प्रति लीटर दूध लेने की बात करके वर्तमान समय में 20 रुपये प्रति लीटर के आदेश जारी कर दिए हैं। जिला कुल्लू के भाजपा प्रवक्ता डॉ. महेंद्र सिंह ठाकुर ने प्रेस को जारी बयान में कहा कि कम एसएनएफ वाले दूध के मूल्य को तय करना दुग्ध उत्पादकों के साथ छलावा है। जो चुनावी घोषणा पत्र में दूध के दाम को 80 रुपये प्रति लीटर करने की बातें करते थे, आज वो दूध के एनएसएफ में मामूली सी कमी होने की वजह दूध के दाम को 20 रुपये फ्लेट करके क्षेत्र के बागवानों के साथ मजाक कर रहे हैं। आमतौर पर सर्दियों के मौसम में हरा चारा न होने की वजह से प्राकृतिक तौर पर दूध का एनएसएफ घट जाता है। ऐसे में इसमें लो एनएसएफ वाले दूध के रेट को फिक्स करने की क्या नौबत आ गई। जनता आने वाले लोकसभा चुनाव में दुग्ध उत्पादकों के साथ किए गए इस खिलवाड़ का जवाब देगी।