फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Rampur Bushahar News ›   Principals who have passed the examination will be accommodated

परीक्षा उत्तीर्ण कर चुके प्रधानाचार्यों को किया जाएगा समायोजित : एसोसिएशन

Thu, 21 May 2026 11:11 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Thu, 21 May 2026 11:11 PM IST
विज्ञापन
सीबीएसई स्कूलों में प्रधानाचार्यों की तैनाती को लेकर मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी
चौपाल(रोहड़ू)। प्रदेश के स्कूलों को सीबीएसई का दर्जा मिलने से विद्यार्थियों को बेहतर और केंद्रीय स्तर की शिक्षा मिलने की सुविधा मिलेगी। हालांकि, अभी तक प्रधानाचार्य के लिए निर्धारित परीक्षा पास करने के बाद भी उनकी तैनाती के संबंध में कोई अधिसूचना जारी नहीं हो पाई है, जिससे ऐसे प्रधानाचार्यों में दुविधा की स्थिति है। निर्धारित परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले प्रधानाचार्य को वर्तमान विद्यालयों में ही समायोजित करने की एसोसिएशन ने मांग उठाई है। हिमाचल प्रदेश में सीबीएसई पैटर्न अपनाने वाले विद्यालयों में प्रधानाचार्यों की तैनाती को लेकर एसोसिएशन ऑफ स्कूल प्रिंसिपल एवं इंस्पेक्शन ऑफिसर्स ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं। प्रदेश अध्यक्ष हरि शर्मा की ओर से भेजे गए ज्ञापन में कहा गया है कि राज्य सरकार की ओर से विद्यालयों को सीबीएसई पैटर्न में परिवर्तित करने के निर्णय का एसोसिएशन स्वागत करती है, लेकिन प्रधानाचार्यों की तैनाती के दौरान कई अधिकारी परेशान हैं और नए स्टेशन की तलाश में असमंजस की स्थिति बनी हुई है। ज्ञापन में बताया गया कि शिक्षा विभाग की ओर से लागू आयु सीमा के कारण प्रदेश के लगभग 1100 प्रधानाचार्य स्क्रीनिंग टेस्ट के लिए पात्र नहीं हो पाए हैं, जिससे वे अपनी तैनाती को लेकर चिंतित हैं। एसोसिएशन ने सरकार से मांग की है कि जिन प्रधानाचार्यों ने निर्धारित परीक्षा उत्तीर्ण की है, उन्हें वर्तमान विद्यालयों में ही समायोजित किया जाए। इसके अलावा सेवानिवृत्ति के निकट पहुंचे प्रधानाचार्यों को स्थानांतरण से राहत देने, स्क्रीनिंग टेस्ट उत्तीर्ण अधिकारियों का राज्य स्तरीय पूल बनाने तथा अनावश्यक प्रशासनिक परेशानियों से बचाने की मांग भी उठाई गई है। एसोसिएशन ने कहा कि बार-बार स्थानांतरण से वरिष्ठ अधिकारियों का मनोबल प्रभावित होता है और इससे विद्यालयों की कार्यप्रणाली पर भी असर पड़ता है। ज्ञापन में सरकार से शिक्षा एवं कर्मचारी हित में सकारात्मक निर्णय लेने का आग्रह किया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed