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Rampur Bushahar News: लंबे समय से बारिश न होने से बागवान चिंतित, बागवानी कार्य रुके
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जमीन से नमी गायब होने से सता रही आर्थिक नुकसान की चिंता
संवाद न्यूज एजेंसी
कोटखाई (रोहड़ू)। काफी लंबे समय से बारिश न होने के कारण बागवानों की चिंताएं बढ़ती जा रही हैं। बारिश के अभाव में बागवानी से जुड़े कई कार्य पूरी तरह से रुक गए हैं। सूखे की स्थिति के चलते बगीचों की जमीन में जगह-जगह दरारें पड़ने लगी हैं, जिससे मिट्टी अत्यधिक सख्त हो गई है।
बागवान सुनील शर्मा, नीरज ठाकुर, जोगिंद्र चौहान और सौरभ गांगटा ने बताया कि बरसात के मौसम के बाद क्षेत्र में बारिश नहीं हो पाई है। जमीन में नमी न होने के कारण खेतों और बगीचों की मिट्टी कठोर हो चुकी है, जिससे न तो खाद डाली जा रही है और न ही गोबर खाद का प्रयोग संभव हो पा रहा है। अगर मौसम इसी तरह से रहा तो पौधे सूखना शुरू हो जाएंगे। जो पौधे पहले से ही बीमारी से ग्रस्त हैंउन पर इस मौसम का विपरीत असर पड़ रहा है जिससे बागवानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। बागवानों का कहना है कि यदि जल्द बारिश नहीं हुई तो आने वाली फसलों पर इसका गंभीर असर पड़ सकता है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
कोटखाई (रोहड़ू)। काफी लंबे समय से बारिश न होने के कारण बागवानों की चिंताएं बढ़ती जा रही हैं। बारिश के अभाव में बागवानी से जुड़े कई कार्य पूरी तरह से रुक गए हैं। सूखे की स्थिति के चलते बगीचों की जमीन में जगह-जगह दरारें पड़ने लगी हैं, जिससे मिट्टी अत्यधिक सख्त हो गई है।
बागवान सुनील शर्मा, नीरज ठाकुर, जोगिंद्र चौहान और सौरभ गांगटा ने बताया कि बरसात के मौसम के बाद क्षेत्र में बारिश नहीं हो पाई है। जमीन में नमी न होने के कारण खेतों और बगीचों की मिट्टी कठोर हो चुकी है, जिससे न तो खाद डाली जा रही है और न ही गोबर खाद का प्रयोग संभव हो पा रहा है। अगर मौसम इसी तरह से रहा तो पौधे सूखना शुरू हो जाएंगे। जो पौधे पहले से ही बीमारी से ग्रस्त हैंउन पर इस मौसम का विपरीत असर पड़ रहा है जिससे बागवानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। बागवानों का कहना है कि यदि जल्द बारिश नहीं हुई तो आने वाली फसलों पर इसका गंभीर असर पड़ सकता है।
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