{"_id":"5f5bb2d18ebc3e37bc4014ff","slug":"hospital-rampur-hp-news-sml3448008104","type":"story","status":"publish","title_hn":"नवजात की मौत पर बिफरे परिजन, खनेरी अस्पताल में किया हंगामा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नवजात की मौत पर बिफरे परिजन, खनेरी अस्पताल में किया हंगामा
विज्ञापन
रामपुर बुशहर। खनेरी अस्पताल में शुक्रवार को अव्यवस्था का एक और कारनामा देखने को मिला। वीरवार देर रात को प्रसव के बाद हुई नवजात की मौत को लेकर परिजनों ने शुक्रवार को अस्पताल के बाहर हंगामा कर दिया। परिजनों ने ड्यूटी पर तैनात मेडिकल स्टाफ की गिरफ्तारी की मांग उठाई। नवजात के पिता ने डॉक्टर और स्टाफ पर उसके साथ मारपीट करने का आरोप भी लगाया है। जब हंगामा काफी बढ़ गया तो मौके पर एसडीएम सुरेंद्र मोहन और डीएसपी अभिमन्यु वर्मा पहुंचे और उन्होंने मामले को शांत करवाया।
गौरतलब है कि दो दिन पूर्व ननखड़ी तहसील की कलेड़ा मझेवटी पंचायत के घाट गांव से गर्भवती महिला खनेरी अस्पताल पहुंची थी। वीरवार रात को उसे प्रसव के लिए लेबर रूम ले जाया गया। यहां प्रसव के बाद मेडिकल स्टाफ परिजनों को बच्चा नॉर्मल होने का हवाला देता रहा, जबकि परिजनों को बच्चे को देखने नहीं दिया गया। आरोप लगाया कि जब नवजात के पिता कृष्ण चंद ने लेबर रूम में जाकर जानकारी लेनी चाही, तो उसके साथ मेडिकल स्टाफ ने मारपीट की। कृष्ण चंद ने कहा कि वीरवार शाम करीब चार बजे उनकी पत्नी को प्रसव के लिए लेबर रूम ले जाया गया। यहां चिकित्सक ने सामान्य डिलीवरी होने की बात कही, लेकिन आधी रात को करीब 12 बजे जब उसने लेबर रूप के अंदर से जानकारी मांगी तो यहां उसे बताया गया कि नवजात मृत पैदा हुआ है। खबर सुनते ही परिजनों ने अंसतोष जताया। उन्होंने आरोप लगाया कि चिकित्सक बार-बार सामान्य प्रसव होने की बात कर रहे थे, तो फिर कैसे बच्चा मरा हुआ पैदा हुआ? परिजनों ने डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ पर उनके बच्चे की हत्या करने का आरोप लगाया है। नवजात के परिजनों ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करने की मांग की है। पुलिस ने नवजात का शव लेकर पोस्टमार्टम के लिए शिमला भेजा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का खुलासा होगा।
खनेरी अस्पताल के एमएस डॉ. नरेंद्र कुमार मेहता ने बताया कि वीरवार को दो व्यक्ति लेबर रूम में घुस गए, जिनमें से एक तो नशे की हालत में था और लेबर रूम में वीडियो बनाने लगा। यहां दो महिलाएं प्रसव के लिए लाई गई थीं। नियमों की अवहेलना करने पर दोनों को वहां से बाहर निकाला गया। प्रसव के दौरान बच्चे को बचाने की चिकित्सक ने भरपूर कोशिश की थी।
विज्ञापन
उधर, मौके पर पहुंचे एसडीएम ने पीड़ित परिवार को कानूनी कार्रवाई अमल में लाने का आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा कि प्रभावित परिवार को जल्द न्याय दिलाया जाएगा।
विज्ञापन
गौरतलब है कि दो दिन पूर्व ननखड़ी तहसील की कलेड़ा मझेवटी पंचायत के घाट गांव से गर्भवती महिला खनेरी अस्पताल पहुंची थी। वीरवार रात को उसे प्रसव के लिए लेबर रूम ले जाया गया। यहां प्रसव के बाद मेडिकल स्टाफ परिजनों को बच्चा नॉर्मल होने का हवाला देता रहा, जबकि परिजनों को बच्चे को देखने नहीं दिया गया। आरोप लगाया कि जब नवजात के पिता कृष्ण चंद ने लेबर रूम में जाकर जानकारी लेनी चाही, तो उसके साथ मेडिकल स्टाफ ने मारपीट की। कृष्ण चंद ने कहा कि वीरवार शाम करीब चार बजे उनकी पत्नी को प्रसव के लिए लेबर रूम ले जाया गया। यहां चिकित्सक ने सामान्य डिलीवरी होने की बात कही, लेकिन आधी रात को करीब 12 बजे जब उसने लेबर रूप के अंदर से जानकारी मांगी तो यहां उसे बताया गया कि नवजात मृत पैदा हुआ है। खबर सुनते ही परिजनों ने अंसतोष जताया। उन्होंने आरोप लगाया कि चिकित्सक बार-बार सामान्य प्रसव होने की बात कर रहे थे, तो फिर कैसे बच्चा मरा हुआ पैदा हुआ? परिजनों ने डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ पर उनके बच्चे की हत्या करने का आरोप लगाया है। नवजात के परिजनों ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करने की मांग की है। पुलिस ने नवजात का शव लेकर पोस्टमार्टम के लिए शिमला भेजा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का खुलासा होगा।
विज्ञापन
खनेरी अस्पताल के एमएस डॉ. नरेंद्र कुमार मेहता ने बताया कि वीरवार को दो व्यक्ति लेबर रूम में घुस गए, जिनमें से एक तो नशे की हालत में था और लेबर रूम में वीडियो बनाने लगा। यहां दो महिलाएं प्रसव के लिए लाई गई थीं। नियमों की अवहेलना करने पर दोनों को वहां से बाहर निकाला गया। प्रसव के दौरान बच्चे को बचाने की चिकित्सक ने भरपूर कोशिश की थी।
विज्ञापन
उधर, मौके पर पहुंचे एसडीएम ने पीड़ित परिवार को कानूनी कार्रवाई अमल में लाने का आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा कि प्रभावित परिवार को जल्द न्याय दिलाया जाएगा।