फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Rampur Bushahar News ›   Government Institute of Polytechnic, Shimla made a project on 'Hardware Implementation of Green Building'

Rampur Bushahar News: ग्रीन बिल्डिंग पर प्रोजेक्ट तैयार कर प्रशिक्षुओं ने बताया कैसे प्रदूषण रहित होगा पर्यावरण

Wed, 26 Jun 2024 11:56 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Wed, 26 Jun 2024 11:56 PM IST
विज्ञापन
Government Institute of Polytechnic, Shimla made a project on 'Hardware Implementation of Green Building'
प्रोजेक्ट के साथ पालिटेक्निक कालेज रोहडू के छात्र
राजकीय बहुतकनीकी संस्थान रोहड़ू के प्रशिक्षुओं ने 'ग्रीन बिल्डिंग के हार्डवेयर कार्यान्वयन' पर बनाया प्रोजेक्ट, प्रकाशित हुआ शोध
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी


रोहड़ू। राजकीय बहुतकनीकी संस्थान के प्रशिक्षुओं ने “आइओटी तकनीक” का उपयोग करके 'ग्रीन बिल्डिंग के हार्डवेयर कार्यान्वयन' विषय पर एक प्रोजेक्ट तैयार किया है। इस प्रोजेक्ट पर इलेक्ट्रॉनिक्स और संचार(ईसीई) ट्रैड के प्रशिक्षुओं ने शिक्षक इंजीनियर मनीष चौहान के साथ डिप्लोमा स्तर पर शोध प्रकाशित कर महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। यह प्रोजेक्ट भविष्य में समाज के लिए बहुत उपयोगी रहेगा। अपने इस प्रोजेक्ट के जरिये प्रशिक्षुओं ने कंक्रीट की आधुनिक दुनिया में पर्यावरण संरक्षण और प्रकृति की खूबसूरती को कैसे बचाया जाए, इस पर शोध किया है। यह प्रोजेक्ट सौर ऊर्जा के माध्यम से वर्षा के पानी का भंडारण करने में सहयोगी होगा। साथ ही वर्षा के पानी का सिंचाई के लिए उपयोग करने में भी सहायता करेगा। प्रोजेक्ट से बारिश के जल का इस्तेमाल घरों में विभिन्न कार्यों के लिए किया जा सकेगा। ग्रीन बिल्डिंग पर आधारित प्रोजेक्ट से पर्यावरण प्रदूषण को भी कम किया जा सकेगा। प्रशिक्षुओं ने अपने शिक्षक इंजीनियर मनीष चौहान के साथ अपने इस शोध को प्रतिष्ठित “इंटरनेशनल जर्नल फॉर रिसर्च इन एप्लाइड साइंस एंड इंजीनियरिंग टेक्नोलॉजी” में प्रकाशित किया है। इस प्रोजेक्ट को बनाने वाले प्रशिक्षु लवली विजय, स्पर्श वर्मा, अमिश कुमार, रिशु, धनंजय शर्मा और हरीश ठाकुर हैं। राजकीय बहुतकनीकी संस्थान रोहड़ू के प्रधानाचार्य इंजीनियर राकेश शर्मा ने इस उपलब्धि के लिए शिक्षक मनीष चौहान और प्रोजेक्ट को बनाने वाले छात्रों को इस उपलब्धि के लिए बधाई दी है। उन्होंने कहा कि इस तरह के अनुसंधान गतिविधियों से प्रशिक्षुओं का मनोबल बढ़ता है। यह उपलब्धि केवल मात्र विद्यार्थियों की योग्यता और कड़ी मेहनत का नतीजा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed