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बागवानों को नुकसान से बचाने के लिए बनेगी नीति
Updated Sun, 25 Feb 2018 10:31 PM IST
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मंत्री
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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अमर उजाला ब्यूरो
ठियोग (रामपुर बुशहर)।
ठियोग पहुंचने पर रविवार को जनजातीय विकास एवं कृषि मंत्री डॉ. रामलाल मारकंडा का कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया। मंत्री ने बताया कि हर वर्ष सेब बागवानों को बाहरी राज्यों से आने वाले व्यापारी करोड़ों रुपये की चपत लगाते हैं। ऐसा सिर्फ जिला शिमला में ही नहीं, बल्कि प्रदेश भर में होता है। इसके लिए सरकार जल्द ही स्थायी नीति बनाएगी।
मंत्री ने रविवार को कुठार में कम्युनिटी रेडियो स्टेशन का उद्घाटन भी किया। इससे बागवानों और किसानों को लाभ होगा। उन्होंने कहा कि पराला मंडी में सभी मूलभूत सुविधाओं को प्रदान किया जाएगा। इसके अलावा मात्र तीन महीने चलने वाली पराला मंडी को नौ महीनों के लिए खोला जाएगा। मंत्री ने कुठार में वेजिटेबल कलेक्शन सेंटर खोलने, किसान भवन बनाने की घोषणा भी की। मंत्री ने बताया कि पूर्व सरकार ने बिना बजट के क्षेत्र में मंडियों के शिलान्यास कर मजाक बना दिया। वर्तमान सरकार सभी मापदंडों को पूरा करने के बाद ही मंडियां खोलेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में मौसम के सूखे को लेकर सरकार पूरी तरह से गंभीर है। बागवानों, किसानों को मुआवजा देने को लेकर भी सरकार संघर्ष कर रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में बागवानों एवं किसानों की परेशानियों से निपटने के लिए एक व्हाट्सऐप नंबर भी लागू कर दिया है, जिससे 48 घंटों में लोगों की समस्याओं का समाधान निकाला जाएगा। इस दौरान चौपाल क्षेत्र के विधायक बलवीर वर्मा, अनुसूचित जाति मोर्चा के अध्यक्ष दुनी चंद कश्यप, महासू जिला के अध्यक्ष संजय वर्मा, तहसीलदार नारायण वर्मा आदि विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
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ठियोग (रामपुर बुशहर)।
ठियोग पहुंचने पर रविवार को जनजातीय विकास एवं कृषि मंत्री डॉ. रामलाल मारकंडा का कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया। मंत्री ने बताया कि हर वर्ष सेब बागवानों को बाहरी राज्यों से आने वाले व्यापारी करोड़ों रुपये की चपत लगाते हैं। ऐसा सिर्फ जिला शिमला में ही नहीं, बल्कि प्रदेश भर में होता है। इसके लिए सरकार जल्द ही स्थायी नीति बनाएगी।
मंत्री ने रविवार को कुठार में कम्युनिटी रेडियो स्टेशन का उद्घाटन भी किया। इससे बागवानों और किसानों को लाभ होगा। उन्होंने कहा कि पराला मंडी में सभी मूलभूत सुविधाओं को प्रदान किया जाएगा। इसके अलावा मात्र तीन महीने चलने वाली पराला मंडी को नौ महीनों के लिए खोला जाएगा। मंत्री ने कुठार में वेजिटेबल कलेक्शन सेंटर खोलने, किसान भवन बनाने की घोषणा भी की। मंत्री ने बताया कि पूर्व सरकार ने बिना बजट के क्षेत्र में मंडियों के शिलान्यास कर मजाक बना दिया। वर्तमान सरकार सभी मापदंडों को पूरा करने के बाद ही मंडियां खोलेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में मौसम के सूखे को लेकर सरकार पूरी तरह से गंभीर है। बागवानों, किसानों को मुआवजा देने को लेकर भी सरकार संघर्ष कर रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में बागवानों एवं किसानों की परेशानियों से निपटने के लिए एक व्हाट्सऐप नंबर भी लागू कर दिया है, जिससे 48 घंटों में लोगों की समस्याओं का समाधान निकाला जाएगा। इस दौरान चौपाल क्षेत्र के विधायक बलवीर वर्मा, अनुसूचित जाति मोर्चा के अध्यक्ष दुनी चंद कश्यप, महासू जिला के अध्यक्ष संजय वर्मा, तहसीलदार नारायण वर्मा आदि विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
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