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21 वर्षों में नहीं बन पाई डेढ़ किलोमीटर सड़क
Updated Sun, 09 Dec 2018 09:31 PM IST
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21 वर्षों में नहीं बन पाई डेढ़ किलोमीटर सड़क
आधुनिक दौर में भी सड़क सुविधा से वंचित काफनू गांव के लोग
एक हजार से अधिक की आबादी को नहीं सड़क
अमर उजाला ब्यूरो
सांगला(किन्नौर)। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत जहां प्रदेश के 250 की आबादी वाले गांव सड़क सुविधा से जुड़ चुके हैं, वहीं आधुनिकता के इस दौर में भी किन्नौर जिले के काफनू गांव के लोग आज भी सड़क सुविधा से वंचित हैं। एक हजार से अधिक की आबादी वाले इस गांव के लोग आज भी सड़क सुविधा के लिए टकटकी लगाए हुए हैं। वर्ष 1996 से इस गांव को सड़क सुविधा से जोड़ने की कवायद चल रही है, लेकिन सरकार और विभाग की नाकामी के कारण आज भी इस गांव को सड़क नहीं बन पाई है।
किन्नौर जिले की भावावैली की काफनू पंचायत के एक हजार से अधिक की आबादी आजादी के सात दशक बीत जाने के बाद भी सड़क सुविधा से महरूम है। आज भी इस पंचायत के लोग 2 किलोमीटर पैदल सफर कर अपनी जरूरत का सामान पीठ पर ढोकर ले जाने को मजबूर हैं। वर्ष 1996-97 में काफनू कॉलोनी से गांव तक ब्लॉक ने जीप योग्य सड़क खोली थी और कुछ समय तक यहां छोटे वाहन भी चले, लेकिन इसके बाद सरकार, जिला प्रशासन और लोक निर्माण विभाग की लापरवाही के चलते बीते 21 वर्षों में डेढ़ किलोमीटर सड़क का निर्माण नहीं हो पाया है।
वर्ष 2002 में काफनू गांव में आगजनी की घटना में डेढ़ दर्जन से अधिक मकान आग की भेंट चढ़ गए थे, लेकिन यदि गांव के लिए सड़क बनी होती तो आगजनी पर काबू पाया जा सकता था।
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काफनू पंचायत की स्नेह प्रभा नेगी, महिला मंडल प्रधान नारायण भगती नेगी, कृष्ण नेगी, संजय नेगी, जयराम नेगी, रितेश नेगी, प्रमोद नेगी, सुरेंद्र नेगी सहित अन्य ग्रामीणों ने प्रदेश सरकार, जिला प्रशासन और लोनिवि से जल्द काफनू गांव को सड़क सुविधा से जोड़ने की मांग की है।
लोक निर्माण विभाग भावानगर के एक्सईएन आरएल चौहान ने बताया कि काफनू सड़क को खोलने के लिए बजट का प्रावधान है। जल्द ही विभाग टेंडर लगवाकर नए सिरे से सड़क निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।
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आधुनिक दौर में भी सड़क सुविधा से वंचित काफनू गांव के लोग
एक हजार से अधिक की आबादी को नहीं सड़क
अमर उजाला ब्यूरो
सांगला(किन्नौर)। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत जहां प्रदेश के 250 की आबादी वाले गांव सड़क सुविधा से जुड़ चुके हैं, वहीं आधुनिकता के इस दौर में भी किन्नौर जिले के काफनू गांव के लोग आज भी सड़क सुविधा से वंचित हैं। एक हजार से अधिक की आबादी वाले इस गांव के लोग आज भी सड़क सुविधा के लिए टकटकी लगाए हुए हैं। वर्ष 1996 से इस गांव को सड़क सुविधा से जोड़ने की कवायद चल रही है, लेकिन सरकार और विभाग की नाकामी के कारण आज भी इस गांव को सड़क नहीं बन पाई है।
किन्नौर जिले की भावावैली की काफनू पंचायत के एक हजार से अधिक की आबादी आजादी के सात दशक बीत जाने के बाद भी सड़क सुविधा से महरूम है। आज भी इस पंचायत के लोग 2 किलोमीटर पैदल सफर कर अपनी जरूरत का सामान पीठ पर ढोकर ले जाने को मजबूर हैं। वर्ष 1996-97 में काफनू कॉलोनी से गांव तक ब्लॉक ने जीप योग्य सड़क खोली थी और कुछ समय तक यहां छोटे वाहन भी चले, लेकिन इसके बाद सरकार, जिला प्रशासन और लोक निर्माण विभाग की लापरवाही के चलते बीते 21 वर्षों में डेढ़ किलोमीटर सड़क का निर्माण नहीं हो पाया है।
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वर्ष 2002 में काफनू गांव में आगजनी की घटना में डेढ़ दर्जन से अधिक मकान आग की भेंट चढ़ गए थे, लेकिन यदि गांव के लिए सड़क बनी होती तो आगजनी पर काबू पाया जा सकता था।
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काफनू पंचायत की स्नेह प्रभा नेगी, महिला मंडल प्रधान नारायण भगती नेगी, कृष्ण नेगी, संजय नेगी, जयराम नेगी, रितेश नेगी, प्रमोद नेगी, सुरेंद्र नेगी सहित अन्य ग्रामीणों ने प्रदेश सरकार, जिला प्रशासन और लोनिवि से जल्द काफनू गांव को सड़क सुविधा से जोड़ने की मांग की है।
लोक निर्माण विभाग भावानगर के एक्सईएन आरएल चौहान ने बताया कि काफनू सड़क को खोलने के लिए बजट का प्रावधान है। जल्द ही विभाग टेंडर लगवाकर नए सिरे से सड़क निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।