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सापनी में पैर फिसलने से बुजुर्ग की मौत
Updated Sun, 18 Nov 2018 09:35 PM IST
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सांगला(किन्नौर)। किन्नौर जिले की ग्राम पंचायत सापनी में शनिवार देर शाम को एक बुजुर्ग की अचानक पैर फिसलने से मौत हो गई। हादसे के समय यदि बुजुर्ग को एंबुलेंस सेवा का लाभ मिल जाता तो उसकी जान बच सकती थी। पुलिस ने मामला दर्ज कर हादसे की छानबीन शुरू कर दी है।
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक नाथूराम नेगी (75) निवासी सापनी अपने घर के आसपास टहल रहा था कि अचानक ही उसका पैर फिसला और वह नीचे जा गिरा। परिजनों और ग्रामीणों ने घायल को तुरंत अस्पताल पहुंचाने के लिए 108 एंबुलेंस को फोन किया, लेकिन 108 कर्मियों ने मार्ग संकीर्ण होने का हवाला देकर एंबुलेंस सेवा न भेजने की बात कही। ऐसे में ग्रामीणों ने घायल को करीब 9 किलोमीटर दूर कड़छम तक निजी वाहन से पहुंचाया। कड़छम से बुजुर्ग को एंबुलेंस में क्षेत्रीय अस्पताल रिकांगपिओ पहुंचाया गया, जहां उसे प्राथमिक उपचार देने के बाद रामपुर खनेरी अस्पताल पहुंचाया गया। खनेरी अस्पताल में शनिवार देर रात को चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मामले की पुष्टि करते हुए एसपी किन्नौर साक्षी वर्मा ने कहा कि प्राथमिक जांच में गिरने से ही बुजुर्ग की मौत हुई लग रही है। पोस्टमाटर्म रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है। पैरा लीगल स्वयं सेवक ग्राम पंचायत सापनी धर्मसेन नेगी, ग्रामीण अशोक नेगी, देवराज नेगी, भजन लाल नेगी, सोहन लाल नेगी, टेकचंद नेगी, भगतपुर नेगी, देवचंद नेगी सहित अन्य ग्रामीणों ने कहा कि 108 के समय पर सापनी न पहुंचने के कारण बुजुर्ग की मौत हो गई।
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बीएमओ सांगला डॉ. वैंकट नेगी ने कहा कि वर्ष 2013 को जिले में हुई भारी बारिश से सापनी सड़क क्षतिग्रस्त और संकीर्ण हो गई थी। तंग सड़क पर बड़ी एंबुलेंस को भेजना किसी बड़े खतरे से कम नहीं है। कड़छम से रिकांगपिओ तक बुजुर्ग को एंबुलेंस सेवा मुहैया करवाई गई।
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पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक नाथूराम नेगी (75) निवासी सापनी अपने घर के आसपास टहल रहा था कि अचानक ही उसका पैर फिसला और वह नीचे जा गिरा। परिजनों और ग्रामीणों ने घायल को तुरंत अस्पताल पहुंचाने के लिए 108 एंबुलेंस को फोन किया, लेकिन 108 कर्मियों ने मार्ग संकीर्ण होने का हवाला देकर एंबुलेंस सेवा न भेजने की बात कही। ऐसे में ग्रामीणों ने घायल को करीब 9 किलोमीटर दूर कड़छम तक निजी वाहन से पहुंचाया। कड़छम से बुजुर्ग को एंबुलेंस में क्षेत्रीय अस्पताल रिकांगपिओ पहुंचाया गया, जहां उसे प्राथमिक उपचार देने के बाद रामपुर खनेरी अस्पताल पहुंचाया गया। खनेरी अस्पताल में शनिवार देर रात को चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
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मामले की पुष्टि करते हुए एसपी किन्नौर साक्षी वर्मा ने कहा कि प्राथमिक जांच में गिरने से ही बुजुर्ग की मौत हुई लग रही है। पोस्टमाटर्म रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है। पैरा लीगल स्वयं सेवक ग्राम पंचायत सापनी धर्मसेन नेगी, ग्रामीण अशोक नेगी, देवराज नेगी, भजन लाल नेगी, सोहन लाल नेगी, टेकचंद नेगी, भगतपुर नेगी, देवचंद नेगी सहित अन्य ग्रामीणों ने कहा कि 108 के समय पर सापनी न पहुंचने के कारण बुजुर्ग की मौत हो गई।
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बीएमओ सांगला डॉ. वैंकट नेगी ने कहा कि वर्ष 2013 को जिले में हुई भारी बारिश से सापनी सड़क क्षतिग्रस्त और संकीर्ण हो गई थी। तंग सड़क पर बड़ी एंबुलेंस को भेजना किसी बड़े खतरे से कम नहीं है। कड़छम से रिकांगपिओ तक बुजुर्ग को एंबुलेंस सेवा मुहैया करवाई गई।