फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Politics: Jairam says, approach of election year causes chaos in the govt and a stir among officials.

राजनीति: जयराम बोले- चुनावी साल की आहट से सरकार में अफरातफरी, अफसरों में खलबली

Thu, 03 Sep 2026 09:31 PM IST
Krishan Singh अमर उजाला ब्यूरो, शिमला।
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला। Published by: Krishan Singh Updated Thu, 03 Sep 2026 09:31 PM IST
सार

मानसून सत्र खत्म होते ही नेता विपक्ष जयराम ठाकुर ने कांग्रेस सरकार पर सियासी हमला बोला। आरोप लगाया कि चुनावी वर्ष की आहट के साथ सरकार में अफरातफरी और अधिकारियों में खलबली का माहौल है।

विज्ञापन
Politics: Jairam says, approach of election year causes chaos in the govt and a stir among officials.
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर। - फोटो : संवाद

विस्तार

विधानसभा का मानसून सत्र खत्म होते ही नेता विपक्ष जयराम ठाकुर ने कांग्रेस सरकार पर सियासी हमला बोला। आरोप लगाया कि चुनावी वर्ष की आहट के साथ सरकार में अफरातफरी और अधिकारियों में खलबली का माहौल है। विपक्ष ने पूरे सत्र में जनहित के मुद्दों को गंभीरता से उठाया और चर्चा के लिए प्रस्ताव भी लाए, लेकिन सरकार की ओर से किसी भी मुद्दे पर संतोषजनक जवाब नहीं मिला। गुरुवार शाम को विधानसभा परिसर में मीडिया से बात करते हुए जयराम ने कहा कि मुख्यमंत्री जैसे ही दिल्ली रवाना हुए, विधानसभा सत्र में गंभीरता ही खत्म हो गई। अधिकारी दीर्घा लगभग खाली रही और वरिष्ठ अधिकारी सदन में नजर नहीं आए।

विज्ञापन

उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि इससे साफ है कि अधिकारी भी समझ चुके हैं कि प्रदेश चुनावी वर्ष में प्रवेश कर चुका है। कहा कि मुख्यमंत्री के बाद मंत्री भी दिल्ली चले गए। लगता है, कुछ बड़ा होने वाला है। जयराम ने सरकार के कामकाज पर सवाल उठाते हुए कहा कि अब तक सरकार ने सदन में जितने बड़े बिल लाए, उनमें से कई को हाईकोर्ट ने निरस्त किया है। उनके मुताबिक यह सरकार की कार्यप्रणाली और कानूनी तैयारी पर गंभीर सवाल खड़े करता है। नेता विपक्ष ने मुख्यमंत्री सुक्खू और उद्योग मंत्री के बीच तालमेल की कमी का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश की राजनीति में ऐसा पहली बार देखने को मिला है, जब मुख्यमंत्री स्वयं सांविधानिक पद पर रहते हुए विपक्ष की आवाज दबाने के लिए धरना-प्रदर्शन में तख्ती लेकर सड़क पर उतर आए। उन्होंने मुख्यमंत्री को पद की मर्यादा बनाए रखने की नसीहत दी।

विज्ञापन
विज्ञापन

पांच लाख नौकरियों के वादे पर भी निशाना
रोजगार के मुद्दे पर सरकार को घेरते हुए जयराम ने कहा कि कांग्रेस ने पांच साल में पांच लाख सरकारी और पक्की पेंशन वाली नौकरियां देने का वादा किया था, लेकिन सरकार के अपने आंकड़े ही इस दावे की पोल खोल रहे हैं। उन्होंने कहा कि रोजगार के नए अवसर पैदा करने के बजाय सरकार ने उन्हें खत्म कर दिया। भाजपा सरकार के समय शुरू की गई हिमकेयर, सहारा, गृहिणी और स्वावलंबन जैसी लोकप्रिय योजनाओं को राजनीतिक प्रतिशोध की भावना से बंद किया गया। दावा किया कि कांग्रेस सरकार ने चार साल में करीब 48 हजार करोड़ रुपये का अतिरिक्त कर्ज लिया है। कर्ज लेने के मामले में सरकार पुराने रिकॉर्ड तोड़ने की ओर बढ़ रही है। आज की तारीख में प्रदेश पर करीब 1.18 लाख करोड़ रुपये का कर्ज हो चुका है, लेकिन इसके बावजूद विकास धरातल पर नजर नहीं आ रहा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed