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Mandi News: यह कैसा व्यवस्था सुधार, आठ किलोमीटर दूर मर्ज कर दिया स्कूल

Wed, 21 Aug 2024 07:17 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी Updated Wed, 21 Aug 2024 07:17 PM IST
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What kind of system reform is this, schools eight kilometers away were merged.
प्राथमिक स्कूल चेला प्रथम को दूसरी जगह मर्ज करने का विरोध
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अभिभावक बोले- अपने बच्चों को चेला स्कूल में ही छोड़ेंगे, आगे की जिम्मेदारी विभाग स्वयं लेे
संवाद न्यूज एजेंसी
पधर (मंडी)। शिक्षा विभाग की ओर से प्राथमिक पाठशालाओं को दूसरी जगह मर्ज करने की सूची निकाली गई है। इस सूची में शिक्षा खंड द्रंग द्वितीय के प्राथमिक स्कूल चेला प्रथम को प्राथमिक विद्यालय चेला द्वितीय में मर्ज किया गया है। इसका विरोध अभिभावकों और ग्रामीणों ने किया है। उनका कहना है कि यह कैसा व्यवस्था सुधार है। बिना हकीकत जाने ही स्कूल को आठ किलोमीटर दूर मर्ज कर दिया है।
अभिभावकों और ग्रामीणों का कहना है कि 8 अगस्त को स्कूल प्रबंधन समिति की बैठक में यह प्रस्ताव पारित किया गया था कि पाठशाला चेला प्रथम से दूसरे स्कूल की दूरी लगभग 8 किलोमीटर है। बीच में नाले और जंगल का रास्ता है। यहां के लिए आने जाने का भी कोई साधन नहीं है। ऐसी स्थिति में छोटे बच्चों को इतनी दूर भेजना संभव नहीं है। 9 अगस्त को उक्त प्रस्ताव खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय द्रंग द्वितीय के कार्यालय में दिया गया, जबकि सरकार ने मर्ज करने की शर्त दो किलोमीटर बताई थी, लेकिन शिक्षा विभाग ने बिना जमीनी हकीकत पता लगाए ही स्कूल को दूसरी जगह मर्ज कर दिया है।
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अभिभावक उर्मिला देवी, प्रमिला देवी, हरीश कुमार सहित अन्य लोगों ने कहा कि विभाग को खुद मौके पर आकर जमीनी हकीकत जानकर ही यह फैसला लेना चाहिए था। लोगों को कहना है कि लगभग 1 साल पहले यहां पर कोई भी अध्यापक नहीं था। इस कारण स्कूल में किसी भी नए छात्र का नामांकन नहीं हो पाया। करीब एक साल साल पहले ही नियमित अध्यापक की नियुक्ति स्कूल में हुई है। अभिभावकों का कहना है कि वे खेती-बाड़ी और मजदूरी करके ही घर का गुजारा करते हैं और दूर बच्चों को छोड़ने जाए्ं, ऐसा रोज संभव नहीं हो सकेगा। ऐसे में वह अपने बच्चे चेला प्रथम स्कूल तक ही छोड़ेंगे। आगे की जिम्मेदारी शिक्षा विभाग पर रहेगी। क्योंकि शिक्षा अधिनियम 2009 के तहत बच्चों को शिक्षा प्राप्त करना बच्चों का मौलिक अधिकार है।
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