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Mandi News: विजिलेंस ने रिश्वत लेते दबोचा पटवारी, शिकायतकर्ता से मांगे थे 10 हजार रुपये
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मंडी। राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की टीम ने मंडी जिले के उप तहसील छत्तरी के तहत गुड़ा कंढीधार पटवार सर्किल में तैनात पटवारी राजेश कुमार को रिश्वत लेते रंगे हाथ दबोचा। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी पटवारी ने शिकायतकर्ता से होम लोन लेने के लिए जमीन मॉडगेज करवाने की एवज में 10 हजार रुपये रिश्वत मांगी थी।
शिकायकर्ता ने बीते चार जुलाई को पहली किस्त के रूप में पांच हजार रुपये दे दिए थे। जबकि दूसरी किस्त में तीन हजार रुपये में बात बनी थी। दूसरी किस्त की रिश्वत लेते हुए विजिलेंस टीम ने पटवार सर्किल में ही पटवारी को पकड़ लिया।
जानकारी के अनुसार विभागीय इंस्पेक्टर विनोद ठाकुर और उनकी टीम को भ्रष्टाचार के संबंध में एक सरकारी कर्मचारी के खिलाफ सूचना मिली। इसमें शिकायतकर्ता चुराग स्कूल में बतौर चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी तैनात भाग चंद निवासी गांव बरसोआ डाकघर शंकर देहरा तहसील थुनाग जिला मंडी ने आरोप लगाया था कि पटवार सकिल गुड़ा कढ़ीधार (अतिरिक्त कार्यभार) पटवारी राजेश कुमार ने राजस्व संबंधी कार्यों के बदले 10 हजार रुपये की मांग की थी।
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इस पर उसने बीते चार जुलाई को पटवारी राजेश कुमार को पांच हजार रुपये दे दिए थे। दूसरी किस्त में पांच हजार के बजाय तीन हजार रुपये में बात तय हुई थी। यह राशि पटवारी ने छह जुलाई यानी शनिवार को सौंपने के लिए कहा था। इन आरोपों की विभिन्न माध्यम से तथ्यों की पुष्टि की और जाल बिछाया। इसमें पटवारी राजेश कुमार को पटवार सर्किल में ही रिश्वत की रकम तीन हजार रुपये के साथ रंगे हाथों पकड़ा गया। वहीं, डीएसपी विजिलेंस प्रियंक गुप्ता ने बताया कि आरोपी पटवारी राजेश कुमार के खिलाफ विजिलेंस पुलिस थाना मंडी में केस दर्ज कर लिया गया है। इस मामले की जांच इंस्पेक्टर विनोद ठाकुर को सौंपी गई है।
उधर, राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो मध्य खंड के पुलिस अधीक्षक कुलभूषण वर्मा ने बताया कि मामले में नियमानुसार जांच चल रही है। आरोपी पटवारी के संबंध में अन्य सभी तरह के तथ्य खंगाले जाएंगे।
झूठे दस्तावेज से नौकरी लेने के मामले में खंगाला जाएगा रिकॉर्ड
पशुपालन विभाग में झूठे दस्तावेज से फार्मासिस्ट पद पर नौकरी लेने के मामले में भी केस दर्ज करने के बाद विजिलेंस की जांच जारी है। अब इस मामले से जुड़े सभी दस्तावेजों को खंगाला जाएगा। बता दें कि इस मामले में नौकरी हथियाने वाले आरोपी अनूप कुमार के अलावा तत्कालीन विभागीय निदेशक व एक पटवारी को भी आरोपी बनाया गया है।
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शिकायकर्ता ने बीते चार जुलाई को पहली किस्त के रूप में पांच हजार रुपये दे दिए थे। जबकि दूसरी किस्त में तीन हजार रुपये में बात बनी थी। दूसरी किस्त की रिश्वत लेते हुए विजिलेंस टीम ने पटवार सर्किल में ही पटवारी को पकड़ लिया।
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जानकारी के अनुसार विभागीय इंस्पेक्टर विनोद ठाकुर और उनकी टीम को भ्रष्टाचार के संबंध में एक सरकारी कर्मचारी के खिलाफ सूचना मिली। इसमें शिकायतकर्ता चुराग स्कूल में बतौर चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी तैनात भाग चंद निवासी गांव बरसोआ डाकघर शंकर देहरा तहसील थुनाग जिला मंडी ने आरोप लगाया था कि पटवार सकिल गुड़ा कढ़ीधार (अतिरिक्त कार्यभार) पटवारी राजेश कुमार ने राजस्व संबंधी कार्यों के बदले 10 हजार रुपये की मांग की थी।
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इस पर उसने बीते चार जुलाई को पटवारी राजेश कुमार को पांच हजार रुपये दे दिए थे। दूसरी किस्त में पांच हजार के बजाय तीन हजार रुपये में बात तय हुई थी। यह राशि पटवारी ने छह जुलाई यानी शनिवार को सौंपने के लिए कहा था। इन आरोपों की विभिन्न माध्यम से तथ्यों की पुष्टि की और जाल बिछाया। इसमें पटवारी राजेश कुमार को पटवार सर्किल में ही रिश्वत की रकम तीन हजार रुपये के साथ रंगे हाथों पकड़ा गया। वहीं, डीएसपी विजिलेंस प्रियंक गुप्ता ने बताया कि आरोपी पटवारी राजेश कुमार के खिलाफ विजिलेंस पुलिस थाना मंडी में केस दर्ज कर लिया गया है। इस मामले की जांच इंस्पेक्टर विनोद ठाकुर को सौंपी गई है।
उधर, राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो मध्य खंड के पुलिस अधीक्षक कुलभूषण वर्मा ने बताया कि मामले में नियमानुसार जांच चल रही है। आरोपी पटवारी के संबंध में अन्य सभी तरह के तथ्य खंगाले जाएंगे।
झूठे दस्तावेज से नौकरी लेने के मामले में खंगाला जाएगा रिकॉर्ड
पशुपालन विभाग में झूठे दस्तावेज से फार्मासिस्ट पद पर नौकरी लेने के मामले में भी केस दर्ज करने के बाद विजिलेंस की जांच जारी है। अब इस मामले से जुड़े सभी दस्तावेजों को खंगाला जाएगा। बता दें कि इस मामले में नौकरी हथियाने वाले आरोपी अनूप कुमार के अलावा तत्कालीन विभागीय निदेशक व एक पटवारी को भी आरोपी बनाया गया है।