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Mandi News: मरीजों के इंतजार में कबाड़ हो गईं दो बाइक एंबुलेंस
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जोनल अस्पताल मंडी की पार्किंग में खुले आसमान के नीचे पार्क किए बाइक एंबुलेंस। संवाद
मंडी। जोनल अस्पताल में सालों से पार्क दो बाइक एंबुलेंस मरीजों के इंतजार में कबाड़ हो गई हैं। न तो इनकी उचित देख रेख हो पा रही है और न ही इस्तेमाल में लाया जा रहा है। ये एंबुलेंस शहर की गलियों और तंग रास्तों वाले इलाकों से मरीजों को अस्पताल पहुंचाने और ले जाने के लिए स्वास्थ्य विभाग को मिली थीं। पूर्व भाजपा सरकार के कार्यकाल में वर्ष 2018 में तत्कालीन मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने जीवन धारा बाइक एंबुलेंस योजना का शिमला में शुभारंभ किया था। इसमें मंडी जिले के लिए दो बाइक एंबुलेंस मिली थीं। बाइक एंबुलेंस में स्ट्रेचर और फर्स्ट एड बॉक्स की सुविधा है। इसके जरिये संकरी गलियों में सुगमता से मरीजों तक पहुंच बनाना था। इसके शुरू होने पर बाइक एंबुलेंस को मात्र ट्रायल के तौर पर ही शहर की सड़कों पर चलाया गया।
अब उपयोग न होने के चलते इन्हें अस्पताल परिसर में यहां से वहां पार्क किया जा रहा है। मौजूदा समय में इन्हें जोनल अस्पताल परिसर में खुले आसमान के नीचे पार्क किया गया है। शरारती तत्वों की ओर से इनके कलपुर्जों को चुरा लिया गया है। बाइक में लगी लाइट, शीशे और सायरन क्षतिग्रस्त हो चुके हैं। इसमें लगे स्ट्रेचर भी खराब हो गए हैं।
वरिष्ठ नागरिक सभा के संयोजक नीरज हांडा, पेंशनर सभा के प्रधान जयराम, अशोक कुमार, अश्वनी, चंपा रानी आदि ने कहा कि मंडी शहर की तंग गलियों में बाइक एंबुलेंस से मरीजों को आसानी से अस्पताल पहुंचाया जा सकता है। आपातकाल में एंबुलेंस की मांग करने पर हर बार 108 सेवा को ही भेजा जाता है जो शहर की तंग गलियों में नहीं पहुंच पाती है। मरीजों को तंग गलियों से स्ट्रेचर की मदद से निकाल कर अस्पताल पहुंचाया जाता है।
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हाल ही में कार्यभार संभाला है। अभी इसके बारे में जानकारी नहीं है। फिर भी अधिकारियों से जानकारी ली जाएगी। इसके बाद ही कुछ निर्णय लिया जा सकेगा।
-डाॅ. दीपाली शर्मा, मुख्य चिकित्सा अधिकारी मंडी
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अब उपयोग न होने के चलते इन्हें अस्पताल परिसर में यहां से वहां पार्क किया जा रहा है। मौजूदा समय में इन्हें जोनल अस्पताल परिसर में खुले आसमान के नीचे पार्क किया गया है। शरारती तत्वों की ओर से इनके कलपुर्जों को चुरा लिया गया है। बाइक में लगी लाइट, शीशे और सायरन क्षतिग्रस्त हो चुके हैं। इसमें लगे स्ट्रेचर भी खराब हो गए हैं।
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वरिष्ठ नागरिक सभा के संयोजक नीरज हांडा, पेंशनर सभा के प्रधान जयराम, अशोक कुमार, अश्वनी, चंपा रानी आदि ने कहा कि मंडी शहर की तंग गलियों में बाइक एंबुलेंस से मरीजों को आसानी से अस्पताल पहुंचाया जा सकता है। आपातकाल में एंबुलेंस की मांग करने पर हर बार 108 सेवा को ही भेजा जाता है जो शहर की तंग गलियों में नहीं पहुंच पाती है। मरीजों को तंग गलियों से स्ट्रेचर की मदद से निकाल कर अस्पताल पहुंचाया जाता है।
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हाल ही में कार्यभार संभाला है। अभी इसके बारे में जानकारी नहीं है। फिर भी अधिकारियों से जानकारी ली जाएगी। इसके बाद ही कुछ निर्णय लिया जा सकेगा।
-डाॅ. दीपाली शर्मा, मुख्य चिकित्सा अधिकारी मंडी