{"_id":"6919a495c814eea9a905e88e","slug":"training-workshop-on-fra-on-18-19-mandi-news-c-90-1-mnd1001-176297-2025-11-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mandi News: एफआरए पर प्रशिक्षण कार्यशाला 18-19 को","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mandi News: एफआरए पर प्रशिक्षण कार्यशाला 18-19 को
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
थुनाग (मंडी)। सराज में वनों पर निर्भर परिवारों के लिए एक महत्वपूर्ण पहल शुरू हो रही है। वन अधिकार अधिनियम (एफआरए), 2006 के प्रभावी क्रियान्वयन और इन परिवारों के अधिकारों को मजबूत बनाने के लिए दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला 18 और 19 नवंबर को आयोजित की जा रही है। यह कार्यशाला उपमंडल स्तरीय समिति (एसडीएलसी) के अध्यक्ष सह एसडीएम बालीचौकी के नेतृत्व में हो रही है।
18 नवंबर को सराज के गाड़ागुशैण के लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह में ग्राम पंचायत थाचाधार, जुफरकोट, घाट और खौली की 12 वन अधिकार समितियों के सदस्य प्रशिक्षण लेंगे। विकास खंड कार्यालय में बाली चौकी, खणी, देवदार, माणी और कांढा पंचायतों की 12 समितियों के सदस्य शामिल होंगे। इनके साथ राजस्व विभाग, वन विभाग के अधिकारी, पंचायत सचिव और पंचायती राज प्रतिनिधि भी भाग लेंगे। प्रशिक्षण का संचालन पीपुल्स फॉर हिमालयन डेवलपमेंट के विशेषज्ञ करेंगे, जिसमें संदीप मिन्हास मुख्य संसाधन व्यक्ति होंगे। प्रशिक्षण का मुख्य फोकस व्यक्तिगत वन अधिकार (आईएफआर) दावों को त्वरित, पारदर्शी और सही ढंग से पूरा करना है।
विज्ञापन
थुनाग (मंडी)। सराज में वनों पर निर्भर परिवारों के लिए एक महत्वपूर्ण पहल शुरू हो रही है। वन अधिकार अधिनियम (एफआरए), 2006 के प्रभावी क्रियान्वयन और इन परिवारों के अधिकारों को मजबूत बनाने के लिए दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला 18 और 19 नवंबर को आयोजित की जा रही है। यह कार्यशाला उपमंडल स्तरीय समिति (एसडीएलसी) के अध्यक्ष सह एसडीएम बालीचौकी के नेतृत्व में हो रही है।
18 नवंबर को सराज के गाड़ागुशैण के लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह में ग्राम पंचायत थाचाधार, जुफरकोट, घाट और खौली की 12 वन अधिकार समितियों के सदस्य प्रशिक्षण लेंगे। विकास खंड कार्यालय में बाली चौकी, खणी, देवदार, माणी और कांढा पंचायतों की 12 समितियों के सदस्य शामिल होंगे। इनके साथ राजस्व विभाग, वन विभाग के अधिकारी, पंचायत सचिव और पंचायती राज प्रतिनिधि भी भाग लेंगे। प्रशिक्षण का संचालन पीपुल्स फॉर हिमालयन डेवलपमेंट के विशेषज्ञ करेंगे, जिसमें संदीप मिन्हास मुख्य संसाधन व्यक्ति होंगे। प्रशिक्षण का मुख्य फोकस व्यक्तिगत वन अधिकार (आईएफआर) दावों को त्वरित, पारदर्शी और सही ढंग से पूरा करना है।
विज्ञापन