{"_id":"6ae4e6a34d9d4bfe8e0337f4","slug":"siya-murder-case-trial-completed-in-three-months-statements-of-43-witnesses-recorded-mandi-news-c-90-1-ssml1045-219844-2026-10-31","type":"story","status":"publish","title_hn":"सिया हत्याकांड : तीन महीने में ट्रायल पूरा, 43 गवाहों के बयान दर्ज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सिया हत्याकांड : तीन महीने में ट्रायल पूरा, 43 गवाहों के बयान दर्ज
विज्ञापन
मंडी। बहुचर्चित सिया हत्याकांड में करीब तीन महीने के भीतर ट्रायल की गवाही प्रक्रिया पूरी हो गई है। सरकाघाट की अतिरिक्त सत्र न्यायालय में मामले के सभी 43 गवाहों के बयान दर्ज कर लिए गए हैं। अब मामले में दो नवंबर से अंतिम बहस (आर्ग्यूमेंट) शुरू होगी। इसके साथ ही हत्याकांड की सुनवाई साक्ष्य दर्ज करने के चरण से निकलकर फैसले की दिशा में आगे बढ़ेगी।
मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से कुल 43 गवाह सूचीबद्ध किए गए थे। अदालत में लगातार सुनवाई के दौरान सभी गवाहों को पेश किया गया और उनके बयान दर्ज किए गए। गवाहों से बचाव पक्ष की ओर से जिरह भी की गई। अब गवाही की प्रक्रिया पूरी होने के बाद दोनों पक्ष अदालत के समक्ष अपने-अपने तर्क रखेंगे। अंतिम बहस के दौरान अभियोजन पक्ष अपने साक्ष्यों के आधार पर आरोपों को साबित करने का प्रयास करेगा जबकि बचाव पक्ष अपनी दलीलें पेश करेगा।
इस मामले में पुलिस ने जांच पूरी करने के बाद मामले में 200 से अधिक पन्नों का चालान अदालत में पेश किया था। इसमें गवाहों के बयान के अलावा जांच से जुड़े फोरेंसिक, वैज्ञानिक और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य सहित अन्य दस्तावेज शामिल किए गए थे। अब इन साक्ष्यों और गवाहों की गवाही के आधार पर दोनों पक्षों की बहस होगी।
विज्ञापन
13 अप्रैल 2026 को गोपालपुर के भैंजी चौक में कॉलेज जा रही छात्रा सिया की दिनदहाड़े हत्या कर दी गई थी। वारदात के बाद आरोपी विकास पटियाल को स्थानीय लोगों ने पकड़कर पुलिस के हवाले किया था। घटना के बाद पूरे प्रदेश में आक्रोश फैल गया था और मामले की त्वरित सुनवाई की मांग उठी थी। फास्ट ट्रायल के तहत इस मामले में लगातार गवाही दर्ज की गई।
विज्ञापन
मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से कुल 43 गवाह सूचीबद्ध किए गए थे। अदालत में लगातार सुनवाई के दौरान सभी गवाहों को पेश किया गया और उनके बयान दर्ज किए गए। गवाहों से बचाव पक्ष की ओर से जिरह भी की गई। अब गवाही की प्रक्रिया पूरी होने के बाद दोनों पक्ष अदालत के समक्ष अपने-अपने तर्क रखेंगे। अंतिम बहस के दौरान अभियोजन पक्ष अपने साक्ष्यों के आधार पर आरोपों को साबित करने का प्रयास करेगा जबकि बचाव पक्ष अपनी दलीलें पेश करेगा।
विज्ञापन
इस मामले में पुलिस ने जांच पूरी करने के बाद मामले में 200 से अधिक पन्नों का चालान अदालत में पेश किया था। इसमें गवाहों के बयान के अलावा जांच से जुड़े फोरेंसिक, वैज्ञानिक और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य सहित अन्य दस्तावेज शामिल किए गए थे। अब इन साक्ष्यों और गवाहों की गवाही के आधार पर दोनों पक्षों की बहस होगी।
विज्ञापन
13 अप्रैल 2026 को गोपालपुर के भैंजी चौक में कॉलेज जा रही छात्रा सिया की दिनदहाड़े हत्या कर दी गई थी। वारदात के बाद आरोपी विकास पटियाल को स्थानीय लोगों ने पकड़कर पुलिस के हवाले किया था। घटना के बाद पूरे प्रदेश में आक्रोश फैल गया था और मामले की त्वरित सुनवाई की मांग उठी थी। फास्ट ट्रायल के तहत इस मामले में लगातार गवाही दर्ज की गई।