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जल जनित रोगों से बचाव और पानी की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दें : अपूर्व देवगन
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मंडी। उपायुक्त मंडी अपूर्व देवगन की अध्यक्षता में शनिवार को जिला पेयजल एवं स्वच्छता मिशन की मासिक बैठक हुई। इसमें जल जीवन मिशन के अंतर्गत जिले में चल रही पेयजल योजनाओं के समयबद्ध निर्माण, जल गुणवत्ता, जन भागीदारी तथा जल जनित रोगों की रोकथाम को लेकर चर्चा की।
उपायुक्त ने कहा कि वर्तमान समय में फैल रहे जल जनित रोगों से बचाव के लिए तत्काल प्रभावी कदम उठाए जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि पानी की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं होना चाहिए। उपायुक्त ने शिक्षा एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को भी निर्देश दिए कि विद्यालयों, आंगनबाड़ी केंद्रों तथा स्वास्थ्य संस्थानों में लिए गए पेयजल नमूनों की जांच जल शक्ति विभाग की प्रयोगशालाओं में नियमित रूप से करवाना सुनिश्चित करें।
इस अवसर पर विभागीय अधिशासी अभियंता देवराज चौहान ने बताया कि मंडी जिले में जल जीवन मिशन के अंतर्गत कुल 213 पेयजल योजनाएं बनाई जा रही हैं, जिनमें से 149 योजनाएं पूर्ण की जा चुकी हैं। शेष योजनाओं का कार्य लगभग 75 से 80 प्रतिशत तक पूरा हो चुका है। अब तक किए गए प्रयोगशाला परीक्षणों में पानी की गुणवत्ता संतोषजनक पाई गई है। संवाद
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उपायुक्त ने कहा कि वर्तमान समय में फैल रहे जल जनित रोगों से बचाव के लिए तत्काल प्रभावी कदम उठाए जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि पानी की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं होना चाहिए। उपायुक्त ने शिक्षा एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को भी निर्देश दिए कि विद्यालयों, आंगनबाड़ी केंद्रों तथा स्वास्थ्य संस्थानों में लिए गए पेयजल नमूनों की जांच जल शक्ति विभाग की प्रयोगशालाओं में नियमित रूप से करवाना सुनिश्चित करें।
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इस अवसर पर विभागीय अधिशासी अभियंता देवराज चौहान ने बताया कि मंडी जिले में जल जीवन मिशन के अंतर्गत कुल 213 पेयजल योजनाएं बनाई जा रही हैं, जिनमें से 149 योजनाएं पूर्ण की जा चुकी हैं। शेष योजनाओं का कार्य लगभग 75 से 80 प्रतिशत तक पूरा हो चुका है। अब तक किए गए प्रयोगशाला परीक्षणों में पानी की गुणवत्ता संतोषजनक पाई गई है। संवाद
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