लेफ्टिनेंट बेटे की मौत से परिजनों ने दो दिन से ग्रहण नहीं किया अन्न
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सरकाघाट (मंडी)। कानपुर के समीप ट्रेन हादसे में उपमंडल सरकाघाट के कोलणी गांव के लेफ्टिनेंट नरेंद्र कुमार की मौत से पूरा गांव शोक में डूबा है। नरेंद्र कुमार का शव बुधवार को पैतृक गांव पहुंचेगा। जिसके बाद सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार होगा। बेटे के हमेशा के लिए बिछुडने के गम में मां मीरा देवी, पिता मिलखी राम, दादी दीपा देवी का रो-रो कर बुरा हाल है। लेफ्टिनेंट नरेंद्र कुमार की मौत की खबर मिलने के बाद परिजनों से अन्न ग्रहण नहीं किया। मंगलवार को परिजनों को ढांढस बांधने के लिए लोगों का तांता लगा रहा।
रविवार तड़के कानपुर ट्रेन हादसे में कोलणी गांव के लेफ्टिनेंट नरेंद्र कुमार (23) की मौत हो गई। मंगलवार को भी शव पैतृक गांव नहीं पहुंचा। बुधवार सुबह लेफ्टिनेंट नरेंद्र कुमार का शव कोलणी पहुंचेगा। जिसके बाद अंतिम संस्कार होगा। परिजनों की चीख पुकार से पूरा गांव मातम में डूबा है। पंचायत के उपप्रधान राजेंद्र कुमार ने कहा कि लेफ्टिनेंट नरेंद्र कुमार का शव वायुसेना के विमान से चंडीगढ़ पहुंच गया है। बुधवार सुबह शव कोलणी गांव पहुंचेगा। जिसके बाद सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार होगा।
पूर्व ऑनरेरी कमीशन अफसर कल्याण एसोसिएशन के अध्यक्ष सेवानिवृत्त कैप्टन जगदीश वर्मा, सचिव कैप्टन सत्यपाल, कोषाध्यक्ष ज्ञान चंद, प्रकाश चंद, दिले राम, ईश्वर पठानिया, बीएल वर्मा आदि ने ट्रेन हादसे में लेफ्टिनेंट नरेंद्र कुमार की मौत पर गहरा दुख प्रकट किया है।