{"_id":"6ad9078c45ed10cb4104d7b4","slug":"inflation-hits-during-the-festive-season-prices-of-pulses-also-rise-mandi-news-c-90-1-ssml1025-218593-2026-10-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mandi News: त्योहारी सीजन में महंगाई की मार, अब दालों के दाम भी बढ़े","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mandi News: त्योहारी सीजन में महंगाई की मार, अब दालों के दाम भी बढ़े
विज्ञापन
रसोई पर बढ़ा बोझ, मंडी में 10 रुपये तक महंगी हुईं दालें, गृहणियों का बजट बिगड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। त्योहारी सीजन शुरू होते ही आम जनता की जेब पर महंगाई का बोझ बढ़ने लगा है। चीनी और सरसों के तेल की कीमतों में तेजी के बाद अब एक सप्ताह के भीतर दालों के दाम में भी बढ़ोतरी हुई है। लगातार बढ़ती महंगाई के चलते आम परिवारों के लिए सुबह का नाश्ता और दोनों समय का भोजन तैयार करना मुश्किल होता जा रहा है। इससे गृहिणियों का मासिक बजट भी पूरी तरह गड़बड़ा गया है।
पिछले दो सप्ताह के बाजार भाव पर नजर डालें तो चीनी की कीमत 60 रुपये से बढ़कर 66 रुपये प्रति किलो हो गई है, जबकि सरसों का तेल 105 रुपये से बढ़कर 110 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच गया है। इसके बाद मंडी शहर की दुकानों में विभिन्न दालों के दाम में भी 5 से 10 रुपये प्रति किलो तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
हालिया बढ़ोतरी के बाद राजमाह की कीमत 150 रुपये से बढ़कर 160 रुपये प्रति किलो हो गई है। वहीं, काले चने के दाम 95 रुपये से बढ़कर 100 रुपये और चना दाल की कीमत 90 रुपये से बढ़कर 100 रुपये प्रति किलो पहुंच गई है। हालांकि, राहत की बात यह है कि दाल माश, मलका, आटा और चावल के दाम फिलहाल स्थिर बने हुए हैं।
विज्ञापन
महाजन बाजार निवासी अशोक राणा, सुहड़ा निवासी लाभ सिंह, पड्डल निवासी सुखदेव, चंद्रशेखर और धनदेव सहित अन्य लोगों ने सरकार से खाद्य पदार्थों की बढ़ती कीमतों पर अंकुश लगाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि जरूरी खाद्य वस्तुओं के दाम कम किए जाने चाहिए, ताकि आम जनता को राहत मिल सके और रोजमर्रा की जरूरतों का सामान आसानी से उपलब्ध हो सके।
कीमतों पर नजर रख रहा विभाग
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति निगम के जिला नियंत्रक बिजेंद्र सिंह पठानिया ने बताया कि त्योहारी सीजन के दौरान खाद्य उत्पादों की मांग अचानक बढ़ने से कीमतों में वृद्धि देखने को मिल रही है। उन्होंने कहा कि विभाग की टीमें समय-समय पर बाजार का औचक निरीक्षण कर रही हैं। यदि कोई दुकानदार निर्धारित दरों से अधिक कीमत पर सामान बेचता पाया गया, तो उसके खिलाफ नियमानुसार सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। त्योहारी सीजन शुरू होते ही आम जनता की जेब पर महंगाई का बोझ बढ़ने लगा है। चीनी और सरसों के तेल की कीमतों में तेजी के बाद अब एक सप्ताह के भीतर दालों के दाम में भी बढ़ोतरी हुई है। लगातार बढ़ती महंगाई के चलते आम परिवारों के लिए सुबह का नाश्ता और दोनों समय का भोजन तैयार करना मुश्किल होता जा रहा है। इससे गृहिणियों का मासिक बजट भी पूरी तरह गड़बड़ा गया है।
पिछले दो सप्ताह के बाजार भाव पर नजर डालें तो चीनी की कीमत 60 रुपये से बढ़कर 66 रुपये प्रति किलो हो गई है, जबकि सरसों का तेल 105 रुपये से बढ़कर 110 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच गया है। इसके बाद मंडी शहर की दुकानों में विभिन्न दालों के दाम में भी 5 से 10 रुपये प्रति किलो तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
विज्ञापन
हालिया बढ़ोतरी के बाद राजमाह की कीमत 150 रुपये से बढ़कर 160 रुपये प्रति किलो हो गई है। वहीं, काले चने के दाम 95 रुपये से बढ़कर 100 रुपये और चना दाल की कीमत 90 रुपये से बढ़कर 100 रुपये प्रति किलो पहुंच गई है। हालांकि, राहत की बात यह है कि दाल माश, मलका, आटा और चावल के दाम फिलहाल स्थिर बने हुए हैं।
विज्ञापन
महाजन बाजार निवासी अशोक राणा, सुहड़ा निवासी लाभ सिंह, पड्डल निवासी सुखदेव, चंद्रशेखर और धनदेव सहित अन्य लोगों ने सरकार से खाद्य पदार्थों की बढ़ती कीमतों पर अंकुश लगाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि जरूरी खाद्य वस्तुओं के दाम कम किए जाने चाहिए, ताकि आम जनता को राहत मिल सके और रोजमर्रा की जरूरतों का सामान आसानी से उपलब्ध हो सके।
कीमतों पर नजर रख रहा विभाग
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति निगम के जिला नियंत्रक बिजेंद्र सिंह पठानिया ने बताया कि त्योहारी सीजन के दौरान खाद्य उत्पादों की मांग अचानक बढ़ने से कीमतों में वृद्धि देखने को मिल रही है। उन्होंने कहा कि विभाग की टीमें समय-समय पर बाजार का औचक निरीक्षण कर रही हैं। यदि कोई दुकानदार निर्धारित दरों से अधिक कीमत पर सामान बेचता पाया गया, तो उसके खिलाफ नियमानुसार सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी।