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मंडी के कमरूनाग, शिकारी देवी में सीजन का पहला हिमपात
ब्यूरो/अमर उजाला, मंडी, गोहर
Updated Fri, 27 Nov 2015 10:10 PM IST
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सर्दी के आगाज के साथ शुक्रवार को मंडी जिला के कमरूनाग और शिकारी देवी धार्मिक स्थलों में सर्दी का पहला हिमपात होने से पर्यटकों के चेहरे खिल गए हैं। शिकारी देवी में 13 सेंटीमीटर बर्फ और कमरूनाग में 7 सेंटीमीटर बर्फबारी होने का समाचार मिला है।
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उपमंडल के ऊपरी क्षेत्रों में वीरवार रात को सीजन की पहली बर्फबारी हुई है। शिकारी माता मंदिर और कमरूनाग की पहाड़ियों पर रात भर से रूक-रूक कर बर्फबारी हुई। शुक्रवार सुबह ऊपरी क्षेत्रों में बर्फबारी और निचले क्षेत्रों में बारिश जारी रही। करीब तीन महीने बाद हुई बारिश बर्फबारी से किसानों बागवानों ने राहत महसूस की है। बर्फबारी शुरू होने से सेब बागवानों में खुशी की लहर दौड़ गई है।
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वहीं ऊंचाई वाले क्षेत्रों में पर्याप्त नमी होने के कारण किसानों ने गंदम की बिजाई शुरू कर दी है। गत बर्ष हुई बर्फबारी ने उपमंडल के हजारों लोगों को करीब एक महीने तक अंधेरे में रखा था। बारिश और बर्फबारी से गोहर उपमंडल समेत मंडी जिला ठंड की चपेट में आ गया है। कार्यकारी उपमंडल अधिकारी एवं तहसीलदार गोहर मुंशी राम ने शिकारी माता मंदिर और कमरूनाग में बर्फबारी होने की पुष्टि की है।
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उन्होंने लोगों से आग्रह किया है कि मौसम के खराब होने पर शिकारी माता और कमरूनाग देव के मंदिर क्षेत्रों में न जाएं। उन्होंने बताया कि प्रशासन ने बर्फबारी से निपटने के लिए अधिकारियों को दिशा निर्देश जारी कर दिए हैं। क्षेत्र के बागवानों चतर सिंह ठाकुर, लाभ सिंह, मनोज कुमार, यशवंत ठाकुर, प्रेम सिंह और मोहर सिंह ने बताया कि समय पर हुई बर्फबारी और बारिश सेब बागवानी के लिए बेहद लाभदायक है।
नाचन फ्रूट ग्रोवर एसोसिएशन के उप प्रधान प्रेम सिंह ठाकुर ने बताया कि गंदम की बिजाई के लिए बारिश उपयुक्त है तथा किसानों ने ऊंचाई वाले क्षेत्रों में गंदम की बिजाई शुरू कर दी है। उधर देव स्थलों में हुई बर्फबारी से देव समाज में खुशी की लहर दौड़ गई है। कमरूनाग देवता के कटवाल रणजीत सिंह ठाकुर ने कमरूनाग में बर्फबारी होने की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि अब आगामी चार माह के लिए देवता के कपाट बंद हो गए हैं।
कार्यकारी उपमंडलाधिकारी गोहर मंशी राम ने शिकारी देवी मंदिर के कपाट बंद होने की पुष्टि की है। क्षेत्र में बर्फबारी शुरू होने से लोनिवि ने भी कमर कस ली है। विभाग ने तीनों उपमंडलों गोहर, बालीचौकी और जंजैहली के अधिकारियों को बर्फबारी से निटपने के दिशा निर्देश जारी कर दिए हैं। लोनिवि के गोहर स्थित अधिशाषी अभियंता नंदलाल चौहान ने बताया कि बर्फबारी में सड़कें बहाल करने के लिए लोनिवि मुश्तैदी से तैनात हो गया है। विद्युत विभाग और आईपीएच विभाग ने भी सराज और कमरूघाटी में बर्फबारी से निपटने के तमाम प्रबंध शुरू कर दिए हैं।