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दीपावली पर्व : मिट्टी के दीयों के आगे फीकी पड़ी चाइनीज लड़ियों की धमक
Sat, 18 Oct 2025 01:08 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
Updated Sat, 18 Oct 2025 01:08 AM IST
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जोगिंद्रनगर (मंडी)। दीपावली पर्व पर जोगिंद्रनगर में स्वदेशी उत्पादों से बाजार गुलजार हैं। मिट्टी के आकर्षक दीये बाजार में बिक्री के लिए पहुंचते ही इस साल फिर चाइनीज लड़ियों की धमक फीकी पड़ गई। मुख्य बाजार में मंडी व कांगड़ा जिलों के ग्रामीण क्षेत्रों से स्वयं सहायता समूह की महिलाओं की ओर से तैयार मिट्टी के दीये ग्राहकों की पहली पंसद बने हैं।
इस व्यवसाय से जुड़े कारोबारियों को इस दीपावली में खासी आमदनी की उम्मीद जगी है। शहर के मुख्य बाजार, बस अड्डा परिसर, सरकाघाट सड़क पर सजी दीपावली की विशेष सजावट की दुकानों में मिट्टी के बने रंग-बिरंगे दीये हाथोंहाथ बिक रहे हैं। इनके दामों की बात करें तो दो से लेकर 150 रुपये तक आकर्षक दीये ग्राहकों के लिए उपलब्ध हैं।
मिट्टी के दीपकों में विशेष कलाकारी कर आजीविका कमा रहे कारोबारी विनय कुमार, सुनीता देवी ने बताया कि पहले मिट्टी के दीयों की मांग मुख्य बाजारों में कम होने से कई तरह की मुश्किलें पेश आ रही थी। इस साल मिट्टी के दीयों की मांग अधिक बढ़ जाने से उनके व्यवसाय में भी आर्थिक लाभ मिलना शुरू हुआ है। शहर के मिट्टी के दीपकों के कारोबारी शिखा, सविता ने बताया कि मिट्टी के दीयों का अच्छ रिस्पांस मिल रहा है।
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इस व्यवसाय से जुड़े कारोबारियों को इस दीपावली में खासी आमदनी की उम्मीद जगी है। शहर के मुख्य बाजार, बस अड्डा परिसर, सरकाघाट सड़क पर सजी दीपावली की विशेष सजावट की दुकानों में मिट्टी के बने रंग-बिरंगे दीये हाथोंहाथ बिक रहे हैं। इनके दामों की बात करें तो दो से लेकर 150 रुपये तक आकर्षक दीये ग्राहकों के लिए उपलब्ध हैं।
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मिट्टी के दीपकों में विशेष कलाकारी कर आजीविका कमा रहे कारोबारी विनय कुमार, सुनीता देवी ने बताया कि पहले मिट्टी के दीयों की मांग मुख्य बाजारों में कम होने से कई तरह की मुश्किलें पेश आ रही थी। इस साल मिट्टी के दीयों की मांग अधिक बढ़ जाने से उनके व्यवसाय में भी आर्थिक लाभ मिलना शुरू हुआ है। शहर के मिट्टी के दीपकों के कारोबारी शिखा, सविता ने बताया कि मिट्टी के दीयों का अच्छ रिस्पांस मिल रहा है।
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