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भड़ा रा गवाहन में जातर में पहुंचे देव हुरंग नारायण
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चौहारघाटी के देव हुरंग नारायण देवलुओं के साथ जातर के लिए जाते हुए।
- फोटो : Mandi
द्रंग (मंडी)। पांच वर्ष बाद हार भ्रमण पर निकले हस्तपुर चौहारघाटी के बड़ादेव हुरंग नारायण ने सैकड़ों श्रद्धालुओं के साथ अपने मूल स्थान भड़ा रा गवाहन गांव में आयोजित जातर उत्सव में शिरकत की।
कारदारों के साथ गांव पहुंचने पर लोगों ने देव हुरंग नारायण का भव्य से स्वागत किया। इससे पहले देव हुरंग नारायण सिंगारी गांव में अपने पुरोहित देव रामपाल ब्रह्मा के मंदिर में रुके। गांव पहुंचने पर हुरंग नारायण के गूरों ने देव खेल ली। पूरे गांव की परिक्रमा करने के बाद देव हुरंग नारायण गवाहन गांव में अपने प्राचीन भंडार में रुके। शाम होते ही देव हुरंग नारायण प्राचीन बणी की परिक्रमा करते हुए जातर स्थल पहुंचे। यहां देव हुरंग के गुरों ने देव खेल के साथ देव हुरंग नारायण की जातर उत्सव की रस्म को निभाया।
बड़ी संख्या में लोगों ने जातर मेले में देव हुरंग नारायण से आशीर्वाद प्राप्त किया। इस दौरान लोगों ने देव हुरंग नारायण से बारिश के लिए गुहार लगाई। ग्रामीणों की मनौतियों के चलते हो रहे जातर उत्सव के कारण भड़ा रा गवाहन मूल मंदिर में हारका उत्सव का आयोजन नहीं होगा। चौहारघाटी पहुंचने पर देवता के मंदिर हुरंग में ही यह प्रथा निभाई जाएगी। इस दौरान देव गूरों के माध्यम से हार भ्रमण का पूरा ब्योरा रखेंगे। देव रथ के सामने आपसी समझौतों को लेकर देव अदालत लगाई जाएंगी। देव अदालत में लोगों के विवादों को सुलझाया जाएगा।
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देव हुरंग नारायण पांच वर्ष के बाद हार भ्रमण पर हैं। देव हुरंग नारायण की यह सबसे बड़ी हार है। इस दौरान देव हुरंग को समर्पित अनेकों जातर मेलों का आयोजन होता है। अपने मूल स्थल पहुंचने के बाद देव हुरंग नारायण मंदिर को रवाना होंगे। चौहारघाटी में अपने मंदिर पहुंचने के बाद देव नारायण अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि मेले में भाग लेने निकलेंगे। देव हुरंग नारायण हार कार्यक्रम से सीधे शिवरात्रि उत्सव में नहीं जाएंगे। देवता ने आदेश दिए हैं कि वह पहले अपने मंदिर जाएंगे। यहां हार कार्यक्रम का देवता के कारदार लेखा-जोखा करेंगे।
देव आदेशों के चलते हार कार्यक्रम की पूरी प्रक्रिया पारंपरिक तरीके से निभाई जाएगी। कोरोना के मामलों में कमी आने पर जिला प्रशासन अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव का आयोजन करता है तो देव हुरंग नारायण चौहारघाटी के समस्त देवताओं के साथ शामिल होंगे। देवता के पुजारी कमर सिंह और गूर बणकू राम ने बताया कि आने वाले कुछ दिनों के भीतर देव हुरंग नारायण का हार कार्यक्रम संपन्न हो जाएगा। सोमवार को देवता चेली पंचायत के लालू गांव में होने वाले जातर उत्सव में शामिल होंगे।
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कारदारों के साथ गांव पहुंचने पर लोगों ने देव हुरंग नारायण का भव्य से स्वागत किया। इससे पहले देव हुरंग नारायण सिंगारी गांव में अपने पुरोहित देव रामपाल ब्रह्मा के मंदिर में रुके। गांव पहुंचने पर हुरंग नारायण के गूरों ने देव खेल ली। पूरे गांव की परिक्रमा करने के बाद देव हुरंग नारायण गवाहन गांव में अपने प्राचीन भंडार में रुके। शाम होते ही देव हुरंग नारायण प्राचीन बणी की परिक्रमा करते हुए जातर स्थल पहुंचे। यहां देव हुरंग के गुरों ने देव खेल के साथ देव हुरंग नारायण की जातर उत्सव की रस्म को निभाया।
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बड़ी संख्या में लोगों ने जातर मेले में देव हुरंग नारायण से आशीर्वाद प्राप्त किया। इस दौरान लोगों ने देव हुरंग नारायण से बारिश के लिए गुहार लगाई। ग्रामीणों की मनौतियों के चलते हो रहे जातर उत्सव के कारण भड़ा रा गवाहन मूल मंदिर में हारका उत्सव का आयोजन नहीं होगा। चौहारघाटी पहुंचने पर देवता के मंदिर हुरंग में ही यह प्रथा निभाई जाएगी। इस दौरान देव गूरों के माध्यम से हार भ्रमण का पूरा ब्योरा रखेंगे। देव रथ के सामने आपसी समझौतों को लेकर देव अदालत लगाई जाएंगी। देव अदालत में लोगों के विवादों को सुलझाया जाएगा।
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देव हुरंग नारायण पांच वर्ष के बाद हार भ्रमण पर हैं। देव हुरंग नारायण की यह सबसे बड़ी हार है। इस दौरान देव हुरंग को समर्पित अनेकों जातर मेलों का आयोजन होता है। अपने मूल स्थल पहुंचने के बाद देव हुरंग नारायण मंदिर को रवाना होंगे। चौहारघाटी में अपने मंदिर पहुंचने के बाद देव नारायण अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि मेले में भाग लेने निकलेंगे। देव हुरंग नारायण हार कार्यक्रम से सीधे शिवरात्रि उत्सव में नहीं जाएंगे। देवता ने आदेश दिए हैं कि वह पहले अपने मंदिर जाएंगे। यहां हार कार्यक्रम का देवता के कारदार लेखा-जोखा करेंगे।
देव आदेशों के चलते हार कार्यक्रम की पूरी प्रक्रिया पारंपरिक तरीके से निभाई जाएगी। कोरोना के मामलों में कमी आने पर जिला प्रशासन अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव का आयोजन करता है तो देव हुरंग नारायण चौहारघाटी के समस्त देवताओं के साथ शामिल होंगे। देवता के पुजारी कमर सिंह और गूर बणकू राम ने बताया कि आने वाले कुछ दिनों के भीतर देव हुरंग नारायण का हार कार्यक्रम संपन्न हो जाएगा। सोमवार को देवता चेली पंचायत के लालू गांव में होने वाले जातर उत्सव में शामिल होंगे।