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पांच लाख तक मुफ्त इलाज के लिए अस्पताल पंजीकृत
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अमर उजाला ब्यूूूरो
मंडी। जिले के 21 राजकीय और सात निजी अस्पतालों में हिम केयर योजना का लाभ मिलेगा। योजना के तहत पांच लाख रुपये तक का निशुल्क उपचार प्रदान किया जाएगा। पूरे प्रदेश के साथ ही मंडी जिले में भी इस योजना को सफलतापूर्वक क्रियान्वित करने के लिए 21 राजकीय और 7 निजी अस्पताल पंजीकृत किए गए हैं। इन अस्पतालों में जाकर कोई भी योजना का लाभ उठा सकता है। इन अस्पतालों में यह सुविधा मिलने से जिले के हजारों लोगों को इसका लाभ मिलेगा। इस योजना के तहत जिले के राजकीय स्वास्थ्य संस्थानों में लाल बहादुर शास्त्री राजकीय आयुर्विज्ञान महाविद्यालय व चिकित्सालय नेरचौक, नेताजी सुभाष चंद्र बोस जोनल अस्पताल मंडी, नागरिक अस्पताल सरकाघाट, करसोग, कोटली, जंजैहली, जोग्रिंद्रनगर, सुंदरनगर, संधोल व धर्मपुर, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कटौला, लडभड़ोल, निहरी, बगस्याड, नगवाईं, गोहर, बलद्वाड़ा, रत्ती व पधर, जिला आयुर्वेदिक अस्पताल मंडी व आयुर्वेदिक अस्पताल जोग्रिंद्रनगर तथा निजी अस्पतालों में भांवला मल्टी स्पेशिलिटी अस्पताल, आस्था मल्टी स्पेशिलिटी अस्पताल, नीलकंठ अस्पताल, मल्होत्रा अस्पताल एवं ट्रामा सेंटर, बांगा एसोसिएटिड अस्पताल आई केयर सेंटर, जागृति मेडिकल सेंटर व मन्नत अस्पताल पंजीकृत किए गए हैं।
इस योजना का लाभ लेने के लिए कुछ श्रेणियों को वार्षिक शुल्क भी निर्धारित किया गया। योजना का लाभ लेने के लिए सभी को जरूरी दस्तावेज पंजीकरण एवं नवीनीकरण के समय देने होंगे। इनमें गरीबी रेखा से नीचे (बीपीएल) श्रेणी के पात्र आवेदकों को पिछले एक माह के भीतर पंचायत सचिव द्वारा प्रमाणित बीपीएल प्रमाण पत्र देना होगा। पंजीकृत रेहड़ी-फड़ी धारक को गत एक माह के भीतर नगर पालिका, नगर परिषद, स्थानीय निकाय के कार्यकारी अधिकारी द्वारा प्रमाणित पंजीकरण प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। इन्हें वार्षिक प्रीमियम का भुगतान भी नहीं करना होगा। वहीं, इस योजना का लाभ एकल नारी, 40 प्रतिशत से अधिक दिव्यांग, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिकाएं, आशा कार्यकर्ता, मिड-डे मील कार्यकर्ता आदि को 365 रुपये वार्षिक प्रीमियम का भुगतान करना होगा। इसके अतिरिक्त जो लाभार्थी इन सभी श्रेणियों के तहत नहीं आते या सरकारी कर्मचारी अथवा उनके आश्रित नहीं हैं, उन्हें एक हजार रुपये वार्षिक प्रीमियम पर योजना का लाभ मिल सकेगा। एमएस मंडी केएस मल्होत्रा ने बताया कि जिला के 21 राजकीय व 7 निजी अस्पतालों में प्रदेश सरकार की इस योजना का लाभ दिया जा रहा है। उन्होंने जिले के समस्त लोगों से इस योजना का लाभ लेने को कहा है।
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मंडी। जिले के 21 राजकीय और सात निजी अस्पतालों में हिम केयर योजना का लाभ मिलेगा। योजना के तहत पांच लाख रुपये तक का निशुल्क उपचार प्रदान किया जाएगा। पूरे प्रदेश के साथ ही मंडी जिले में भी इस योजना को सफलतापूर्वक क्रियान्वित करने के लिए 21 राजकीय और 7 निजी अस्पताल पंजीकृत किए गए हैं। इन अस्पतालों में जाकर कोई भी योजना का लाभ उठा सकता है। इन अस्पतालों में यह सुविधा मिलने से जिले के हजारों लोगों को इसका लाभ मिलेगा। इस योजना के तहत जिले के राजकीय स्वास्थ्य संस्थानों में लाल बहादुर शास्त्री राजकीय आयुर्विज्ञान महाविद्यालय व चिकित्सालय नेरचौक, नेताजी सुभाष चंद्र बोस जोनल अस्पताल मंडी, नागरिक अस्पताल सरकाघाट, करसोग, कोटली, जंजैहली, जोग्रिंद्रनगर, सुंदरनगर, संधोल व धर्मपुर, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कटौला, लडभड़ोल, निहरी, बगस्याड, नगवाईं, गोहर, बलद्वाड़ा, रत्ती व पधर, जिला आयुर्वेदिक अस्पताल मंडी व आयुर्वेदिक अस्पताल जोग्रिंद्रनगर तथा निजी अस्पतालों में भांवला मल्टी स्पेशिलिटी अस्पताल, आस्था मल्टी स्पेशिलिटी अस्पताल, नीलकंठ अस्पताल, मल्होत्रा अस्पताल एवं ट्रामा सेंटर, बांगा एसोसिएटिड अस्पताल आई केयर सेंटर, जागृति मेडिकल सेंटर व मन्नत अस्पताल पंजीकृत किए गए हैं।
इस योजना का लाभ लेने के लिए कुछ श्रेणियों को वार्षिक शुल्क भी निर्धारित किया गया। योजना का लाभ लेने के लिए सभी को जरूरी दस्तावेज पंजीकरण एवं नवीनीकरण के समय देने होंगे। इनमें गरीबी रेखा से नीचे (बीपीएल) श्रेणी के पात्र आवेदकों को पिछले एक माह के भीतर पंचायत सचिव द्वारा प्रमाणित बीपीएल प्रमाण पत्र देना होगा। पंजीकृत रेहड़ी-फड़ी धारक को गत एक माह के भीतर नगर पालिका, नगर परिषद, स्थानीय निकाय के कार्यकारी अधिकारी द्वारा प्रमाणित पंजीकरण प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। इन्हें वार्षिक प्रीमियम का भुगतान भी नहीं करना होगा। वहीं, इस योजना का लाभ एकल नारी, 40 प्रतिशत से अधिक दिव्यांग, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिकाएं, आशा कार्यकर्ता, मिड-डे मील कार्यकर्ता आदि को 365 रुपये वार्षिक प्रीमियम का भुगतान करना होगा। इसके अतिरिक्त जो लाभार्थी इन सभी श्रेणियों के तहत नहीं आते या सरकारी कर्मचारी अथवा उनके आश्रित नहीं हैं, उन्हें एक हजार रुपये वार्षिक प्रीमियम पर योजना का लाभ मिल सकेगा। एमएस मंडी केएस मल्होत्रा ने बताया कि जिला के 21 राजकीय व 7 निजी अस्पतालों में प्रदेश सरकार की इस योजना का लाभ दिया जा रहा है। उन्होंने जिले के समस्त लोगों से इस योजना का लाभ लेने को कहा है।
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