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कोटरोपी त्रासदी में एक अरब 19 करोड़ का नुकसान
Updated Sat, 30 Dec 2017 06:21 PM IST
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कोटरोपी त्रासदी समेत जिले में हुआ एक अरब 19 करोड़ का नुकसान
केंद्रीय टीम ने शनिवार को लिया घटनास्थल का जायजा
प्रभावितों को हर संभव सहायता का दिया आश्वासन
सभी विभागों से जिलाभर रिपोर्ट मांगी
अमर उजाला ब्यूरो
पधर (मंडी)। गृह मंत्रालय की टीम ने शनिवार को मंडी जिला के कोटरोपी में बीते अगस्त माह में हुए भीषण लैंड स्लाइड घटनास्थल का दौरा कर नुकसान का जायजा लिया। वहीं घटना में प्रभावित परिवारों से भी बातचीत की। इसके साथ ही संयुक्त सचिव गृह मंत्रालय भारत सरकार सत्येंद्र गर्ग की अध्यक्षता में केंद्रीय दल ने उपायुक्त कार्यालय के सभागार में विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक की। सतेंद्र गर्ग ने कहा कि इस बार बरसात में विभिन्न विभागों की संपत्तियों का लगभग 119 करोड़ 22 लाख का नुकसान आंका गया है। जिसमें लोक निर्माण विभाग के लगभग 97 करोड़ 68 लाख तथा सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग को लगभग 17 करोड़ 60 लाख शामिल हैं। उन्होंने बताया कि जिले में इस दौरान 48 लोगों की मृत्यु हुई। 17 घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हुए। जबकि 103 घरों को आंशिक रूप से नुकसान हुआ । इसके अतिरिक्त 20 मवेशी भी इस दौरान मारे गए। उन्होंने बताया कि जिला को लगभग तीन करोड़ की राहत राशि उपलब्ध करवाई जा चुकी है। उन्होंने लोक निर्माण तथा सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह योजना बार नुकसान का ब्योरा दें ताकि नियमानुसार राहत राशि उपलब्ध करवाई जा सके। संयुक्त सचिव सत्येंद्र गर्ग सहित पांच सदस्यीय दल ने घटना से हुए नुकसान और प्रभावितों को दी गई राहत राशि का मूल्यांकन भी किया। आईपीएच विभाग के अधिशाषी अभियंता उपेंद्र वैद्य, लोनिवि एनएच के अनिल संग्राय, डीएफओ जोगिंद्रनगर राजीव कुमार से विभागों को हुए नुकसान और पुनर्वास के लिए अनुमानित व्यय को लेकर जानकारी जुटाई। वहीं एसडीएम पधर डॉ. आशीष शर्मा ने आवंटित की गई राशि का ब्योरा भी दिया। इस अवसर पर एससी मीणा संयुक्त निदेशक वित्त भारत सरकार, डा विक्रांत सिंह सहायक निदेशक कृषि मंत्रालय, भारत सरकार अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी राजीव कुमार, जिला राजस्व अधिकारी सहित अन्य विभागों के अधिकारी भी उपस्थित रहे।
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केंद्रीय टीम ने शनिवार को लिया घटनास्थल का जायजा
प्रभावितों को हर संभव सहायता का दिया आश्वासन
सभी विभागों से जिलाभर रिपोर्ट मांगी
अमर उजाला ब्यूरो
पधर (मंडी)। गृह मंत्रालय की टीम ने शनिवार को मंडी जिला के कोटरोपी में बीते अगस्त माह में हुए भीषण लैंड स्लाइड घटनास्थल का दौरा कर नुकसान का जायजा लिया। वहीं घटना में प्रभावित परिवारों से भी बातचीत की। इसके साथ ही संयुक्त सचिव गृह मंत्रालय भारत सरकार सत्येंद्र गर्ग की अध्यक्षता में केंद्रीय दल ने उपायुक्त कार्यालय के सभागार में विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक की। सतेंद्र गर्ग ने कहा कि इस बार बरसात में विभिन्न विभागों की संपत्तियों का लगभग 119 करोड़ 22 लाख का नुकसान आंका गया है। जिसमें लोक निर्माण विभाग के लगभग 97 करोड़ 68 लाख तथा सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग को लगभग 17 करोड़ 60 लाख शामिल हैं। उन्होंने बताया कि जिले में इस दौरान 48 लोगों की मृत्यु हुई। 17 घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हुए। जबकि 103 घरों को आंशिक रूप से नुकसान हुआ । इसके अतिरिक्त 20 मवेशी भी इस दौरान मारे गए। उन्होंने बताया कि जिला को लगभग तीन करोड़ की राहत राशि उपलब्ध करवाई जा चुकी है। उन्होंने लोक निर्माण तथा सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह योजना बार नुकसान का ब्योरा दें ताकि नियमानुसार राहत राशि उपलब्ध करवाई जा सके। संयुक्त सचिव सत्येंद्र गर्ग सहित पांच सदस्यीय दल ने घटना से हुए नुकसान और प्रभावितों को दी गई राहत राशि का मूल्यांकन भी किया। आईपीएच विभाग के अधिशाषी अभियंता उपेंद्र वैद्य, लोनिवि एनएच के अनिल संग्राय, डीएफओ जोगिंद्रनगर राजीव कुमार से विभागों को हुए नुकसान और पुनर्वास के लिए अनुमानित व्यय को लेकर जानकारी जुटाई। वहीं एसडीएम पधर डॉ. आशीष शर्मा ने आवंटित की गई राशि का ब्योरा भी दिया। इस अवसर पर एससी मीणा संयुक्त निदेशक वित्त भारत सरकार, डा विक्रांत सिंह सहायक निदेशक कृषि मंत्रालय, भारत सरकार अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी राजीव कुमार, जिला राजस्व अधिकारी सहित अन्य विभागों के अधिकारी भी उपस्थित रहे।