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Kullu News: परिक्रमा पर निकले देवता गुग्गा जाहर पीर
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कुल्लू जिला में इन दिनों गुगा जाहर पीर परिक्रमा पर निकले हुए है। कुल्लू में परिक्रमा के दौरान द
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मनाली। कुल्लू घाटी की परिक्रमा पर निकले देवता गुग्गा जाहर पीर गड़सा घाटी से मनाली पहुंचे। मनाली पहुंचने पर देवता का श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों ने पारंपरिक तरीके से भव्य स्वागत किया। देवता के दर्शन और आशीर्वाद लेने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे।
देवता गुग्गा जाहर पीर की ऐतिहासिक परिक्रमा यात्रा रक्षाबंधन के दिन शुरू हुई थी। यात्रा के दौरान देवता विभिन्न गांवों और क्षेत्रों से होकर गुजर रहे हैं। जहां-जहां देवता पहुंच रहे हैं, वहां ग्रामीणों और श्रद्धालुओं की ओर से उनका श्रद्धा और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ स्वागत किया जा रहा है।
गड़सा घाटी से मनाली पहुंचने पर भी लोगों में देवता के प्रति विशेष आस्था देखने को मिली। देवता के साथ चल रहे देवलुओं और श्रद्धालुओं ने भी यात्रा में हिस्सा लिया। देवता के आगमन को लेकर स्थानीय लोगों में उत्साह का माहौल बना हुआ है।
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देवता के पुजारी पूर्ण चंद ने बताया कि रक्षाबंधन के दिन से देवता की ऐतिहासिक यात्रा शुरू हुई है। यात्रा के दौरान जगह-जगह देवता का भव्य स्वागत किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि देवता गुग्गा जाहर पीर की यह परिक्रमा यात्रा कृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर पूरी होगी और देवता अपने देवालय लौटेंगे।
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देवता गुग्गा जाहर पीर की ऐतिहासिक परिक्रमा यात्रा रक्षाबंधन के दिन शुरू हुई थी। यात्रा के दौरान देवता विभिन्न गांवों और क्षेत्रों से होकर गुजर रहे हैं। जहां-जहां देवता पहुंच रहे हैं, वहां ग्रामीणों और श्रद्धालुओं की ओर से उनका श्रद्धा और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ स्वागत किया जा रहा है।
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गड़सा घाटी से मनाली पहुंचने पर भी लोगों में देवता के प्रति विशेष आस्था देखने को मिली। देवता के साथ चल रहे देवलुओं और श्रद्धालुओं ने भी यात्रा में हिस्सा लिया। देवता के आगमन को लेकर स्थानीय लोगों में उत्साह का माहौल बना हुआ है।
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देवता के पुजारी पूर्ण चंद ने बताया कि रक्षाबंधन के दिन से देवता की ऐतिहासिक यात्रा शुरू हुई है। यात्रा के दौरान जगह-जगह देवता का भव्य स्वागत किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि देवता गुग्गा जाहर पीर की यह परिक्रमा यात्रा कृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर पूरी होगी और देवता अपने देवालय लौटेंगे।