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देवमय हुई भगवान रघुनाथ की नगरी
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कुल्लू। देवी-देवताओं का महाकुंभ कहे जाने वाला कुल्लू दशहरा वीरवार को समाप्त हो जाएगा। लंका पर चढ़ाई से पहले ही कई देवता अपने देवालय की ओर रवाना हो जाएंगे। लेकिन दशहरा के छठे दिन ढालपुर में एक बार फिर भव्य देवमिलन का देखने को मिला। इससे पूरा ढालपुर देवमय हो गया है।
पहले दिन रथयात्रा के बाद कई देवता सीधे ही अपने अस्थायी शिविर में चले गए थे। बुधवार को जब देवता अपने अस्थायी शिविर के बाहर निकले तो देवमिलन के लिए अन्य देवताओं के पास पहुंचे। घाटी के आराध्य देवता बिजली महादेव, माता पार्वती और भगवान गणेश एक साथ देखने को मिले। इसके साथ अठारह करड़ू के पंच कहे जाने वाले देवता छमाहणी नारायण भी यहां देवमिलन के लिए पहुंचे। सैंज व बंजार के कई देवता भी एक-दूसरे के अस्थायी शिविरों में गए। गौर रहे कि कुल्लू के इन देवी-देवताओं के आपस में रिश्ते हैं, जिन्हें अभी तक निभाया जा रहा है। मौहल्ला में सभी देवी-देवताओं के दर्शन होते हैं। इसको देखते हुए बुधवार को देवताओं के अस्थायी शिविरों में दिनभर चहल पहल बनी रही। हजारों की संख्या में लोगों ने देवताओं के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। देवताओं के अस्थायी शिविर में श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला देर शाम तक जारी रहा। दूसरी ओर ढालपुर मैदान के बाहर सजी मार्केट में लोगों ने खूब खरीदारी की। दूरदराज से आए हुए लोगों ने यहां पर कोट, जैकेट और गर्म वस्त्र खरीदे। जिला प्रशासन ने ढालपुर में दुुकानें लगाने की अनुमति नहीं दी है। ऐसे में लोअर ढालपुर, सरवरी सहित अन्य जगहों पर स्थायी दुकानों में लोग सामान खरीदने के लिए उमड़ रहे हैं।
..बलदेव
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पहले दिन रथयात्रा के बाद कई देवता सीधे ही अपने अस्थायी शिविर में चले गए थे। बुधवार को जब देवता अपने अस्थायी शिविर के बाहर निकले तो देवमिलन के लिए अन्य देवताओं के पास पहुंचे। घाटी के आराध्य देवता बिजली महादेव, माता पार्वती और भगवान गणेश एक साथ देखने को मिले। इसके साथ अठारह करड़ू के पंच कहे जाने वाले देवता छमाहणी नारायण भी यहां देवमिलन के लिए पहुंचे। सैंज व बंजार के कई देवता भी एक-दूसरे के अस्थायी शिविरों में गए। गौर रहे कि कुल्लू के इन देवी-देवताओं के आपस में रिश्ते हैं, जिन्हें अभी तक निभाया जा रहा है। मौहल्ला में सभी देवी-देवताओं के दर्शन होते हैं। इसको देखते हुए बुधवार को देवताओं के अस्थायी शिविरों में दिनभर चहल पहल बनी रही। हजारों की संख्या में लोगों ने देवताओं के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। देवताओं के अस्थायी शिविर में श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला देर शाम तक जारी रहा। दूसरी ओर ढालपुर मैदान के बाहर सजी मार्केट में लोगों ने खूब खरीदारी की। दूरदराज से आए हुए लोगों ने यहां पर कोट, जैकेट और गर्म वस्त्र खरीदे। जिला प्रशासन ने ढालपुर में दुुकानें लगाने की अनुमति नहीं दी है। ऐसे में लोअर ढालपुर, सरवरी सहित अन्य जगहों पर स्थायी दुकानों में लोग सामान खरीदने के लिए उमड़ रहे हैं।
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..बलदेव