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Kullu News: जाहलमा नाले के पास भूस्खलन, सड़क में दरार पड़ने से धंसने का खतरा बढ़ा

Mon, 05 May 2025 10:28 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू
संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू Updated Mon, 05 May 2025 10:28 PM IST
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Landslide near Jahalma drain, cracks in the road increased the risk of collapse
लाहौल के जहालमा नाले में भूस्खलन होने से तांदी किलाड सड़क मार्ग को खतरा।-संवाद
धंस सकता है बड़ा हिस्सा, मार्ग बंद होने से बढ़ जाएंगी बागवानों की दिक्कतें
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मनाली से कट जाएगा पट्टन घाटी के साथ मयाड़, तिंदी और पांगी-किलाड़ का संपर्क
जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ को भी जोड़ता यह मार्ग, जल्द विकल्प ढूंढने की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
केलांग (लाहौल-स्पीति)। तांदी-उदयपुर-संसारीनाला मार्ग में जाहलमा नाला के पास भूस्खलन हो गया है। इससे इस मार्ग को खतरा पैदा हो गया है। सड़क के बीच दरार आ गई है। इससे मार्ग के धंसने का खतरा बढ़ गया है।
सड़क के आगे काफी भूस्खलन हुआ है। इससे साथ लगता वन विभाग जाहलमा का बालन (लकड़ी) सेल सेंटर भी खतरे की जद में आ गया है। यह मार्ग बीआरओ के 94 आरसीसी के अधीन है और मार्ग लाहौल को पांगी-किलाड़ के अलावा जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ को भी आपस में जोड़ता है। मार्ग बंद होने से सेब सीजन में बागवानों की दिक्कतें बढ़ जाएंगी।
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जहालमा नाले में बीती रात भूस्खलन होने से तांदी-किलाड़ सड़क के बीच दरार आ गई है। जानकारों की मानें तो भूस्खलन से कभी भी सड़क का बड़ा हिस्सा ढह सकता है। इस कारण पूरी पट्टन घाटी के साथ मयाड़, तिंदी और पांगी किलाड़ का मनाली से सड़क संपर्क कट जाएगा।
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इलाके में बर्फ पिघलने के बाद कृषि और पर्यटन सीजन शुरू हो गया है। सड़क मार्ग क्षतिग्रस्त होने की सूरत में पट्टन और किलाड़ के हजारों लोगों को इससे समस्या पैदा हो सकती है। लोगों का कहना है कि बीआरओ को समय रहते इसका वैकल्पिक तलाशना होगा।

लोगों की मानें तो बारिश होने पर जाहलमा नाले का जलस्तर बढ़ेगा। ऐसे में अधिक भूस्खलन की संभावना भी बढ़ जाएगी। जिला भाजपा अध्यक्ष लाहौल-स्पीति रिगजिन हायरप्पा ने कहा कि जिस तरह से सड़क की स्थिति बनी हुई है, उससे आने वाले समय में बीआरओ को विकल्प तलाशने की जरूरत है। यदि सड़क धंस गई तो क्षेत्र में किसानों-बागवानों को परेशानी होगी। साथ ही पर्यटन कारोबार भी चौपट हो जाएगा। उन्होंने बीआरओ से मांग की है कि सड़क को समय रहते दुरुस्त किया जाए। वैकल्पिक मार्ग की भी व्यवस्था समय रहते करें। उधर, बीआरओ के एक अधिकारी का कहना है कि इस दिशा में सड़क सीमा संगठन जल्द कार्य करेगा।
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