{"_id":"5b9e5554867a557ff0706cb3","slug":"81537103188-kullu-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"शहर में जगह-जगह लगे रहे गंदगी के ढेर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शहर में जगह-जगह लगे रहे गंदगी के ढेर
Updated Sun, 16 Sep 2018 07:21 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
कुल्लू। डंपिंग संयंत्र पिरडी का विवाद और भी गहरा गया है। रविवार को दूसरे दिन भी प्रदर्शन होने से सफाई कर्मचारियों ने शहर का कूड़ा ही नहीं उठाया है। डंपिंग साइट को जाने वाले मार्ग को बंद करने से दो दिनों को कूड़ा डंप नहीं हो सका है। प्रदर्शन के चलते रविवार को स्थिति और भी विकराल हो गई है।
क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू के सामने पार्किंग में लगे कूड़े के ढेर में दिनभर लावारिस मवेशी मुंह मारते रहे। यही हाल पुराने शव गृह, मिनी सचिवालय के अलावा रामशिला से लेकर गांधीनगर तक रहा। यहां पर जगह-जगह कूड़ा पसरा रहा। मौहल के पिरड़ी डंपिंग संयंत्र का विवाद अगर नहीं सुलझा तो स्थिति दयनीय हो जाएगी। इतना ही नहीं रविवार को डोर टू डोर कूड़ा एकत्रित कार्य नहीं हो पाया है। इससे लोगों ने खुले में ही गंदगी के ढेर लगा दिए। शहर के चौक चौराहों व गलियों में गंदगी के ढेर होने से शहरवासी स्वास्थ्य का लेकर चिंतित हो गए है। एडवोकेट विशाल ठाकुर, अभिषेक राय, तेज राम, उमेश, हीरा लाल, जगदीश अनु ठाकुर, लाल चंद, प्रदीप कुमार, हेम राज तथा संदीप ने कहा कि रविवार को नगर परिषद के सफाई कर्मियों ने उनके घरों से कूड़ा नहीं उठाया है। समस्या के समाधान के लिए शासन व नगर परिषद कुल्लू को नए विकल्प की तलाश करनी चाहिए।
विज्ञापन
कुल्लू। डंपिंग संयंत्र पिरडी का विवाद और भी गहरा गया है। रविवार को दूसरे दिन भी प्रदर्शन होने से सफाई कर्मचारियों ने शहर का कूड़ा ही नहीं उठाया है। डंपिंग साइट को जाने वाले मार्ग को बंद करने से दो दिनों को कूड़ा डंप नहीं हो सका है। प्रदर्शन के चलते रविवार को स्थिति और भी विकराल हो गई है।
क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू के सामने पार्किंग में लगे कूड़े के ढेर में दिनभर लावारिस मवेशी मुंह मारते रहे। यही हाल पुराने शव गृह, मिनी सचिवालय के अलावा रामशिला से लेकर गांधीनगर तक रहा। यहां पर जगह-जगह कूड़ा पसरा रहा। मौहल के पिरड़ी डंपिंग संयंत्र का विवाद अगर नहीं सुलझा तो स्थिति दयनीय हो जाएगी। इतना ही नहीं रविवार को डोर टू डोर कूड़ा एकत्रित कार्य नहीं हो पाया है। इससे लोगों ने खुले में ही गंदगी के ढेर लगा दिए। शहर के चौक चौराहों व गलियों में गंदगी के ढेर होने से शहरवासी स्वास्थ्य का लेकर चिंतित हो गए है। एडवोकेट विशाल ठाकुर, अभिषेक राय, तेज राम, उमेश, हीरा लाल, जगदीश अनु ठाकुर, लाल चंद, प्रदीप कुमार, हेम राज तथा संदीप ने कहा कि रविवार को नगर परिषद के सफाई कर्मियों ने उनके घरों से कूड़ा नहीं उठाया है। समस्या के समाधान के लिए शासन व नगर परिषद कुल्लू को नए विकल्प की तलाश करनी चाहिए।
विज्ञापन