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Kangra News: टांडा में रोस्टर सिस्टम लागू, होगा खत्म हृदय रोगियों का लंबा इंतजार
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धर्मशाला/टांडा (कांगड़ा)। टांडा मेडिकल कॉलेज के कार्डियोलॉजी विभाग में हृदय रोगियों को अब लंबी तारीखों और भीड़ से निजात मिलेगी। अस्पताल प्रशासन ने मरीजों के लिए नई रोस्टर प्रणाली लागू कर दी है। इसके तहत अब रोजाना तीन विशेषज्ञ चिकित्सक तैनात रहेंगे। इनमें से एक ओपीडी, दूसरा इकोकार्डियोग्राफी और तीसरा कैथ लैब की जिम्मेदारी संभालेगा।
प्रशासन ने सख्त निर्देश जारी किए हैं कि मरीजों को टेस्ट या जांच के लिए अनावश्यक समय न दिया जाए। यदि किसी भी मरीज को एक महीने से अधिक की अपॉइंटमेंट (तारीख) दी जाती है, तो वह सीधे मेडिकल सुपरिटेंडेंट (एमएस) कार्यालय में इसकी शिकायत दर्ज करवा सकता है। इसके अलावा लंबी तारीख देने वाले डॉक्टर को पर्ची पर अपना नाम और देरी का स्पष्ट कारण लिखना होगा, ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
टांडा मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. मिलाप शर्मा ने बताया कि विभाग में स्टाफ की कमी एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। उन्होंने कहा कि हाल ही में विभाग में डीआरएनबी कोर्स बंद हो गया है, जो डीएम कार्डियोलॉजी के समकक्ष होता है। इसके साथ ही एक फैकल्टी सदस्य के इस्तीफे के बाद स्थिति और गंभीर हुई है। हालांकि, नया रोस्टर लागू होने से उपलब्ध स्टाफ के माध्यम से मरीजों को बेहतर और समयबद्ध सेवाएं सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है।
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प्रशासन ने सख्त निर्देश जारी किए हैं कि मरीजों को टेस्ट या जांच के लिए अनावश्यक समय न दिया जाए। यदि किसी भी मरीज को एक महीने से अधिक की अपॉइंटमेंट (तारीख) दी जाती है, तो वह सीधे मेडिकल सुपरिटेंडेंट (एमएस) कार्यालय में इसकी शिकायत दर्ज करवा सकता है। इसके अलावा लंबी तारीख देने वाले डॉक्टर को पर्ची पर अपना नाम और देरी का स्पष्ट कारण लिखना होगा, ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
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टांडा मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. मिलाप शर्मा ने बताया कि विभाग में स्टाफ की कमी एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। उन्होंने कहा कि हाल ही में विभाग में डीआरएनबी कोर्स बंद हो गया है, जो डीएम कार्डियोलॉजी के समकक्ष होता है। इसके साथ ही एक फैकल्टी सदस्य के इस्तीफे के बाद स्थिति और गंभीर हुई है। हालांकि, नया रोस्टर लागू होने से उपलब्ध स्टाफ के माध्यम से मरीजों को बेहतर और समयबद्ध सेवाएं सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है।
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