{"_id":"67aced04c45f2ebd81053d97","slug":"protest-against-laying-of-pvc-pipes-in-the-drainage-drains-of-kotwali-market-begins-kangra-news-c-95-1-kng1005-165191-2025-02-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kangra News: कोतवाली बाजार की निकासी नालियों में पीवीसी पाइप डालने का विरोध शुरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kangra News: कोतवाली बाजार की निकासी नालियों में पीवीसी पाइप डालने का विरोध शुरू
Thu, 13 Feb 2025 12:18 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
Updated Thu, 13 Feb 2025 12:18 AM IST
विज्ञापन
धर्मशाला के कोतवाली बाजार में नालियों में डाली पाइप। संवाद
- फोटो : kathua news
धर्मशाला। स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत धर्मशाला के कोतवाली बाजार से गांधी वाटिका तक की नालियों में 10 सेंटीमीटर की पीवीसी पाइप बिछाई जा रही है। इनमें सीसीटीवी कैमरों के तार डाले जाएंगे। मगर स्थानीय लोग और व्यापार मंडल इसका विरोध शुरू कर दिया है। उनका कहना है कि इन पाइप से नाली में पानी का प्रवाह रुकेगा, जिससे परेशानी होगी।
उनका कहना है कि पाइपों के कारण नालियों का प्रवाह बाधित होगा, जिससे पानी रुक सकता है। नालियों में बहने वाला कचरा पाइप में फंस सकता है, जिससे पानी ओवरफ्लो होकर सड़कों पर आएगा। इसके अलावा रुका हुआ पानी मच्छरों और जलजनित रोगों को बढ़ावा दे सकता है। पानी की निकासी बाधित होने से सड़कों पर सीलन और दरारें पड़ सकती हैं।
बता दें कि तीन साल पहले भी विभिन्न लोगों और विभागों के सौजन्य से कोतवाली बाजार में सभी प्रकार की पाइपों को हटा कर एक नाली का निर्माण करवाया था, ताकि नालियों में पानी का प्रवाह आसानी से हो सके। धर्मशाला प्रदेशभर में सबसे ज्यादा बारिश होने वाला शहर माना जाता है। जिससे कारण यहां काफी मात्रा में बारिश का पानी बहता है और पानी के बहाव के लिए अच्छी नालियों का प्रबंध होना चाहिए।
विज्ञापन
कोतवाली बाजार व्यापार मंडल और शहर के जागरूक नागरिकों ने नगर निगम और लोक निर्माण विभाग को शिकायत पत्र सौंपकर पाइपें हटाने की मांग की है। उनका कहना है कि धर्मशाला में अत्यधिक वर्षा होती है, ऐसे में इस तरह की व्यवस्था से मानसून के दौरान गंभीर समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।
स्मार्ट सिटी की ओर से कोतवाली से गांधी वाटिका तक नालियों में पीवीसी पाइप डाले जा रहे हैं। नगर निगम की ओर से यह अस्थायी व्यवस्था कुछ समय तक के लिए ही की जा रही है। बाद में खोदाई कर इन पाइप को भूमिगत किया जाएगा।
-जफर इकबाल, उपायुक्त, नगर निगम धर्मशाला
नालियों में डाली जा रही पीवीसी पाइपें जल निकासी में बाधा डाल सकती हैं। इससे सफाई कर्मचारियों को भी कठिनाई होगी। हमने नगर निगम, लोक निर्माण विभाग और जिला प्रशासन को शिकायत पत्र सौंपा है और जल्द समाधान की उम्मीद है। -प्रो. अंजन कालिया, धर्मशाला
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत नालियों की खुदाई की जा रही है, लेकिन यह गैर-जिम्मेदाराना तरीके से किया जा रहा है। पाइपों की वजह से पानी का प्रवाह बाधित होगा, जिससे मानसून के दौरान बाजार में जलभराव की समस्या पैदा होगी। इन्हें हटाने के लिए हमने संबंधित विभागों को मांग पत्र सौंपा है। -अनुज कश्यप, अध्यक्ष, व्यापार मंडल
कोतवाली बाजार से गांधी चौक तक सड़क की खुदाई कर पाइपें डाली जा रही हैं, जिससे मानसून में बाजार को भारी नुकसान हो सकता है। धर्मशाला में पानी का प्रवाह ज्यादा होता है, इसलिए इस तरह की पाइपें यहां कारगर नहीं होंगी। -धीरज, दुकानदार
धर्मशाला में अन्य क्षेत्रों की तुलना में अधिक बारिश होती है, जिससे पानी की निकासी की सही व्यवस्था जरूरी है। खुली नालियां जल निकासी के लिए आवश्यक हैं, लेकिन पीवीसी पाइपें डालने से नालियां अवरुद्ध हो जाएंगी और पानी सड़कों पर भरने लगेगा। -सोनू पुरी, स्थानीय
विज्ञापन
उनका कहना है कि पाइपों के कारण नालियों का प्रवाह बाधित होगा, जिससे पानी रुक सकता है। नालियों में बहने वाला कचरा पाइप में फंस सकता है, जिससे पानी ओवरफ्लो होकर सड़कों पर आएगा। इसके अलावा रुका हुआ पानी मच्छरों और जलजनित रोगों को बढ़ावा दे सकता है। पानी की निकासी बाधित होने से सड़कों पर सीलन और दरारें पड़ सकती हैं।
विज्ञापन
बता दें कि तीन साल पहले भी विभिन्न लोगों और विभागों के सौजन्य से कोतवाली बाजार में सभी प्रकार की पाइपों को हटा कर एक नाली का निर्माण करवाया था, ताकि नालियों में पानी का प्रवाह आसानी से हो सके। धर्मशाला प्रदेशभर में सबसे ज्यादा बारिश होने वाला शहर माना जाता है। जिससे कारण यहां काफी मात्रा में बारिश का पानी बहता है और पानी के बहाव के लिए अच्छी नालियों का प्रबंध होना चाहिए।
विज्ञापन
कोतवाली बाजार व्यापार मंडल और शहर के जागरूक नागरिकों ने नगर निगम और लोक निर्माण विभाग को शिकायत पत्र सौंपकर पाइपें हटाने की मांग की है। उनका कहना है कि धर्मशाला में अत्यधिक वर्षा होती है, ऐसे में इस तरह की व्यवस्था से मानसून के दौरान गंभीर समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।
स्मार्ट सिटी की ओर से कोतवाली से गांधी वाटिका तक नालियों में पीवीसी पाइप डाले जा रहे हैं। नगर निगम की ओर से यह अस्थायी व्यवस्था कुछ समय तक के लिए ही की जा रही है। बाद में खोदाई कर इन पाइप को भूमिगत किया जाएगा।
-जफर इकबाल, उपायुक्त, नगर निगम धर्मशाला
नालियों में डाली जा रही पीवीसी पाइपें जल निकासी में बाधा डाल सकती हैं। इससे सफाई कर्मचारियों को भी कठिनाई होगी। हमने नगर निगम, लोक निर्माण विभाग और जिला प्रशासन को शिकायत पत्र सौंपा है और जल्द समाधान की उम्मीद है। -प्रो. अंजन कालिया, धर्मशाला
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत नालियों की खुदाई की जा रही है, लेकिन यह गैर-जिम्मेदाराना तरीके से किया जा रहा है। पाइपों की वजह से पानी का प्रवाह बाधित होगा, जिससे मानसून के दौरान बाजार में जलभराव की समस्या पैदा होगी। इन्हें हटाने के लिए हमने संबंधित विभागों को मांग पत्र सौंपा है। -अनुज कश्यप, अध्यक्ष, व्यापार मंडल
कोतवाली बाजार से गांधी चौक तक सड़क की खुदाई कर पाइपें डाली जा रही हैं, जिससे मानसून में बाजार को भारी नुकसान हो सकता है। धर्मशाला में पानी का प्रवाह ज्यादा होता है, इसलिए इस तरह की पाइपें यहां कारगर नहीं होंगी। -धीरज, दुकानदार
धर्मशाला में अन्य क्षेत्रों की तुलना में अधिक बारिश होती है, जिससे पानी की निकासी की सही व्यवस्था जरूरी है। खुली नालियां जल निकासी के लिए आवश्यक हैं, लेकिन पीवीसी पाइपें डालने से नालियां अवरुद्ध हो जाएंगी और पानी सड़कों पर भरने लगेगा। -सोनू पुरी, स्थानीय

धर्मशाला के कोतवाली बाजार में नालियों में डाली पाइप। संवाद- फोटो : kathua news