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Kangra News: उपचार के दौरान आने वाली समस्या को अधिकारियों के ध्यान में लाएं एमएचटी
Tue, 18 Feb 2025 11:31 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
Updated Tue, 18 Feb 2025 11:31 PM IST
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धर्मशाला। स्वास्थ्य विभाग की ओर से जोनल अस्पताल धर्मशाला के मीटिंग हाल में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम की समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता सीएमओ डॉ. राजेश गुलेरी ने की। सीएमओ ने कहा कि पिछले वर्षों के मुकाबले जांच दर में सुधार हुआ है और 69 फीसदी बच्चों का उपचार भी हो चुका है। आरबीएसके के अंतर्गत आंगनबाड़ी और स्कूल स्तर पर 0 से 18 वर्ष तक के बच्चों की मोबाइल हेल्थ टीमों द्वारा की जा रही जांच से जुड़ी सुविधाओं पर भी विस्तृत चर्चा की गई।
इस दौरान एमएस जोनल अस्पताल की डॉ. अनुराधा शर्मा, जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अनुराधा, डॉ. चारू आदि उपस्थित रहीं। कार्यक्रम के अंतर्गत स्वास्थ्य जांच के लिए जाने वाली एमएचटी को निर्देश दिए कि उपचार को लेकर आने वाली किसी भी समस्या को अधिकारियों के ध्यान में लाएं। आरबीएसके कार्यक्रम एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसका लक्ष्य जन्म से 18 वर्ष तक के बच्चों के लिए 4डी अर्थात जन्म के समय दोष, कमी, रोग, विकलांगता सहित विकास में देरी को कवर करने के लिए प्रारंभिक पहचान और प्रारंभिक हस्तक्षेप करना है।
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इस दौरान एमएस जोनल अस्पताल की डॉ. अनुराधा शर्मा, जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अनुराधा, डॉ. चारू आदि उपस्थित रहीं। कार्यक्रम के अंतर्गत स्वास्थ्य जांच के लिए जाने वाली एमएचटी को निर्देश दिए कि उपचार को लेकर आने वाली किसी भी समस्या को अधिकारियों के ध्यान में लाएं। आरबीएसके कार्यक्रम एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसका लक्ष्य जन्म से 18 वर्ष तक के बच्चों के लिए 4डी अर्थात जन्म के समय दोष, कमी, रोग, विकलांगता सहित विकास में देरी को कवर करने के लिए प्रारंभिक पहचान और प्रारंभिक हस्तक्षेप करना है।
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