किन्नौर कैलाश यात्रा: दो यात्रियों की मौत, रास्ते में फंसे 716 श्रद्धालुओं को सुरक्षित निकाला
किन्नाैर कैलाश यात्रा मार्ग पर तंगलिंग क्षेत्र में अचानक आई बाढ़ के बाद रस्सी आधारित ट्रैवर्स क्रॉसिंग तकनीक का उपयोग करते हुए 413 तीर्थयात्रियों को बचाया है।
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किन्नौर कैलाश यात्रा के दौरान दो श्रद्धालुओं की मौत हो गई। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार मंगलवार रात को एक श्रद्धालु की मौत हो गई जबकि एक अन्य श्रद्धालु की मौत पूर्वणी मार्ग से आते समय गिरने के कारण हुई। पुलिस ने एक शव को बरामद कर लिया है जबकि दूसरे शव को लाने के लिए टीम भेजी गई है। इस दौरान सैकड़ों श्रद्धालुओं को सुरक्षित निकाल लिया गया है। जिला प्रशासन ने यात्रा को तत्काल प्रभाव से अस्थायी रूप से स्थगित कर दिया है और श्रद्धालुओं से अगली सूचना तक यात्रा शुरू नहीं करने की अपील की है।
#WATCH | Himachal Pradesh | Indo-Tibetan Border Police (ITBP) team from the 17th Battalion has rescued 413 pilgrims using the rope-based traverse crossing technique, following a flash flood in the Tangling area along the Kinner Kailash Yatra route
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The rescue operation is being… pic.twitter.com/EtshdR20D1 — ANI (@ANI) August 6, 2025
जिले में भारी बारिश के कारण यात्रा मार्ग पर कई स्थानों पर भूस्खलन हुआ है। तांगलिंग और कांगरांग नालों पर बने पुल तेज बहाव के कारण बह गए हैं, जिससे यात्रा मार्ग अत्यधिक खतरनाक हो गया है। इसी दौरान, अब तक 476 श्रद्धालुओं को तांगलिंग और 240 को पूर्वणी वाले मार्ग से सुरक्षित निकाल लिया गया है। जो श्रद्धालु अभी भी यात्रा मार्ग पर हैं, उन्हें मिल्लिंग खाटा और गुफा जैसे सुरक्षित स्थानों पर रखा गया है। जिला प्रशासन, किन्नौर ने सभी श्रद्धालुओं और यात्रियों से अनुरोध किया है कि जब तक यात्रा को फिर से शुरू करने की आधिकारिक सूचना न दी जाए, तब तक कोई भी यात्रा की योजना न बनाएं।
मंडी और बल्ह में सोमवार रात से मंगलवार शाम तक 151.2 मिलीमीटर बारिश हुई। मंडी के गुटकर में वाहनों के शोरूम के बाहर पार्क गाड़ियां पानी में डूब गईं। बाद में इन्हें क्रेन की मदद से बाहर निकाला गया। जेल रोड में नाले का पानी घरों में घुस गया। कुल्लू में भूस्खलन की वजह से बालू स्कूल तहस-नहस हो गया है। दो गोशालाएं भी भूस्खलन की चपेट में आई हैं, जिससे पांच भेड़ों और एक बछड़ी की मौत हो गई है।
गोहर उपमंडल के कई गांवों में सोमवार रात हुई मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचाई। नांडी पंचायत के कटवांडी गांव में शिव दास के घर में उफनते नाले का पानी घुस गया। पानी और मलबा मकान की दीवार तोड़ते हुए अंदर घुस गया। बाप-बेटे ने भागकर जान बचाई। बल्ह घाटी में सुकेती समेत अन्य खड्डें उफान पर हैं। बल्ह घाटी जलमग्न हो गई है। कई जगह पार्किंग में वाहन भी पानी में डूब गए हैं। सराज घाटी का सड़क संपर्क भी अन्य क्षेत्रों से कट गया है।
| क्षेत्र | बारिश मिलीमीटर में |
| मंडी | 179 |
| सुंदरनगर | 127 |
| पालमपुर | 55 |
| कांगड़ा | 53 |
| धर्मशाला | 48 |
| बिलासपुर | 31 |
| मनाली | 30 |
| शिमला | 29 |