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Hamirpur (Himachal) News: खारल में बनेगा जिले का दूसरा गो अभयारण्य, सीएम सुक्खू ने जताई सहमति
Fri, 06 Jun 2025 12:51 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Fri, 06 Jun 2025 12:51 AM IST
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बिझड़ी के खारल में गो अभ्यारण के लिए चिहि्त भूमि। विभाग।
सचित्र
क्षेत्र में पानी और चारे की प्रचूर उपलब्लतता, जल्द ही योजना तैयार करेगा प्रशासन
कोहला की लोकेशन बाढ़े की आशंका से नकारी
संवाद न्यूज एजेंसी
हमीरपुर। बड़सर विधानसभा के बिझड़ी क्षेत्र के खारल गांव में गो अभयारण्य का निर्माण होगा। जिले में सुजानपुर के खैरी के बाद बड़सर के बिझड़ी क्षेत्र में यह दूसरा गो अभयारण्य होगा। यहां पर 136 कनाल भूमि चिह्नित की गई है।
इस भूमि में पानी और चारे की उपलब्धता है। ऐसे में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने भी इस लोकेशन के लिए सहमति जताई है। पूर्व में जिला प्रशासन ने इसके लिए नादौन के कोहला में जगह का निरीक्षण किया था लेकिन यहां पर ब्यास नदी से बाढ़ की आशंका के चलते इसे फाइनल नहीं किया है।
136 कनाल भूमि में पानी और चारे की उपलब्धतता की बेहतर संभावना है। यहां पर पेड़-पौधे भी काफी हैं, जिससे पशुओं के रखरखाव में कोई दिक्कत पेश नहीं आएगी। 63 कनाल सरकारी जमीन है, जबिक 73 कनाल वन भूमि भी उपलब्ध है। जमीन को पशुपालन विभाग के नाम हस्तांतरित करने की प्रक्रिया जल्द पूरी की जाएगी। इसके बाद यहां पर गो अभयारण्य के निर्माण को लेकर प्रक्रिया शुरू की जाएगी। प्रदेश सरकार की ओर से इस कार्य के लिए फंडिग आपेक्षित है।
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28 गोसदन में 2200 के करीब पशुधन
वर्तमान में जिले में 28 गो सदन संचालित हैं। यहां पर 2200 के करीब पशुधन है। इन गो सदन के अलावा गो अभ्यारण विकसित कर सड़कों पर घूम रहे लावारिस पशुओं की समस्या से निजात दिलाने का प्रयास किया जा रहा है। ऐसे में यदि यह योजना सिरे चढ़ती है, तो लावारिस पशुओं से फसलों की उजाड़ और सड़कों पर हो रहे हादसों से कुछ हद तक निजात मिलेगी।
कोट
पटवार सर्किल समताना के तहत खारल गांव के समीप यह जगह चह्नित की गई है। इस जगह पर पानी के कुएं भी हैं और चारे की उपलब्धतता भी है। जल्द ही यहां पर विस्तृत योजना तैयार कर सरकार को प्रपोजल भेजकर फंड की मांग की जाएगी।
-अमरजीत सिंह, डीसी, हमीरपुर
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क्षेत्र में पानी और चारे की प्रचूर उपलब्लतता, जल्द ही योजना तैयार करेगा प्रशासन
कोहला की लोकेशन बाढ़े की आशंका से नकारी
संवाद न्यूज एजेंसी
हमीरपुर। बड़सर विधानसभा के बिझड़ी क्षेत्र के खारल गांव में गो अभयारण्य का निर्माण होगा। जिले में सुजानपुर के खैरी के बाद बड़सर के बिझड़ी क्षेत्र में यह दूसरा गो अभयारण्य होगा। यहां पर 136 कनाल भूमि चिह्नित की गई है।
इस भूमि में पानी और चारे की उपलब्धता है। ऐसे में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने भी इस लोकेशन के लिए सहमति जताई है। पूर्व में जिला प्रशासन ने इसके लिए नादौन के कोहला में जगह का निरीक्षण किया था लेकिन यहां पर ब्यास नदी से बाढ़ की आशंका के चलते इसे फाइनल नहीं किया है।
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136 कनाल भूमि में पानी और चारे की उपलब्धतता की बेहतर संभावना है। यहां पर पेड़-पौधे भी काफी हैं, जिससे पशुओं के रखरखाव में कोई दिक्कत पेश नहीं आएगी। 63 कनाल सरकारी जमीन है, जबिक 73 कनाल वन भूमि भी उपलब्ध है। जमीन को पशुपालन विभाग के नाम हस्तांतरित करने की प्रक्रिया जल्द पूरी की जाएगी। इसके बाद यहां पर गो अभयारण्य के निर्माण को लेकर प्रक्रिया शुरू की जाएगी। प्रदेश सरकार की ओर से इस कार्य के लिए फंडिग आपेक्षित है।
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28 गोसदन में 2200 के करीब पशुधन
वर्तमान में जिले में 28 गो सदन संचालित हैं। यहां पर 2200 के करीब पशुधन है। इन गो सदन के अलावा गो अभ्यारण विकसित कर सड़कों पर घूम रहे लावारिस पशुओं की समस्या से निजात दिलाने का प्रयास किया जा रहा है। ऐसे में यदि यह योजना सिरे चढ़ती है, तो लावारिस पशुओं से फसलों की उजाड़ और सड़कों पर हो रहे हादसों से कुछ हद तक निजात मिलेगी।
कोट
पटवार सर्किल समताना के तहत खारल गांव के समीप यह जगह चह्नित की गई है। इस जगह पर पानी के कुएं भी हैं और चारे की उपलब्धतता भी है। जल्द ही यहां पर विस्तृत योजना तैयार कर सरकार को प्रपोजल भेजकर फंड की मांग की जाएगी।
-अमरजीत सिंह, डीसी, हमीरपुर