{"_id":"6585dd8fe8b7545bb40c9fc6","slug":"nikhil-and-jaichand-on-remand-till-26-in-paper-leak-case-hamirpur-hp-news-c-94-1-hmp1004-16932-2023-12-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hamirpur (Himachal) News: पेपर लीक मामले में निखिल और जयचंद 26 तक रिमांड पर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hamirpur (Himachal) News: पेपर लीक मामले में निखिल और जयचंद 26 तक रिमांड पर
विज्ञापन
हमीरपुर। भंग कर्मचारी चयन आयोग पेपर लीक मामले में जेओए आईटी पोस्ट कोड 817 में वीरवार को गिरफ्तार किए गए आरोपियों को विजिलेंस ने शुक्रवार को अदालत में पेश किया। यहां से दोनों आरोपियों को 26 दिसंबर तक पुलिस की रिमांड पर भेजा है। पोस्ट कोड 817 के तहत दर्ज एफआईआर में मुख्य आरोपी उमा आजाद के छोटे बेटे निखिल आजाद और पूर्व सचिव जितेंद्र कंवर के चालक जयचंद को विजिलेंस की टीम ने गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों ने साल 2021 में पोस्ट कोड 817 के तहत आयोजित हुई परीक्षा को उत्तीर्ण किया था।
दोनों ने मेरिट में जगह बनाई थी। निखिल आजाद पेपर लीक प्रकरण में दर्ज प्रथम एफआईआर में भी आरोपी है। पेपर लीक मामला 23 दिसंबर 2022 को सामने आया था। इस मामले की जांच के दौरान ही जांच एजेंसी के हाथ पोस्ट कोड 817 जेओए आईटी का प्रश्नपत्र लीक होने के साक्ष्य लगने के बाद 5 जून 2023 को विजिलेंस ने दस आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया था। इसमें भंग आयोग के पूर्व सचिव रहे डाॅ. जितेंद्र कंवर, मुख्यारोपी उमा आजाद, दो चपरासियों समेत दस लोगों को आरोपी बनाया गया था। जांच में पाया गया कि पोस्ट कोड 817 की लिखित परीक्षा पास करने वाले इन आरोपियों को पहले से सवालों की जानकारी दी गई थी।
कोट
विजिलेंस मंडी जोन के एसपी राहुल नाथ ने कहा कि पोस्ट कोड 817 मामले में दर्ज एफआईआर में गिरफ्तार किए गए आरोपियों को शुक्रवार को अदालत में पेश किया गया है। आरोपियों को अदालत ने 26 दिसंबर तक पुलिस रिमांड पर भेजा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
दोनों ने मेरिट में जगह बनाई थी। निखिल आजाद पेपर लीक प्रकरण में दर्ज प्रथम एफआईआर में भी आरोपी है। पेपर लीक मामला 23 दिसंबर 2022 को सामने आया था। इस मामले की जांच के दौरान ही जांच एजेंसी के हाथ पोस्ट कोड 817 जेओए आईटी का प्रश्नपत्र लीक होने के साक्ष्य लगने के बाद 5 जून 2023 को विजिलेंस ने दस आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया था। इसमें भंग आयोग के पूर्व सचिव रहे डाॅ. जितेंद्र कंवर, मुख्यारोपी उमा आजाद, दो चपरासियों समेत दस लोगों को आरोपी बनाया गया था। जांच में पाया गया कि पोस्ट कोड 817 की लिखित परीक्षा पास करने वाले इन आरोपियों को पहले से सवालों की जानकारी दी गई थी।
विज्ञापन
कोट
विजिलेंस मंडी जोन के एसपी राहुल नाथ ने कहा कि पोस्ट कोड 817 मामले में दर्ज एफआईआर में गिरफ्तार किए गए आरोपियों को शुक्रवार को अदालत में पेश किया गया है। आरोपियों को अदालत ने 26 दिसंबर तक पुलिस रिमांड पर भेजा है।
विज्ञापन