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मेडिसिन और सर्जरी विभाग में घटे चिकित्सक
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मेडिकल कॉलेज हमीरपुर की मेडिसिन ओपीडी के बाहर लगी मरीजों की भीड़।
- फोटो : Hamirpur-HP
हमीरपुर। डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल हमीरपुर के मेडिसिन और सर्जरी विभाग में चिकित्सकों की कमी हो गई है। इन विभागों में से गए चिकित्सकों के स्थान पर सरकार और स्वास्थ्य विभाग ने कोई अन्य तैनाती नहीं की है। इस कारण इन विभागों के खासकर सीनियर रेजिडेंट चिकित्सकों पर कार्य का अतिभार पड़ गया है। मेडिसिन विभाग से करीब डेढ़ माह पहले डॉ. लोकेश का तबादला मंडी के लिए हुआ है, जबकि करीब एक माह पूर्व डॉ. अनुराग ठाकुर सुपर स्पेशलिटी कोर्स के लिए चले गए हैं।
इस विभाग में दो चिकित्सकों की कमी से कार्य का अतिभार पड़ गया है, जबकि अस्पताल में सबसे अधिक मरीजों वाला यही विभाग है। मेडिसिन विभाग में रोजाना की ओपीडी औसतन 300 के पार है, लेकिन चिकित्सक कम होने के कारण लोगों को उपचार के लिए इंतजार करना पड़ता है। उधर, सर्जरी विभाग से एक चिकित्सक का तबादला शिमला के लिए हो गया है। यहां भी एक सीनियर रेजिडेंट कम हो गया है।
जबकि, विभाग में सर्जरी के अलावा ओपीडी भी सप्ताहभर चलती है और रोजाना करीब 200 मरीज इस विभाग में उपचार व परामर्श के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में इन महत्वपूर्ण विभागों से गए चिकित्सकों के स्थान पर अन्य चिकित्सक न आने के कारण मरीजों व वर्तमान स्टाफ को भी दिक्कत पेश आ रही है। मेडिकल कॉलेज के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रमेश चौहान ने कहा कि चिकित्सकों की तैनाती सरकार और विभाग ही करेगा।
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इस विभाग में दो चिकित्सकों की कमी से कार्य का अतिभार पड़ गया है, जबकि अस्पताल में सबसे अधिक मरीजों वाला यही विभाग है। मेडिसिन विभाग में रोजाना की ओपीडी औसतन 300 के पार है, लेकिन चिकित्सक कम होने के कारण लोगों को उपचार के लिए इंतजार करना पड़ता है। उधर, सर्जरी विभाग से एक चिकित्सक का तबादला शिमला के लिए हो गया है। यहां भी एक सीनियर रेजिडेंट कम हो गया है।
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जबकि, विभाग में सर्जरी के अलावा ओपीडी भी सप्ताहभर चलती है और रोजाना करीब 200 मरीज इस विभाग में उपचार व परामर्श के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में इन महत्वपूर्ण विभागों से गए चिकित्सकों के स्थान पर अन्य चिकित्सक न आने के कारण मरीजों व वर्तमान स्टाफ को भी दिक्कत पेश आ रही है। मेडिकल कॉलेज के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रमेश चौहान ने कहा कि चिकित्सकों की तैनाती सरकार और विभाग ही करेगा।
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