{"_id":"20-65546","slug":"Hamirpur-65546-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"बाल स्कूल हमीरपुर का लिपिक चार्जशीट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बाल स्कूल हमीरपुर का लिपिक चार्जशीट
Hamirpur
Updated Wed, 29 Oct 2014 05:33 AM IST
विज्ञापन
हमीरपुर। बाल स्कूल हमीरपुर के लिपिक को शिक्षा विभाग द्वारा चार्जशीट कर दिया गया है। लिपिक को स्कूल फड्स में गड़बड़ी करने का दोषी पाए जाने पर चार्जशीट किया गया है। इसकी एंट्री बाकायदा लिपिक की सर्विस बुक में करने के आदेश भी शिक्षा विभाग ने दिए हैं।
बाल स्कूल हमीरपुर के लिपिक चंद्र सुुमन ने स्कूल फड्स के साथ गड़बड़ी की थी। लिपिक ने मल्टीमिडिया फंड्स, आईटी फंड्स और एसएमसी फंड्स के साथ गड़बड़ी की थी। तीनों फंड्स लिपिक ने मनमर्जी से खर्च किए थे। इतना ही नहीं, फंड्स खर्च करने के बाद फंड्स रजिस्टर तक अपडेट नहीं किया था। स्कूल मुखिया ने इसकी शिकायत विभागीय उच्चाधिकारियों से की। इसके चलते उच्चाधिकारियों ने इसकी जांच के आदेश दिए। जांच में पाया गया कि लिपिक ने स्कूल फंड्स के साथ गड़बड़ी की है। फंड्स को मनमर्जी से खर्च किया है। यहां तक कि खर्च किए फंड्स को रजिस्टर में अपडेट तक नहीं किया गया था। करीब तीन माह पूर्व विभाग ने संबंधित लिपिक को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। कारण बताओ नोटिस का लिपिक अपने बचाव में कोई तर्कसंगत जवाब नहीं दे पाया। इसके चलते विभाग ने लिपिक को स्कूल फंड्स के साथ गड़बड़ी करने का दोषी माना है और उसको चार्जशीट किया है। इतना ही नहीं, विभाग ने संबंधित स्कूल मुखिया को लिपिक की सर्विस बुक में इसकी एंट्री करने के आदेश दिए हैं। बाकायदा सर्विस बुक में एंट्री करने के बाद इसकी प्रति शिक्षा निदेशक शिमला को भेजने के भी आदेश हुए हैं।
उधर, उच्च शिक्षा उपनिदेशक सोमदत्त सांख्यान का कहना है कि बाल स्कूल हमीरपुर के लिपिक को स्कूल फंडस में गड़बड़ी करने का दोषी पाया गया है। इसके चलते विभाग ने लिपिक को चार्जशीट किया है। उन्होंने बताया कि चार्जशीट में लगे चार्जेस की एंट्री संबंधित लिपिक की सर्विस बुक में की जाएगी। इसके लिए संबंधित स्कूल मुखिया को आदेश हुए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
बाल स्कूल हमीरपुर के लिपिक चंद्र सुुमन ने स्कूल फड्स के साथ गड़बड़ी की थी। लिपिक ने मल्टीमिडिया फंड्स, आईटी फंड्स और एसएमसी फंड्स के साथ गड़बड़ी की थी। तीनों फंड्स लिपिक ने मनमर्जी से खर्च किए थे। इतना ही नहीं, फंड्स खर्च करने के बाद फंड्स रजिस्टर तक अपडेट नहीं किया था। स्कूल मुखिया ने इसकी शिकायत विभागीय उच्चाधिकारियों से की। इसके चलते उच्चाधिकारियों ने इसकी जांच के आदेश दिए। जांच में पाया गया कि लिपिक ने स्कूल फंड्स के साथ गड़बड़ी की है। फंड्स को मनमर्जी से खर्च किया है। यहां तक कि खर्च किए फंड्स को रजिस्टर में अपडेट तक नहीं किया गया था। करीब तीन माह पूर्व विभाग ने संबंधित लिपिक को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। कारण बताओ नोटिस का लिपिक अपने बचाव में कोई तर्कसंगत जवाब नहीं दे पाया। इसके चलते विभाग ने लिपिक को स्कूल फंड्स के साथ गड़बड़ी करने का दोषी माना है और उसको चार्जशीट किया है। इतना ही नहीं, विभाग ने संबंधित स्कूल मुखिया को लिपिक की सर्विस बुक में इसकी एंट्री करने के आदेश दिए हैं। बाकायदा सर्विस बुक में एंट्री करने के बाद इसकी प्रति शिक्षा निदेशक शिमला को भेजने के भी आदेश हुए हैं।
विज्ञापन
उधर, उच्च शिक्षा उपनिदेशक सोमदत्त सांख्यान का कहना है कि बाल स्कूल हमीरपुर के लिपिक को स्कूल फंडस में गड़बड़ी करने का दोषी पाया गया है। इसके चलते विभाग ने लिपिक को चार्जशीट किया है। उन्होंने बताया कि चार्जशीट में लगे चार्जेस की एंट्री संबंधित लिपिक की सर्विस बुक में की जाएगी। इसके लिए संबंधित स्कूल मुखिया को आदेश हुए हैं।
विज्ञापन