{"_id":"5afdb9614f1c1be7408b614a","slug":"31526577505-hamirpur-hp-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"उपायुक्त कार्यालय के बाहर छात्रों का धरना प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
उपायुक्त कार्यालय के बाहर छात्रों का धरना प्रदर्शन
Updated Thu, 17 May 2018 11:00 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हमीरपुर। जिला के बंद हो चुके एक निजी बहुतकनीकी महाविद्यालय के छात्रों ने वीरवार को उपायुक्त कार्यालय हमीरपुर के बाहर धरना प्रदर्शन किया। छात्रों ने जोरदार नारेबाजी करते हुए प्रशासन से उनकी वार्षिक सेमेस्टर परीक्षाएं करवाने की मांग की। महाविद्यालय प्रबंधन और कांगड़ा केंद्रीय सहकारी बैंक व प्रदेश तकनीकी शिक्षा बोर्ड के बीच चल रहे विवाद के कारण इस महाविद्यालय को 9 फरवरी 2018 को बंद किया जा चुका है। जिसके चलते बीते तीन महीने से इन प्रशिक्षु छात्रों की कॉलेज में पढ़ाई ठप पड़ी हुई है। इस महाविद्यालय में शिक्षा हासिल करने वाले विद्यार्थियों को किसी दूसरे महाविद्यालय में भी शिफ्ट नहीं किया जा सका है।
विद्यार्थियों का कहना है कि इस महाविद्यालय में ताला लगाते समय प्रदेश तकनीकी शिक्षा बोर्ड और बैंक प्रबंधन ने इस महाविद्यालय में पढ़ने वाले प्रशिक्षुओं के भविष्य पर जरा भी ध्यान नहीं दिया। महाविद्यालय के प्रशिक्षु छात्र-छात्राओं मुस्कान, रीना, आंचल, नेहा, सोनाली, ज्योति, नेहा रानी, प्रीति, विनय, काजल, अश्वनी कुमार ने कहा वह इस संबंध में प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से भी मिले, लेकिन उनकी तरफ से भी अभी तक कोई जवाब नहीं आया है। उन्होंने कहा कि उनके अगले माह से पेपर शुरू होने वाले हैं, लेकिन किसी को कोई परवाह नहीं है। इस मौके पर छात्रों के साथ भारत की जनवादी नौजवान सभा के सदस्य और एसएफआई इकाई के सदस्य भी मौजूद रहे। छात्रों का कहना है कि उनका भविष्य दांव पर लगा हुआ है। जिसके चलते मानसिक और आर्थिक परेशानी हो रही है। वहीं जिला परिषद सदस्य पवन कुमार ने भी आंदोलनरत प्रशिक्षुओं से मुलाकात कर उनकी समस्याओं को उचित मंच पर उठाने का आश्वासन दिया।
विज्ञापन
विद्यार्थियों का कहना है कि इस महाविद्यालय में ताला लगाते समय प्रदेश तकनीकी शिक्षा बोर्ड और बैंक प्रबंधन ने इस महाविद्यालय में पढ़ने वाले प्रशिक्षुओं के भविष्य पर जरा भी ध्यान नहीं दिया। महाविद्यालय के प्रशिक्षु छात्र-छात्राओं मुस्कान, रीना, आंचल, नेहा, सोनाली, ज्योति, नेहा रानी, प्रीति, विनय, काजल, अश्वनी कुमार ने कहा वह इस संबंध में प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से भी मिले, लेकिन उनकी तरफ से भी अभी तक कोई जवाब नहीं आया है। उन्होंने कहा कि उनके अगले माह से पेपर शुरू होने वाले हैं, लेकिन किसी को कोई परवाह नहीं है। इस मौके पर छात्रों के साथ भारत की जनवादी नौजवान सभा के सदस्य और एसएफआई इकाई के सदस्य भी मौजूद रहे। छात्रों का कहना है कि उनका भविष्य दांव पर लगा हुआ है। जिसके चलते मानसिक और आर्थिक परेशानी हो रही है। वहीं जिला परिषद सदस्य पवन कुमार ने भी आंदोलनरत प्रशिक्षुओं से मुलाकात कर उनकी समस्याओं को उचित मंच पर उठाने का आश्वासन दिया।
विज्ञापन