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दुष्कर्म के दोषियों को 20-20 साल का कारावास
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सामूहिक दुष्कर्म के दोषियों को 20-20 साल का कारावास
दोषियों को 20-20 हजार रुपये जुर्माना भी भरना होगा
जिला न्यायालय हमीरपुर ने पीड़िता के पक्ष में सुनाया फैसला
अमर उजाला ब्यूरो
हमीरपुर। जिला न्यायालय हमीरपुर ने दुष्कर्म मामले में दोषी पांच लोगों को 20-20 साल का कारावास और 20-20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न भरने की सूरत में दोषियों को दो वर्ष का अतिरिक्त कारावास की सजा काटनी होगी। इस मामले में न्यायालय में 48 गवाह पेश हुए। बचाव और अभियोजन पक्ष की दलीलें सुनने के बाद न्यायाधीश ने पीड़िता के पक्ष में फैसला सुनाया।
9 फरवरी 2018 को उपमंडल भोरंज में एक 14 वर्षीय नाबालिग लड़की को कुछ बदमाश गाड़ी में उठाकर पंजाब ले गए और वहां पर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। घर से लड़की के गायब होने पर परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने पहले लापता होने और बाद में अपहरण का मामला दर्ज किया। बाद में मोबाइल फोन की लोकेशन के आधार पर पीड़ित लड़की पंजाब के होशियारपुर से बरामद हुई। पीड़िता ने अपने परिजनों को दुष्कर्म की सूचना दी। जिसके बाद पुलिस ने भोरंज थाना में भादंसं की धारा 376 डी और 120 बी में मुकदमा दर्ज किया। इसके बाद पुलिस ने जिला न्यायालय हमीरपुर में चालान पेश किया। मंगलवार को जिला न्यायालय ने आरोपी मुश्ताक मोहम्मद उर्फ अब्बू निवासी कोहला सगवाल डाकघर और तहसील ज्वालामुखी जिला कांगड़ा, सोम नाथ उर्फ सोनू निवासी गांव लसींगणी तहसील और जिला ऊना, राजेंद्र शर्मा निवासी गांव कोटला खुर्द तहसील और जिला ऊना, रणजीत सिंह निवासी चौहल तहसील व जिला होशियारपुर पंजाब और उत्तम चंद निवासी अनसोली डाकघर मटौर तहसील और जिला कांगड़ा को दोषी पाया। न्यायालय ने पांचों दोषियों को 20-20 साल कारावास की सजा और प्रत्येक को 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जबकि, एक आरोपी को सबूतों के अभाव और आरोपी साबित न होने पर बरी कर दिया गया। उधर, पुलिस अधीक्षक हमीरपुर अर्जित सेन ठाकुर ने जिला न्यायालय से पांच दोषियों को 20-20 साल के कारावास और जुर्माना की सजा सुनाए जाने की पुष्टि की है।
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सामूहिक दुष्कर्म के दोषियों को 20-20 साल का कारावास
दोषियों को 20-20 हजार रुपये जुर्माना भी भरना होगा
जिला न्यायालय हमीरपुर ने पीड़िता के पक्ष में सुनाया फैसला
अमर उजाला ब्यूरो
हमीरपुर। जिला न्यायालय हमीरपुर ने दुष्कर्म मामले में दोषी पांच लोगों को 20-20 साल का कारावास और 20-20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न भरने की सूरत में दोषियों को दो वर्ष का अतिरिक्त कारावास की सजा काटनी होगी। इस मामले में न्यायालय में 48 गवाह पेश हुए। बचाव और अभियोजन पक्ष की दलीलें सुनने के बाद न्यायाधीश ने पीड़िता के पक्ष में फैसला सुनाया।
9 फरवरी 2018 को उपमंडल भोरंज में एक 14 वर्षीय नाबालिग लड़की को कुछ बदमाश गाड़ी में उठाकर पंजाब ले गए और वहां पर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। घर से लड़की के गायब होने पर परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने पहले लापता होने और बाद में अपहरण का मामला दर्ज किया। बाद में मोबाइल फोन की लोकेशन के आधार पर पीड़ित लड़की पंजाब के होशियारपुर से बरामद हुई। पीड़िता ने अपने परिजनों को दुष्कर्म की सूचना दी। जिसके बाद पुलिस ने भोरंज थाना में भादंसं की धारा 376 डी और 120 बी में मुकदमा दर्ज किया। इसके बाद पुलिस ने जिला न्यायालय हमीरपुर में चालान पेश किया। मंगलवार को जिला न्यायालय ने आरोपी मुश्ताक मोहम्मद उर्फ अब्बू निवासी कोहला सगवाल डाकघर और तहसील ज्वालामुखी जिला कांगड़ा, सोम नाथ उर्फ सोनू निवासी गांव लसींगणी तहसील और जिला ऊना, राजेंद्र शर्मा निवासी गांव कोटला खुर्द तहसील और जिला ऊना, रणजीत सिंह निवासी चौहल तहसील व जिला होशियारपुर पंजाब और उत्तम चंद निवासी अनसोली डाकघर मटौर तहसील और जिला कांगड़ा को दोषी पाया। न्यायालय ने पांचों दोषियों को 20-20 साल कारावास की सजा और प्रत्येक को 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जबकि, एक आरोपी को सबूतों के अभाव और आरोपी साबित न होने पर बरी कर दिया गया। उधर, पुलिस अधीक्षक हमीरपुर अर्जित सेन ठाकुर ने जिला न्यायालय से पांच दोषियों को 20-20 साल के कारावास और जुर्माना की सजा सुनाए जाने की पुष्टि की है।
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