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Guest Teacher Policy: शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर बोले- गेस्ट टीचर रखना अस्थायी व्यवस्था, इस वजह से लिया फैसला
Tue, 17 Dec 2024 01:00 AM IST
अंकेश डोगरा
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
Published by: अंकेश डोगरा
Updated Tue, 17 Dec 2024 01:00 AM IST
सार
शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने कहा कि सीधी भर्ती से शिक्षकों के रिक्त पदों को भरना कांग्रेस सरकार की पहली प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि गेस्ट टीचर रखना एक अस्थायी व्यवस्था है। पढ़ें पूरी खबर...
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शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने कहा कि गेस्ट टीचर रखना एक अस्थायी व्यवस्था है। शिक्षण संस्थानों में निरंतर पढ़ाई जारी रखने को यह फैसला लिया गया है। उन्होंने कहा कि सीधी भर्ती से शिक्षकों के रिक्त पदों को भरना कांग्रेस सरकार की पहली प्राथमिकता है। पूर्व सरकार की नीतियों पर शिक्षा मंत्री ने सवाल उठाते हुए बेवजह इस मामले को तूल नहीं देने का आग्रह किया है।
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सोमवार को राज्य सचिवालय में मीडिया से बातचीत में शिक्षा मंत्री ने कहा कि गेस्ट टीचर भर्ती के लिए पहले एसओपी बनेगी। गेस्ट टीचरों का पैनल बनाकर उन्हें पढ़ाने के लिए बुलाया जाएगा। राज्य सरकार कम विद्यार्थियों की संख्या वाले स्कूल और कॉलेजों को मर्ज करने पर भी विचार कर रही है। शिक्षण संस्थानों में आवश्यकता से अधिक शिक्षकों का युक्तिकरण करने का फैसला लिया है। इसके तहत जिन स्कूलों में आवश्यकता से ज्यादा शिक्षक नियुक्त हैं, उन्हें अन्य स्कूलों में भेजा जाएगा। जिन संस्थानों में शिक्षकों के पद रिक्त रहेंगे, वहीं पर गेस्ट टीचर लगाए जाएंगे। यदि कोई शिक्षक अवकाश पर जाता है तो भी गेस्ट टीचर पर रखे जाएंगे। इन शिक्षकों को पीरियड आधार पर पैसा दिया जाएगा।
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उन्होंने कहा कि इस योजना का मकसद है कि स्कूलों में बच्चों की पढ़ाई में एक दिन भी बाधा न आए। राज्य सरकार शिक्षा में गुणात्मक सुधार के लिए प्रयासरत है। पूर्व सरकार के समय स्कूलों में शिक्षा व्यवस्था का बुरा हाल था। शिक्षा मंत्री ने बताया कि राज्य मंत्रिमंडल ने शिक्षा विभाग में छह हजार पदों को भरने की मंजूरी दी थी। करीब 3200 पदों को भरा जा चुका है। 2800 पदों को राज्य चयन आयोग हमीरपुर के माध्यम से भरा जाएगा। इसके लिए प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। जल्द ही आयोग को इसका प्रस्ताव तैयार करके भेजा जाएगा।
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शिक्षा मंत्री ने कहा कि राज्य लोक सेवा आयोग के माध्यम से प्रवक्ताओं के पदों को भरने के लिए परीक्षा आयोजित की गई थी। इसका परिणाम घोषित किया जा चुका है। उच्च शिक्षा विभाग में 1500 पदों को पदाेन्नति, सीधी भर्ती व बैच वाइज आधार पर भरा है। अभी आयोग ने 5 विषयों का परिणाम घोषित किया है। विभाग को निर्देश जारी कर दिए हैं कि जल्द ही नियुक्तियां दे दी जाए। कालेजों में भी खाली पदों को भरा जा रहा है।