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Chamba News: एक साल में ही उखड़ गई सड़क पर आठ करोड़ से बिछाई तारकोल
Thu, 02 Nov 2023 10:54 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Thu, 02 Nov 2023 10:54 PM IST
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चंबा के सीयूल नाला-ढल्ला-लाहरा मार्ग से उखड़ी तारकोल।संवाद
सलूणी (चंबा)। सियूल नाला-ढल्ला-लाहरा सड़क पर बिछाई गई तारकोल एक वर्ष में उखड़ गई है। तारकोल उखड़ने के कारण सड़क पर गड्ढे बन गए हैं।
इससे राहगीरों, सवारियों और लोगों को हिचकोले ही खाने पड़ रहे हैं। हैरत की बात है कि आठ करोड़ रुपये खर्च कर विभाग ने मार्ग पर तारकोल बिछाई थी, लेकिन गुणवत्ताहीन कार्य अब लोगों की परेशानी का सबब बना हुआ है। मामला विभागीय अधिकारियों के ध्यान में आने पर अब वे ठेकेदार से पुन: सड़क पर तारकोल बिछवाने की बात कह रहे हैं।
उपमंडल सलूणी के तहत आते परिक्षेत्र की सड़कों पर तारकोल बिछाने के कार्य में लारपरवाही बरतने का मामला सामने आया है। सियूल नाला-ढल्ला-लाहरा सड़क पर बिछाई गई तारकोल एक वर्ष में ही पूरी तरह से उखड़ गई है। बारिश होने पर सड़क में बने गड्ढों में पानी भर जाता है। इससे वाहन चालकों को पता लगाना मुश्किल हो जाता है कि सड़क पर गड्ढे हैं या गड्ढों में सड़क बनी है।
ग्रामीणों में चतर सिंह, महेंद्र कुमार, संदीप कुमार और सुरेश कुमार ने कहा कि उक्त मार्ग से रोजाना सैकड़ों छोटे-बड़े वाहनों की आवाजाही रहती है। ग्रामीण पैदल भी इस मार्ग से गुजरते हैं, लेकिन वर्तमान में सड़क की दशा देखकर लग रहा है कि जैसे सड़क पर तारकोल एक वर्ष पूर्व नहीं बल्कि पांच-छह वर्ष पूर्व बिछाई गई हो। खस्ताहाल सड़क से गुजरना वाहन चालकों के लिए परेशानी बना हुआ है। लोगों ने लोनिवि से मांग उठाई है कि इस सड़क पर दोबारा तारकोल बिछाई जाए।
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लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता हिमांशु वर्मा ने बताया कि मामला ध्यान में लाया गया है। तारकोल डालने वाले संबंधित ठेकेदार से पुन: मार्ग पर तारकोल बिछवाई जाएगी।
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इससे राहगीरों, सवारियों और लोगों को हिचकोले ही खाने पड़ रहे हैं। हैरत की बात है कि आठ करोड़ रुपये खर्च कर विभाग ने मार्ग पर तारकोल बिछाई थी, लेकिन गुणवत्ताहीन कार्य अब लोगों की परेशानी का सबब बना हुआ है। मामला विभागीय अधिकारियों के ध्यान में आने पर अब वे ठेकेदार से पुन: सड़क पर तारकोल बिछवाने की बात कह रहे हैं।
उपमंडल सलूणी के तहत आते परिक्षेत्र की सड़कों पर तारकोल बिछाने के कार्य में लारपरवाही बरतने का मामला सामने आया है। सियूल नाला-ढल्ला-लाहरा सड़क पर बिछाई गई तारकोल एक वर्ष में ही पूरी तरह से उखड़ गई है। बारिश होने पर सड़क में बने गड्ढों में पानी भर जाता है। इससे वाहन चालकों को पता लगाना मुश्किल हो जाता है कि सड़क पर गड्ढे हैं या गड्ढों में सड़क बनी है।
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ग्रामीणों में चतर सिंह, महेंद्र कुमार, संदीप कुमार और सुरेश कुमार ने कहा कि उक्त मार्ग से रोजाना सैकड़ों छोटे-बड़े वाहनों की आवाजाही रहती है। ग्रामीण पैदल भी इस मार्ग से गुजरते हैं, लेकिन वर्तमान में सड़क की दशा देखकर लग रहा है कि जैसे सड़क पर तारकोल एक वर्ष पूर्व नहीं बल्कि पांच-छह वर्ष पूर्व बिछाई गई हो। खस्ताहाल सड़क से गुजरना वाहन चालकों के लिए परेशानी बना हुआ है। लोगों ने लोनिवि से मांग उठाई है कि इस सड़क पर दोबारा तारकोल बिछाई जाए।
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लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता हिमांशु वर्मा ने बताया कि मामला ध्यान में लाया गया है। तारकोल डालने वाले संबंधित ठेकेदार से पुन: मार्ग पर तारकोल बिछवाई जाएगी।