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शिक्षक न होने पर लग्गा विद्यालय में जड़ा ताला
ब्यूरो, अमर उजाला, चंबा।
Updated Tue, 07 Mar 2017 09:56 PM IST
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- फोटो : school lock
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राजकीय माध्यमिक विद्यालय लग्गा में कोई भी शिक्षक न होने के चलते एसएमसी ने स्कूल में ताला जड़ दिया। एसएमसी ने निर्णय लिया है कि जब तक स्कूल में शिक्षकों की स्थायी तैनाती नहीं हो जाती तब तक ताला नहीं खोला जाएगा।
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समिति ने प्रदेश सरकार पर भी रोष जताया। कहा कि बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। स्कूल में डेपूटेशन पर ही शिक्षक भेजे जा रहे हैं। तीन चार दिन से उक्त शिक्षक भी नहीं आ रहे हैं।
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एसएमसी अध्यक्ष राम सिंह ने कहा कि लग्गा शीतकालीन सत्र का स्कूल है। फरवरी से स्कूल शुरू हो गए हैं। बच्चे स्कूल पहुंचते हैं और मिड डे मील खाकर लौट आते हैं। स्कूल में करीब 60 बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं।
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दस अभिभावकों ने टीचर न होने के कारण स्कूल से बच्चों को निकाल लिया है। और अभिभावक भी बच्चे निकालने को तैयार हैं। उन्होंने कहा कि अगर सरकार, शिक्षा विभाग अध्यापकों की व्यवस्था नहीं कर पा रहा है तो जगह-जगह स्कूल नहीं खोलने चाहिए। बेहतर होता शिक्षकों का प्रबंध किया जाता और बाद में स्कूलों को अपग्रेड किया जाता। लग्गा प्राथमिक स्कूल भी पांच साल पूर्व स्तरोन्नत होकर मिडल स्कूल बना था।
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निदेशालय को लिखेंगे पत्र : उपनिदेशक
शिक्षा उपनिदेशक बलजीत सिंह ने बताया कि शिक्षा निदेशालय को लग्गा में स्थायी शिक्षक देने के लिए पत्र भेजा जाएगा। जब तक यह व्यवस्था नहीं हो जाती तब तक साहो या नजदीक के किसी दूसरे स्कूल से डेपूटेशन के आधार पर शिक्षक भेजे जाएंगे। उन्होंने कहा कि एसएमसी से भी इस बारे में बातचीत की जाएगी।
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स्थायी शिक्षक मिलने तक बंद रहेगा स्कूल
राजकुमार, जग्गो, नेक सिंह, चरन सिंह, आसो, मान सिंह, ठाकर सिंह, पवन, निक्को, चंपा, पूजा, मधु, कर्म सिंह, कमलो, रूको, राज कुमार और चरनो ने बताया कि जब तक स्थायी शिक्षक की तैनाती नहीं होगी वे अपने बच्चे स्कूल नहीं भेजेंगे। ताला भी नहीं खोलेंगे। शिक्षा विभाग को बच्चों का भविष्य खराब करने का अधिकार नहीं है।
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