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कर्मचारी संघ ने विस उपाध्यक्ष को सौंपा ज्ञापन
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अपनी मांगों को लेकर विधानसभा उपाध्यक्ष हंस राज को ज्ञापन देते एनपीएस चंबा के पदाधिकारी।
- फोटो : Chamba
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चंबा। न्यू पेंशन स्कीम कर्मचारी संघ ने मांगों को लेकर विस उपाध्यक्ष हंसराज को ज्ञापन सौंपा। संघ के जिला अध्यक्ष सुनील जरयाल ने विस उपाध्यक्ष से मांग करते हुए कहा कि वह उनकी मांगों को मुख्यमंत्री के समक्ष प्रमुखता से उठाएं। विस उपाध्यक्ष का प्रदेश सरकार में एक अहम पद है। इसलिए आपकी ओर से संघ की मांगें उठाए जाने पर सरकार में अवश्य सुनवाई होगी। कहा कि उनकी मुख्य मांग पुरानी पेंशन सेवा को बहाल करना ही है।
कहा कि जिले में 17000 कर्मचारी न्यू पेंशन स्कीम के तहत सेवाएं दे रहे हैं। न्यू पेंशन स्कीम कर्मचारियों को हर बार केवल आश्वासन ही मिले हैं। इसलिए संघ ने विस उपाध्यक्ष से गुहार लगाई कि वह उनकी मांग को सरकार के समक्ष प्रमुखता से उठाएं।
कहा कि एनपीएस कर्मचारी शिमला में भी प्रदर्शन कर चुके हैं लेकिन, हर बार आश्वासन देकर उन्हें टाल दिया जाता है। कोविड के दौर में ये कर्मचारी निरंतर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। कोरोना महामारी में कई कर्मचारी अपनी जान तक गंवा चुके हैं। काल का ग्रास बनने वाले कर्मचारियों के परिवार सड़क पर आ गए हैं। इसके कई उदाहरण चुराह विधानसभा क्षेत्र में भी देखने को मिले हैं।
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इसलिए एनपीएस कर्मचारियों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए पुरानी पेंशन की बहाली जरूरी है। कहा कि कोरोना काल में सरकार की आर्थिक सहायता के लिए एनपीएस कर्मचारी अपने वेतन से तीन दिन का वेतन सरकार को दे चुके हैं।
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कहा कि जिले में 17000 कर्मचारी न्यू पेंशन स्कीम के तहत सेवाएं दे रहे हैं। न्यू पेंशन स्कीम कर्मचारियों को हर बार केवल आश्वासन ही मिले हैं। इसलिए संघ ने विस उपाध्यक्ष से गुहार लगाई कि वह उनकी मांग को सरकार के समक्ष प्रमुखता से उठाएं।
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कहा कि एनपीएस कर्मचारी शिमला में भी प्रदर्शन कर चुके हैं लेकिन, हर बार आश्वासन देकर उन्हें टाल दिया जाता है। कोविड के दौर में ये कर्मचारी निरंतर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। कोरोना महामारी में कई कर्मचारी अपनी जान तक गंवा चुके हैं। काल का ग्रास बनने वाले कर्मचारियों के परिवार सड़क पर आ गए हैं। इसके कई उदाहरण चुराह विधानसभा क्षेत्र में भी देखने को मिले हैं।
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इसलिए एनपीएस कर्मचारियों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए पुरानी पेंशन की बहाली जरूरी है। कहा कि कोरोना काल में सरकार की आर्थिक सहायता के लिए एनपीएस कर्मचारी अपने वेतन से तीन दिन का वेतन सरकार को दे चुके हैं।