फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Chamba News ›   Local artists at Minjar fair

मिंजर मेला: स्थानीय कलाकारों को मिला मंच, कारोबार रहा पूरी तरह ठप्प

Sun, 01 Aug 2021 11:15 PM IST
Shimla	 Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Sun, 01 Aug 2021 11:15 PM IST
विज्ञापन
Local artists at Minjar fair
ऐतिहासिक मिंजर मेले के समापन सामारोह की शोभायत्रा के दौरान भगवान की पालकी उठाये काहर व साथ मे चलत - फोटो : Chamba
चंबा। कोरोना महामारी के चलते लगातार दूसरी बार प्रभावित हुए मिंजर मेले में इस बार सांस्कृतिक संध्याओं का आयोजन करने में जिला प्रशासन सफल रहा।
विज्ञापन

हालांकि, स्टार कलाकारों के बिना ही मिंजर मेले की सांस्कृतिक संध्याएं हुई, लेकिन लोकल कलाकारों ने बिना किसी मेहनताने के मिंजर मेले के मंच पर गीत गाए और एक नई मिसाल पेश की। वहीं, दूसरी ओर करोड़ों का कारोबार करने वाला मिंजर मेला इस बार भी पिछले वर्ष की अपेक्षा शून्य रहा।
चौगान नंबर एक को जहां लोगों की आवाजाही के लिए बंद रखा गया तो वहीं, किसी प्रकार की कोई विशेष मार्केट भी मिंजर मेले में इस बार भी नहीं लग पाई। बहरहाल, कोरोना महामारी के चलते करोड़ों का कारोबार करने वाला मिंजर मेला शून्य में ही सिमट गया।
विज्ञापन

इस बार मिंजर मेले की शोभायात्रा में जहां एक सौ लोगों को भाग लेने की अनुमति रही, वहीं दूसरी तरफ गत वर्ष सिर्फ रस्में निभाने वाले लोग ही शोभायात्रा में शामिल हो सके थे। मिंजर मेले में पिछले वर्ष कोई भी सांस्कृतिक संध्या नहीं हो पाई थी, लेकिन इस बार प्रशासन आठ सांस्कृतिक संध्याओं का आयोजन करने में सफल रहा। हालांकि, इसमें कोई बड़ा कलाकार शामिल तो नहीं है, लेकिन स्थानीय कलाकारों को प्रशासन ने अपनी तरफ पूरा मौका दिया, ताकि वे अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें। गौरतलब है कि मिंजर मेले में कोरोना से पूर्व सांस्कृतिक संध्याओं में नामी कलाकार अपनी आवाज का जादू बिखेरते थे। साथ ही देश के विभिन्न राज्यों से बड़े-बड़े कारोबारी कारोबार के लिए पहुंचते थे। मनोरंजन के साधन भी मेले का प्रमुख आकर्षण रहते थे, लेकिन दो सालों से न तो कारोबार हो पाया है, और न ही मनोरंजन के साधनों की व्यवस्था हो पाई है। कोरोना महामारी ने इस ऐतिहासिक मेले का स्वरूप पूरी तरह बदल दिया है। उम्मीद है कि आगामी वर्ष तक कोरोना का खात्मा होगा और मिंजर मेला अपने पुराने स्वरूप में आयोजित होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोरोना के चलते सीमित रहा आयोजन
उपायुक्त चंबा डीसी राणा का कहना है कि प्रशासन ने कोरोना महामारी के बीच मिंजर मेले का आयोजन किया है। कहा कि सांस्कृतिक संध्याओं के माध्यम से स्थानीय कलाकारों को मौका दिया गया। कहा कि कोरोना की तीसरी लहर अभी संभावित है। इसलिए मेले में ज्यादा संसाधन नहीं जुटाए गए।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed