{"_id":"6a4a98ef5d1c3e87af0ff68a","slug":"jyoti-from-chamba-showcased-her-artistic-flair-for-painting-in-bhopal-chamba-news-c-88-1-cmb1002-188913-2026-07-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chamba News: चंबा की ज्योति ने भोपाल में बिखेरे पेंटिंग की कला के रंग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chamba News: चंबा की ज्योति ने भोपाल में बिखेरे पेंटिंग की कला के रंग
Sun, 05 Jul 2026 11:18 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Sun, 05 Jul 2026 11:18 PM IST
विज्ञापन
किसान की बेटी ने मनवाया लोहा, अपने नाम कर चुकी हैं कई उपलब्धियां
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। भोपाल में आयोजित अंतरराष्ट्रीय कला प्रतियोगिता में चंबा की ज्योति नाथ ने अपना लोहा मनवाया है। किसान परिवार से संबंध रखने वाली ज्योति ने अपनी पेंटिंग के माध्यम से चंबा की समृद्ध लोक संस्कृति, परंपराओं और प्राकृतिक सौंदर्य को बेहद जीवंत रूप में प्रस्तुत कर सभी का ध्यान आकर्षित किया।
देश-विदेश और विभिन्न राज्यों से आए कलाकारों के बीच ज्योति की प्रस्तुति खास आकर्षण का केंद्र रही। उनकी कलाकृति में हिमाचल की पारंपरिक जीवनशैली, लोक रंगों और पहाड़ी संस्कृति की सजीव झलक दिखाई दी। इसे दर्शकों ने खूब सराहा। प्रतियोगिता में उन्होंने अपनी अलग पहचान बनाते हुए एक बार फिर साबित किया कि प्रतिभा संसाधनों की मोहताज नहीं होती।
यह पहली बार नहीं है जब ज्योति ने अपनी कला से नाम कमाया है। इससे पहले भी वे कई मंचों पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर चुकी हैं और कई उपलब्धियां अपने नाम कर चुकी हैं। भोपाल में मिली इस सफलता ने उनके आत्मविश्वास को और मजबूत किया है।
विज्ञापन
ज्योति ने बताया कि उनका उद्देश्य हमेशा अपनी कला के माध्यम से हिमाचल की संस्कृति और ग्रामीण जीवन को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाना रहा है।
--
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। भोपाल में आयोजित अंतरराष्ट्रीय कला प्रतियोगिता में चंबा की ज्योति नाथ ने अपना लोहा मनवाया है। किसान परिवार से संबंध रखने वाली ज्योति ने अपनी पेंटिंग के माध्यम से चंबा की समृद्ध लोक संस्कृति, परंपराओं और प्राकृतिक सौंदर्य को बेहद जीवंत रूप में प्रस्तुत कर सभी का ध्यान आकर्षित किया।
देश-विदेश और विभिन्न राज्यों से आए कलाकारों के बीच ज्योति की प्रस्तुति खास आकर्षण का केंद्र रही। उनकी कलाकृति में हिमाचल की पारंपरिक जीवनशैली, लोक रंगों और पहाड़ी संस्कृति की सजीव झलक दिखाई दी। इसे दर्शकों ने खूब सराहा। प्रतियोगिता में उन्होंने अपनी अलग पहचान बनाते हुए एक बार फिर साबित किया कि प्रतिभा संसाधनों की मोहताज नहीं होती।
विज्ञापन
यह पहली बार नहीं है जब ज्योति ने अपनी कला से नाम कमाया है। इससे पहले भी वे कई मंचों पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर चुकी हैं और कई उपलब्धियां अपने नाम कर चुकी हैं। भोपाल में मिली इस सफलता ने उनके आत्मविश्वास को और मजबूत किया है।
विज्ञापन
ज्योति ने बताया कि उनका उद्देश्य हमेशा अपनी कला के माध्यम से हिमाचल की संस्कृति और ग्रामीण जीवन को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाना रहा है।