{"_id":"68ebe4ba7979ead72e025afb","slug":"debris-being-disposed-of-on-the-banks-of-the-ravi-river-chamba-news-c-88-1-ssml1006-163526-2025-10-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chamba News: रावी नदी के किनारे ठिकाने लगाया जा रहा मलबा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chamba News: रावी नदी के किनारे ठिकाने लगाया जा रहा मलबा
Sun, 12 Oct 2025 10:56 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Sun, 12 Oct 2025 10:56 PM IST
विज्ञापन
चंबा में परेल के पास रावी नदी में मलबा फैंकता ट्रक।संवाद
चंबा। पठानकोट-चंबा नेशनल हाईवे पर परेल के पास रावी नदी का तट अवैध डंपिंग का ठिकाना बन चुका है। सड़क बहाली सहित अन्य निर्माण कार्याें से निकलने वाले मलबे को ट्रकों में भरकर यहां ठिकाने लगाया जा रहा है। हैरानी इस बात की है कि न तो प्रशासन इसमें कोई कार्रवाई कर रहा है और न ही अन्य सरकारी विभाग इसे रोकने के लिए गंभीरता दिखा रहे हैं।
इसकी वजह से नदी के तट में मलबे के ढेर निरंतर बढ़ते जा रहे हैं। बरसात के मौसम में रावी नदी में आई बाढ़ में इसी मलबे से कई बस्तियों में तबाही देखने को मिली। लोगों के घर बह गए थे। मलबा जब पानी के साथ मिलता है तो निचले इलाकों में नुकसान होने की संभावना काफी बढ़ जाती है।
परेल के साथ करियां में भी रावी नदी में अवैध रूप से मलबे को ठिकाने लगाया जा रहा है। हालांकि एनजीटी और प्रशासन की तरफ से सख्त हिदायत दी गई है कि कोई भी नदी के तट पर मलबा नहीं फेंकेगा, लेकिन इसके बावजूद लोग नहीं मान रहे हैं। समय रहते इस कारगुजारी को बंद नहीं किया तो इसके बुरे परिणाम भविष्य में देखने को मिल सकते हैं। उधर, पीसीबी के सहायक अभियंता राहुल शर्मा ने बताया कि नदी में मलबा फेंकने वालों के खिलाफ शीघ्र कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
इसकी वजह से नदी के तट में मलबे के ढेर निरंतर बढ़ते जा रहे हैं। बरसात के मौसम में रावी नदी में आई बाढ़ में इसी मलबे से कई बस्तियों में तबाही देखने को मिली। लोगों के घर बह गए थे। मलबा जब पानी के साथ मिलता है तो निचले इलाकों में नुकसान होने की संभावना काफी बढ़ जाती है।
विज्ञापन
परेल के साथ करियां में भी रावी नदी में अवैध रूप से मलबे को ठिकाने लगाया जा रहा है। हालांकि एनजीटी और प्रशासन की तरफ से सख्त हिदायत दी गई है कि कोई भी नदी के तट पर मलबा नहीं फेंकेगा, लेकिन इसके बावजूद लोग नहीं मान रहे हैं। समय रहते इस कारगुजारी को बंद नहीं किया तो इसके बुरे परिणाम भविष्य में देखने को मिल सकते हैं। उधर, पीसीबी के सहायक अभियंता राहुल शर्मा ने बताया कि नदी में मलबा फेंकने वालों के खिलाफ शीघ्र कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन