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Chamba News: खांसी और बुखार ने जकड़े नौनिहाल
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चंबा मेडिकल कॉलेज की दूसरी मंजिल के शिशु रोग वार्ड़ में उपचाराधीन बच्चे।संवाद
- फोटो : Chamba
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चंबा। सर्दी का मौसम शुरू होते ही मेडिकल कॉलेज में जुकाम और बुखार से पीड़ित बच्चों की संख्या बढ़ने लगी है। रोजाना अभिभावक अपने बच्चों का इलाज करवाने के लिए अस्पताल पहुंच रहे हैं। इन बच्चों में अधिकतर सर्दी, जुकाम और बुखार से पीड़ित बच्चे ही सामने आ रहे हैं।
बच्चों के वार्ड में भी ऐसे बीमार नौनिहालों की संख्या बढ़ने लगी है। रोजाना से 10 से 20 बच्चे सर्दी, जुकाम और बुखार से पीड़ित अस्पताल पहुंच रहे हैं जिन्हें बाल रोग विशेषज्ञ इलाज के साथ जरूरी परामर्श दे रहे हैं। जिन बच्चों की हालत ज्यादा खराब है उन्हें अस्पताल में भर्ती किया जा रहा है। सर्दियों में बच्चे अकसर ठंडा पानी पीते रहते हैं। इसके अलावा खेलते समय भी जरूरी सावधानी नहीं बरतते। इसकी वजह से बच्चे ठंड की चपेट में आने से बीमार हो जाते हैं। गर्मियों में बच्चों में इस प्रकार की समस्या देखने को नहीं मिलती लेकिन सर्दियों के मौसम में बच्चों के बीमार होने की संभावनाएं बढ़ जाती हैं।
मेडिकल कॉलेज प्रबंधन की ओर से सर्दी और जुुकाम से पीड़ित बच्चों के इलाज को लेकर अपने पूर्ण इंतजाम कर लिए हैं। वार्ड में नेबुलाइजर सहित हीटर की व्यवस्था की गई है जिससे बच्चों को भाप लेने में किसी प्रकार की समस्या न रहे। इसके अलावा वार्ड स्टाफ को भी बच्चों की देखभाल करने के आदेश दिए गए हैं।
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बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. विशाल महाजन ने बताया कि सर्दी के मौसम में जुकाम और बुखार से पीड़ित बच्चों की संख्या में इजाफा हुआ है। उन्होंने अभिभावकों को सलाह दी है कि वे अपने बच्चों को सर्दियों में पानी उबाल कर पिलाएं। साथ ही छोटे बच्चों को गर्म कपड़े पहनाकर रखें। ऐसा करने से बच्चों को जुकाम की बीमारी से बचाया जा सकता है।
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बच्चों के वार्ड में भी ऐसे बीमार नौनिहालों की संख्या बढ़ने लगी है। रोजाना से 10 से 20 बच्चे सर्दी, जुकाम और बुखार से पीड़ित अस्पताल पहुंच रहे हैं जिन्हें बाल रोग विशेषज्ञ इलाज के साथ जरूरी परामर्श दे रहे हैं। जिन बच्चों की हालत ज्यादा खराब है उन्हें अस्पताल में भर्ती किया जा रहा है। सर्दियों में बच्चे अकसर ठंडा पानी पीते रहते हैं। इसके अलावा खेलते समय भी जरूरी सावधानी नहीं बरतते। इसकी वजह से बच्चे ठंड की चपेट में आने से बीमार हो जाते हैं। गर्मियों में बच्चों में इस प्रकार की समस्या देखने को नहीं मिलती लेकिन सर्दियों के मौसम में बच्चों के बीमार होने की संभावनाएं बढ़ जाती हैं।
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मेडिकल कॉलेज प्रबंधन की ओर से सर्दी और जुुकाम से पीड़ित बच्चों के इलाज को लेकर अपने पूर्ण इंतजाम कर लिए हैं। वार्ड में नेबुलाइजर सहित हीटर की व्यवस्था की गई है जिससे बच्चों को भाप लेने में किसी प्रकार की समस्या न रहे। इसके अलावा वार्ड स्टाफ को भी बच्चों की देखभाल करने के आदेश दिए गए हैं।
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बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. विशाल महाजन ने बताया कि सर्दी के मौसम में जुकाम और बुखार से पीड़ित बच्चों की संख्या में इजाफा हुआ है। उन्होंने अभिभावकों को सलाह दी है कि वे अपने बच्चों को सर्दियों में पानी उबाल कर पिलाएं। साथ ही छोटे बच्चों को गर्म कपड़े पहनाकर रखें। ऐसा करने से बच्चों को जुकाम की बीमारी से बचाया जा सकता है।